अमेरिका में 6.5 करोड़ से ज्यादा लोग यौन रोगों से ग्रसित हैं। साल दर साल 1.9 करोड़ से ज्यादा नए मरीज यौन रोगों (सेक्शुअल ट्रांसमिटेड डिजीज़) से ग्रसित हो रहे हैं। भारत में यौन जनित संक्रमण से हर साल 3 करोड़ से लेकर 3.5 करोड़ लोग ग्रसित होते हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन का कहना है कि हर साल दुनियाभर में सेक्शुअल ट्रांसफिटेड इंफेक्शन (एसटीआई) से 10 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित होते हैं।
भारत में हर साल करोड़ों लोग हो रहे सेक्स से होने वाली इस बीमारी के शिकार, जानें लक्षण
पुरुषों में यौन रोगों के लक्षण
पुरुषों में यौन रोगों के लक्षण आम तौर पर पेशाब में संक्रमण। पेशाब के दौरान दर्द होने, लिंग में सूजन, दाने और खुजली के रूप में हो सकते हैं। इसके अलावा अंडकोष में घाव और चकते होना भी एसटीडी के लक्षणों में शामिल हैं। अंडकोष में सूजन भी यौन रोगों के ही लक्षण हैं। इसके अलावा भी यौन रोगों के कई लक्षण हो सकते हैं। असुरक्षित यौन संबंधों की वजह से ही एड्स जैसी जानलेवा बीमारी भी होती है।
कई बार यौन सबंधी रोगों के लक्षण कई हफ्ते बाद भी सामने आते हैं। एसटीडी की बीमारी को हम आम तौर पर दो बैक्टीरिया गानरीअ और क्लैमाइडिया के रूप में ही जानते हैं लेकिन सेक्शुअल कॉन्टेक्ट में आने की वजह से कई और तरह की बीमारियां भी हो सकती हैं। इनमें हेपेटाइटिस और एड्स भी शामिल है।
महिलाओं में यौन बीमारियों के लक्षण दर्द और शारीरिक संबंध बनाने के दौरान असहजता, पेशाब में दर्द, जलन और सूजन के तौर पर दिखाई देते हैं। योनी के आसपास घाव, चकते और दाने भी यौन संक्रमित बीमारियों के लक्षण होते हैं। इसमें योनी के आसपास खुजली भी प्रमुख लक्षण है।