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Amritsar: 31वें हिंद-पाक दोस्ती मंच सम्मेलन में उठी आवाज, भारत और पाकिस्तान बातचीत से सुलझाएं सारे विवाद
Fri, 14 Aug 2026 01:12 PM IST
Nivedita
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर
Published by: Nivedita
Updated Fri, 14 Aug 2026 01:12 PM IST
सार
हिंद-पाक दोस्ती मंच की ओर से आयोजित सम्मेलन के दौरान सेमिनार में पहुंचे डेलिगेशन के सदस्यों ने भारत-पाक सीमा पर स्थित एकीकृत जांच चौकी (आईसीपी) के जरिए बंद पड़ा व्यापार दोबारा शुरू करने की मांग उठाई। इस दौरान प्रतिनिधियों ने गले में तख्तियां डालकर अपनी मांग की ओर ध्यान आकर्षित किया।
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31वें हिंद-पाक दोस्ती मंच सम्मेलन
- फोटो : संवाद
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विस्तार
अमृतसर में 31वें हिंद-पाक दोस्ती मंच सम्मेलन के मौके पर ‘भारत-पाकिस्तान संबंध, समस्याएं और संभावनाएं’ विषय पर सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार में भारत और पाकिस्तान के बीच संबंधों, दोनों देशों के सामने मौजूद चुनौतियों और आपसी संबंधों को बेहतर बनाने की संभावनाओं पर चर्चा की गई।
इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव का असर दोनों देशों के लोगों पर भी पड़ता है। आपसी संवाद और शांतिपूर्ण प्रयासों के माध्यम से समस्याओं का समाधान तलाशने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच लोगों के स्तर पर संपर्क और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने से आपसी विश्वास मजबूत हो सकता है। सेमिनार में मौजूद लोगों ने भारत-पाकिस्तान के बीच शांति और बेहतर संबंधों की जरूरत पर अपने विचार रखे।
वक्ताओं ने कहा कि दोनों देशों के बीच विवादों का समाधान बातचीत और आपसी समझ के आधार पर किया जाना चाहिए। सम्मेलन के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने भी चर्चा में भाग लिया।
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आईसीपी के जरिए भारत-पाक व्यापार दोबारा शुरू करने की मांग
हिंद-पाक दोस्ती मंच की ओर से आयोजित सम्मेलन के दौरान सेमिनार में पहुंचे डेलिगेशन के सदस्यों ने भारत-पाक सीमा पर स्थित एकीकृत जांच चौकी (आईसीपी) के जरिए बंद पड़ा व्यापार दोबारा शुरू करने की मांग उठाई। इस दौरान प्रतिनिधियों ने गले में तख्तियां डालकर अपनी मांग की ओर ध्यान आकर्षित किया। तख्तियों पर आईसीपी के माध्यम से दोनों देशों के बीच व्यापार दोबारा शुरू करने की अपील की गई थी। प्रतिनिधियों ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच व्यापारिक गतिविधियां शुरू होने से सीमावर्ती क्षेत्रों के कारोबारियों और आम लोगों को लाभ मिलेगा। इससे दोनों देशों के बीच आपसी संपर्क और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकता है। सेमिनार में भारत-पाक संबंधों से जुड़ी समस्याओं और संभावनाओं पर चर्चा की गई। प्रतिनिधियों ने दोनों देशों के बीच संवाद और आपसी सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।
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इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव का असर दोनों देशों के लोगों पर भी पड़ता है। आपसी संवाद और शांतिपूर्ण प्रयासों के माध्यम से समस्याओं का समाधान तलाशने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच लोगों के स्तर पर संपर्क और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने से आपसी विश्वास मजबूत हो सकता है। सेमिनार में मौजूद लोगों ने भारत-पाकिस्तान के बीच शांति और बेहतर संबंधों की जरूरत पर अपने विचार रखे।
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वक्ताओं ने कहा कि दोनों देशों के बीच विवादों का समाधान बातचीत और आपसी समझ के आधार पर किया जाना चाहिए। सम्मेलन के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने भी चर्चा में भाग लिया।
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आईसीपी के जरिए भारत-पाक व्यापार दोबारा शुरू करने की मांग
हिंद-पाक दोस्ती मंच की ओर से आयोजित सम्मेलन के दौरान सेमिनार में पहुंचे डेलिगेशन के सदस्यों ने भारत-पाक सीमा पर स्थित एकीकृत जांच चौकी (आईसीपी) के जरिए बंद पड़ा व्यापार दोबारा शुरू करने की मांग उठाई। इस दौरान प्रतिनिधियों ने गले में तख्तियां डालकर अपनी मांग की ओर ध्यान आकर्षित किया। तख्तियों पर आईसीपी के माध्यम से दोनों देशों के बीच व्यापार दोबारा शुरू करने की अपील की गई थी। प्रतिनिधियों ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच व्यापारिक गतिविधियां शुरू होने से सीमावर्ती क्षेत्रों के कारोबारियों और आम लोगों को लाभ मिलेगा। इससे दोनों देशों के बीच आपसी संपर्क और आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकता है। सेमिनार में भारत-पाक संबंधों से जुड़ी समस्याओं और संभावनाओं पर चर्चा की गई। प्रतिनिधियों ने दोनों देशों के बीच संवाद और आपसी सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।