Barish Ke Mausam Me Fit Kaise Rahein Yoga Tips: मानसून अपने साथ जहां गर्मी से राहत लेकर आता है, वहीं कई स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियां भी बढ़ा देता है। बरसात के मौसम में वातावरण में नमी बढ़ने से बैक्टीरिया, वायरस और फंगस तेजी से पनपते हैं। यही कारण है कि इस मौसम में पेट खराब होना, अपच, गैस, एसिडिटी, फूड पॉइजनिंग, त्वचा पर खुजली, रैशेज और फंगल इंफेक्शन जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं।
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Monsoon Yoga: बरसात में बीमारियों से बचना है तो रोज करें ये योगासन, पेट और स्किन दोनों रहेंगे हेल्दी
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला
Published by: शिवानी अवस्थी
Updated Mon, 22 Jun 2026 10:13 AM IST
सार
Yoga For Digestion And Skin Problems: मानसून के मौसम में नमी, दूषित पानी और कमजोर पाचन तंत्र के कारण पेट और त्वचा संबंधी समस्याएं बढ़ जाती हैं। ऐसे में पवनमुक्तासन, वज्रासन, भुजंगासन, त्रिकोणासन और प्राणायाम जैसे योगासन शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाकर पाचन और त्वचा को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं। नियमित योगाभ्यास से बरसात के मौसम में संक्रमण का खतरा भी कम हो सकता है।
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इन योगासनों से मानसून में रहेंगे फिट
- फोटो : AI
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पवनमुक्तासन
- फोटो : Freepik
पवनमुक्तासन
- पवनमुक्तासन गैस और अपच से राहत दिलाता है।
- मानसून में पाचन संबंधी समस्याएं सबसे ज्यादा देखने को मिलती हैं।
- पवनमुक्तासन पेट में जमा गैस को बाहर निकालने और पाचन तंत्र को सक्रिय बनाने में मदद करता है।
- यह योगासन कब्ज, ब्लोटिंग और अपच जैसी समस्याओं को कम करने में लाभकारी माना जाता है।
- रोजाना 5 से 10 मिनट इसका अभ्यास करने से पेट हल्का और स्वस्थ महसूस होता है।
वज्रासन योग
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वज्रासन
- भोजन के बाद पाचन को बेहतर बनाता है।
- वज्रासन एकमात्र ऐसा योगासन है जिसे भोजन करने के तुरंत बाद किया जा सकता है।
- यह पाचन प्रक्रिया को बेहतर बनाता है।
- एसिडिटी तथा गैस की समस्या को कम करने में मदद करता है।
- मानसून में जब पेट की गड़बड़ियां बढ़ जाती हैं, तब वज्रासन का नियमित अभ्यास काफी फायदेमंद साबित हो सकता है।
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भुजंगासन
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भुजंगासन
- यह आसन रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक है।
- भुजंगासन शरीर में रक्त संचार को बेहतर बनाता है।
- पेट के अंगों को मजबूत करता है।
- नियमित अभ्यास से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है।
- इससे मानसून में होने वाले संक्रमणों का खतरा कम हो सकता है।
- यह योगासन रीढ़ की हड्डी को भी लचीला बनाता है और शरीर में ऊर्जा का संचार करता है।
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त्रिकोणासन
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त्रिकोणासन
- इस आसन के अभ्यास से त्वचा को स्वस्थ और चमकदार बना सकते हैं।
- त्रिकोणासन शरीर में रक्त प्रवाह को बढ़ाने में मदद करता है।
- बेहतर ब्लड सर्कुलेशन के कारण त्वचा तक पर्याप्त ऑक्सीजन और पोषक तत्व पहुंचते हैं।
- इससे त्वचा स्वस्थ और चमकदार बनी रहती है।
- मानसून में होने वाली त्वचा संबंधी समस्याओं से बचाव के लिए यह योगासन लाभकारी माना जाता है।