जावेद अख्तर और उनकी पहली पत्नी हनी ईरानी के बीच सिर्फ उनका प्रोफेशन ही नहीं बल्कि जन्मदिन भी कॉमन है। पेशे से दोनों स्क्रिप्ट राइटर हैं और दोनों का ही जन्मदिन 17 जनवरी को है। संघर्ष के दिनों में ही दोनों ने शादी कर ली। इनका रिश्ता सात साल तक चला भी। लेकिन शबाना आजमी से बढ़ती करीबियों की वजह जावेद और हनी का रिश्ता टूट गया।
लव मैरेज करने के बावजूद जावेद अख्तर ने दिया था पत्नी को धोखा
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1. जिम्मेदारियां निभाते रहें
तलाक के बाद दोनों बच्चों- फरहान और जोया अख्तर की जिम्मेदारी हनी ईरानी के ऊपर आ गई थी। लेकिन पिता होने के नाते जावेद अख्तर ने अपनी जिम्मेदारियां बखूबी निभाई। ना सिर्फ आर्थिक तौर पर बल्कि भावनात्मक रूप से भी वह हनी ईरानी की मदद करते रहे।
तलाक के बाद अगर एक्स पार्टनर के ऊपर बच्चे या उनके पेरेंट्स की जिम्मेदारी अकेले पड़ गई है तो उनका सहयोग जरूर करें। याद रखें, आप दोनों ने एक दूसरे के रिश्ता तोड़ा है लेकिन जब आप दोनों का रिश्ता जुड़ा था तो उसकी वजह से आप दोनों को कई नए रिश्ते भी मिले थे। अगर उन रिश्तों के प्रति आपकी कोई जिम्मेदारी हो तो उसे पूरा जरूर करें। ऐसा करके आप खुद अपने उस फैसले का मन रख पाएंगे जिसकी वजह से आपने शादी की थी।
2. संपर्क में रहें
हनी ईरानी ने अपने एक इंटरव्यू में बताया था कि तलाक के बाद जावेद अख्तर हर दिन उन्हें फोन करते थे। वह बच्चों से मिलने घर भी आते थे। हनी ने भी जावेद और बच्चों के बीच कभी दीवार खड़ी नहीं की। यही वजह है कि आज दोनों के बीच रिश्ते उतने मजबूत हो चुके हैं जितने वे तब भी नहीं थे जब वे दोनों शादी के बंधन में बंधे थे।
3. एक्स पार्टनर के फैसले का सम्मान करें
हनी ईरानी और शबाना आजमी के रिश्ते भले ही सहेली वाले ना हो, मगर सौतन जैसे भी नहीं हैं। हनी ईरानी ने जावेद अख्तर और शबाना आजमी के रिश्ते के बारे में कभी भी आपत्तिजनक बयान नहीं दिया। जब भी हनी ईरानी और शबाना आजमी का आमना-सामना होता है वे दोनों एक दूसरे से अदब से पेश आती हैं। जावेद अख्तर और शबाना आजमी के घर कोई पार्टी रखी जाती है तो हनी ईरानी को भी न्योता भेजा जाता है।
जिस तरह हनी ईरानी ने जावेद अख्तर के अलग होने के फैसले का सम्मान किया वह एक मिसाल है। भले ही उनकी तरह ऐसा करना मुश्किल है, लेकिन नामुमकिन नहीं।