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Burnout Syndrome: हर समय रहती है थकान और काम में नहीं लगता मन? कहीं आप Burnout के शिकार तो नहीं
Thu, 30 Jul 2026 02:56 PM IST
Shruti Gaur
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Shruti Gaur
Updated Thu, 30 Jul 2026 02:56 PM IST
सार
What is Burnout: आज के समय में ज्यादातर लोग बर्न आउट की समस्या से परेशान रहते हैं। इससे बचाव के तरीके क्या हैं, आज हम इसी बारे में आपसे बात करेंगे।
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Burnout क्या है? जानें इससे बचाव के तरीके
- फोटो : AI
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What is Burnout: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में काम का बढ़ता दबाव, लगातार तनाव, जिम्मेदारियों का बोझ और खुद के लिए समय न निकाल पाना लोगों की मानसिक और शारीरिक सेहत पर असर डाल रहा है। इसी वजह से कई लोग 'बर्नआउट' का शिकार हो रहे हैं। इसका असर काम करने की क्षमता, रिश्तों और रोजमर्रा की जिंदगी पर भी पड़ सकता है।
Burnout क्या है? जानें इससे बचाव के तरीके
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सबसे पहले जान लें कि बर्नआउट क्या है?
बर्नआउट लंबे समय तक तनाव, अत्यधिक काम के दबाव और लगातार मानसिक थकान के कारण होने वाली स्थिति है। इसमें व्यक्ति खुद को ऊर्जा से खाली, प्रेरणा की कमी और काम से पूरी तरह उबाऊ महसूस करने लगता है। यह समस्या सिर्फ नौकरी करने वालों में ही नहीं, बल्कि छात्रों, गृहिणियों, देखभाल करने वालों और बिजनेस करने वाले लोगों में भी देखी जा सकती है।
बर्नआउट लंबे समय तक तनाव, अत्यधिक काम के दबाव और लगातार मानसिक थकान के कारण होने वाली स्थिति है। इसमें व्यक्ति खुद को ऊर्जा से खाली, प्रेरणा की कमी और काम से पूरी तरह उबाऊ महसूस करने लगता है। यह समस्या सिर्फ नौकरी करने वालों में ही नहीं, बल्कि छात्रों, गृहिणियों, देखभाल करने वालों और बिजनेस करने वाले लोगों में भी देखी जा सकती है।
Burnout क्या है? जानें इससे बचाव के तरीके
- फोटो : AI
बर्नआउट के प्रमुख लक्षण
- पर्याप्त नींद लेने के बाद भी शरीर और दिमाग थका हुआ महसूस हो सकता है। व्यक्ति में ऊर्जा की कमी बनी रहती है।
- पहले जो काम आसानी से हो जाता था, अब वही बोझ लगने लगता है। ध्यान केंद्रित करने में कठिनाई हो सकती है।
- छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा आना, बेचैनी महसूस होना और दूसरों से दूरी बनाना भी बर्नआउट का संकेत हो सकता है।
- कुछ लोगों को नींद नहीं आती, जबकि कुछ लोग जरूरत से ज्यादा सोने लगते हैं। दोनों ही स्थितियां मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती हैं।
- बार-बार सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, पेट संबंधी परेशानी और कमजोरी जैसी समस्याएं भी बर्नआउट के दौरान देखने को मिल सकती हैं।
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Burnout क्या है? जानें इससे बचाव के तरीके
- फोटो : AI
बर्नआउट से बचने के तरीके
- काम के साथ-साथ परिवार, दोस्तों और खुद के लिए भी समय निकालें। लगातार काम करने से बचें।
- हर दिन 7 से 9 घंटे की अच्छी नींद लेने की कोशिश करें। अच्छी नींद मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के लिए जरूरी है।
- रोजाना 30 मिनट की वॉक, योग या हल्की एक्सरसाइज तनाव कम करने और मूड बेहतर बनाने में मदद कर सकती है।
- मोबाइल और लैपटॉप का जरूरत से ज्यादा इस्तेमाल मानसिक थकान बढ़ा सकता है। समय-समय पर डिजिटल ब्रेक लें।
- संतुलित आहार, पर्याप्त पानी और पोषक तत्वों से भरपूर भोजन शरीर को ऊर्जा देने में मदद करते हैं।
- अगर आप लगातार तनाव महसूस कर रहे हैं, तो किसी भरोसेमंद दोस्त, परिवार के सदस्य या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से बात करें।
- अपनी क्षमता से ज्यादा जिम्मेदारियां लेने से बचें। जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त काम के लिए मना करना भी जरूरी है।
- संगीत सुनना, किताब पढ़ना, बागवानी या कोई पसंदीदा गतिविधि मानसिक तनाव कम करने में मदद कर सकती है।
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कब डॉक्टर से संपर्क करें?
अगर लगातार कई हफ्तों तक थकान, उदासी, काम में रुचि खत्म होना या रोजमर्रा के काम करने में परेशानी हो रही है, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ या डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।