Monsoon Travel Guide: ग्रेटर नोएडा में रहने वाली ऋचा पांडे ने अपने बेटे के पहले जन्मदिन को परिवार के साथ माता वैष्णो देवी मंदिर में मनाने की योजना बनाई थी। उन्होंने ट्रेन टिकट, हेलिकाॅप्टर बुकिंग, होटल में कमरा आदि सब पहले से बुक कर लिया था। तभी 26 अगस्त को जम्मू कश्मीर में माता वैष्णो देवी धाम मार्ग में अर्धकुंवारी गुफा के पास में भूस्खलन हो गया। इस त्रासदी में कई लोगों की जान चली गई। इसके बाद से वैष्णो देवी मंदिर यात्रियों के लिए पिछले सात दिनों से बंद है। ऋचा ने अपने टिकट कैंसिल कराए और अंत में मथुरा में बेटे का जन्मदिन मनाया।
Monsoon Alert: लगातार बारिश से कई पर्यटन स्थल बंद, इन जगहों पर भूल से भी न जाएं
Monsoon Travel Guide: भूस्खलन, बाढ़ और रास्तों के बंद होने की वजह से इन जगहों पर जाना अब खतरे से खाली नहीं। अगर आप सितंबर के इस मानसून सीजन में कहीं घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो यह ज़रूरी है कि आप ट्रैवल अलर्ट पर नज़र रखें और सही डेस्टिनेशन चुनें।
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कुल्लू-मनाली
मूसलाधार बारिश और आंधी-तूफान के कारण कुछ दिन पहले चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे बंद कर दिया गया था। हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश, भूस्खलन से दुश्वारियां बरकरार हैं। चंबा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और कांगड़ा जिले में कई सड़क मार्ग ठप हैं। कुल्लू में भूस्खलन का लगातार चौथा मामला सामने आया। ऐसे में सितंबर में हिमाचल प्रदेश के कई लोकप्रिय हिल स्टेशनों पर जाने से बचें। शिमला -मनाली में भी लैंडस्लाइड की वजह से ट्रैफिक जाम और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ा है।
उत्तरकाशी
उत्तराखंड में भी भारी बारिश से कई क्षेत्र प्रभावित हैं। जहां हरिद्वार और ऋषिकेश में गंगा का स्तर बढ़ गया है। वहीं उत्तर काशी में लगातार बारिश के कारण कई गांवों में भू-धंसाव की घटनाएं बढ़ गई हैं जिससे ग्रामीणों के आवासीय भवन खतरे की जद में आ गए हैं। चार धाम यात्रा का विचार है तो इस महीने केदारनाथ, गंगोत्री-यमुनोत्री जाने की योजना भूल से भी न बनाएं। चारधाम यात्रा मार्ग पर लगातार बारिश से यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। ऋषिकेश से बद्रीनाथ और केदारनाथ की ओर जाने वाली सड़कों पर रुक-रुक कर आवाजाही बंद की जा रही है।
वैष्णो देवी धाम
कटरा से वैष्णो देवी माता मंदिर की पैदल यात्रा मार्ग में पहाड़ गिरने से मार्ग बंद कर दिया गया है। सात दिन से दर्शन पर रोक है। ऐसे में कई लोग माता वैष्णो देवी के दर्शन के बिना ही वापस लौट आए। चूंकि सितंबर में बारिश के हालात फिलहाल बने हुए हैं। ऐसे में इस महीने वैष्णो देवी की यात्रा पर जाने से बचें। कश्मीर के भी कई क्षेत्रों में यह समय सफर के लिहाज से उपयुक्त नहीं है। अगर आप जम्मू कश्मीर की यात्रा करना चाहते हैं तो पहले मौसम की जानकारी और सुरक्षित क्षेत्र की जानकारी एकत्र करें।
झरने और एडवेंचर स्पॉट्स पर लगा ताला
मानसून में सबसे ज्यादा आकर्षण झरनों का होता है, लेकिन इस बार कई जगह प्रशासन ने झरनों को बंद कर दिया है। महाराष्ट्र के भीमाशंकर और लोनावला के झरनों तक जाने की इजाजत नहीं दी जा रही। गोवा और कर्नाटक के कई बीच और ट्रैकिंग पॉइंट्स पर भी प्रतिबंध लगाए गए हैं। असम, बिहार और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में नदियां उफान पर हैं। कई गांवों में पानी भर गया है और टूरिस्ट स्पॉट्स तक पहुंचना नामुमकिन हो गया है। मानसून ट्रैवल की प्लानिंग करने वालों के लिए यह समय बेहद रिस्की साबित हो सकता है।