शरीर को स्वस्थ रखने के लिए खानपान में सुधार बहुत जरूरी है। नियमित रूप से मौसमी फलों को आहार का हिस्सा बनाएं। फलों में अमरूद अपने स्वाद के साथ स्वास्थ्य लाभ के लिए भी लोगों की पसंद रहा है। पर क्या आप जानते हैं कि जितना फायदेमंद ये फल है उतना ही इसकी पत्तियों को भी लाभकारी पाया गया है। अमरूद की पत्तियों का वर्षों से कई प्रकार के घरेलू उपचार के तौर पर इस्तेमाल किया जाता रहा है।
Health Tips: फल खाएं या चबाएं इसकी पत्तियां, कोलेस्ट्रॉल और अल्सर दोनों में मिलेगा आराम
- अमरूद की पत्तियों में विटामिन-सी, क्वेरसेटिन और फ्लेवोनोइड्स जैसे अति प्रभावी तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को स्वस्थ रखने में विशेष भूमिका निभा सकते हैं।
मुंह का अल्सर होता है ठीक
अमरूद की पत्तियों में फ्लेवोनॉयड्स होते हैं जिसे महत्वपूर्ण एंटीऑक्सीडेंट प्रभाव के लिए जाना जाता है। मुंह के छालों के इलाज के लिए अमरूद के पत्तों को चबाना या फिर इसे पानी में उबालकर उससे कुल्ला करने से लाभ मिल सकता है। छालों के दर्द और घाव को कम करने में इन पत्तों को काफी लाभप्रद पाया गया है। घरेलू उपचार के तौर पर इसका वर्षों से इस्तेमाल किया जाता रहा है।
कोलेस्ट्रॉल के लिए भी फायदेमंद
कोलेस्ट्रॉल की समस्या को कम करने में भी अमरूद की पत्तियों को लाभकारी पाया गया है। अध्ययनकर्ताओं ने पाया कि अमरूद की पत्ती वाली चाय पीने से आठ सप्ताह के बाद प्रतिभागियों के कोलेस्ट्रॉल का स्तर कम हो गया। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, बैड कोलेस्ट्रॉल की समस्या हृदय रोगों के जोखिमों को बढ़ाने वाली होती है।
अमरूद की पत्तियों को इस तरह की जोखिम से बचाने में काफी कारगर पाया गया है।
बालों के स्वास्थ्य में होता है सुधार
बालों के लिए भी अमरूद के पत्तों को फायदेमंद पाया गया है, यह बालों के झड़ने और इसकी कमजोरी को दूर करने में आपके लिए बहुत फायदेमंद है। बाल झड़ने की समस्या में अमरूद की पत्तियों को उबालकर सिर पर मालिश करने से लाभ मिलता है। अमरूद एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होता है जो बालों की जड़ों को मजबूती देने में काफी लाभकारी हो सकती है।
पाचन के लिए लाभकारी
अमरूद का पत्तियों के इस्तेमाल से पाचन स्वास्थ्य में बेहतर सुधार किया जा सकता है। शोधकर्ताओं ने पाया कि डायरिया की समस्या में अमरूद से विशेष लाभ हैं। अमरूद के पत्तों के अर्क में पाया जाने वाला स्टैफिलोकोकस ऑरियस बैक्टीरिया के विकास को रोकता है, जो दस्त के लिए जिम्मेदार है। दस्त को रोकने के साथ पेट दर्द, कब्ज, सूजन जैसी दिक्कतों से लाभ पाने के लिए भी इसकी पत्तियों के अर्क या चाय का सेवन किया जा सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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