Yoga Day 2026: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 21 जून को हर साल मनाया जाता है। इस वर्ष योग दिवस 2026 की थीम Yoga for Healthy Ageing यानी स्वस्थ आयु के लिए योग रखी गई है। यह थीम दुनिया भर में तेजी से बढ़ती बुजुर्ग आबादी और स्वस्थ जीवनशैली की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए चुनी गई है। उम्र बढ़ना एक स्वाभाविक प्रक्रिया है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं कि व्यक्ति शारीरिक रूप से कमजोर या मानसिक रूप से निष्क्रिय हो जाए। नियमित योग अभ्यास बढ़ती उम्र के प्रभावों को कम करने, शरीर की कार्यक्षमता बनाए रखने और जीवन की गुणवत्ता को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
Yoga Day 2026: बढ़ती उम्र में नहीं होगी कमजोरी! योग दिवस 2026 की थीम के अनुसार करें ये आसान योगासन
International Yoga Day 2026 Theme: योग दिवस 2026 की थीम 'Yoga for Healthy Ageing' है। इस थीम का उद्देश्य बढ़ती उम्र में शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य को बेहतर बनाना है। ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, वज्रासन और शवासन जैसे योगासन संतुलन, लचीलापन और ऊर्जा बनाए रखने में मदद करते हैं।
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ताड़ासन
- ताड़ासन शरीर को स्थिरता और संतुलन देता है।
- ताड़ासन सबसे सरल लेकिन प्रभावी योगासन माना जाता है।
- इस आसन से रीढ़ की हड्डी मजबूत होती है।
- शरीर का पोश्चर सुधरता है और संतुलन बेहतर होता है।
- बढ़ती उम्र में गिरने के जोखिम को कम करने के लिए यह योगासन बेहद लाभकारी माना जाता है।
कैसे करें अभ्यास?
- इसे करने के लिए सीधे खड़े होकर दोनों हाथों को ऊपर उठाएं।
- पंजों पर संतुलन बनाएं।
- कुछ सेकंड तक इसी स्थिति में रहें और सामान्य श्वास लेते रहें।
वृक्षासन
- यह एकाग्रता और संतुलन बढ़ाने वाला योग है।
- नियमित अभ्यास से तंत्रिका तंत्र बेहतर काम करता है।
- मानसिक एकाग्रता बढ़ती है।
- शरीर की स्थिरता मजबूत होती है।
- वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह बेहद उपयोगी योगासन है।
कैसे करें अभ्यास?
- वृक्षासन में एक पैर पर खड़े होकर दूसरे पैर को जांघ पर रखा जाता है।
- दोनों हाथ नमस्कार मुद्रा में ऊपर जोड़े जाते हैं।
- यह आसन शरीर और मन दोनों के संतुलन को मजबूत करता है।
भुजंगासन
- भुजंगान रीढ़ और कमर को मजबूत बनाता है।
- यह योगासन रीढ़ की लचक बढ़ाता है।
- कमर दर्द को कम करता है।
- फेफड़ों की क्षमता सुधारने में मदद करता है।
- बढ़ती उम्र में पीठ की समस्याओं से बचाव के लिए यह महत्वपूर्ण आसन है।
कैसे करें अभ्यास?
- पेट के बल लेटकर हथेलियों के सहारे शरीर के ऊपरी हिस्से को ऊपर उठाना भुजंगासन कहलाता है।
- इस दौरान कंधे पीछे की ओर रहें और गर्दन सीधी रखें।
वज्रासन
- पाचन और मानसिक शांति का सरल उपाय है।
- वज्रासन पाचन तंत्र को मजबूत बनाता है।
- गैस और अपच की समस्या को कम करता है।
- मानसिक तनाव घटाने में सहायता करता है।
- वरिष्ठ आयु वर्ग के लोगों के लिए यह अत्यंत लाभकारी है।
कैसे करें?
- भोजन के बाद घुटनों के बल बैठकर एड़ियों पर बैठना वज्रासन कहलाता है।
- यह एकमात्र ऐसा योगासन है जिसे खाने के बाद भी किया जा सकता है।