{"_id":"6a314c4c48462252b10f6e73","slug":"accused-involved-in-terrorist-activities-arrested-2026-06-16","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Punjab: आतंकी गतिविधियों में शामिल आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे, पाकिस्तान से जुड़ा नेटवर्क; लंबे समय से था फरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Punjab: आतंकी गतिविधियों में शामिल आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे, पाकिस्तान से जुड़ा नेटवर्क; लंबे समय से था फरार
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Tue, 16 Jun 2026 06:47 PM IST
विज्ञापन
सार
आरोपी से पुलिस ने भारी मात्रा में हथियार और नशे का सामान बरामद किया था जिसके बाद से वह फरार चल रहा था। पंजाब और उत्तराखंड पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई के बाद आरोपी को दबोचा है।
arrest
- फोटो : arrest
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
आतंकी गतिविधियों में शामिल फरार चल रहे एक आरोपी को पंजाब पुलिस ने उत्तराखंड पुलिस की मदद से संयुक्त अभियान चलाकर उत्तराखंड से गिरफ्तार किया है। आरोपी का नाम ईशानप्रीत सिंह है, जो अमृतसर के छेहर्टा का रहने वाला है। आरोपी के खिलाफ पाकिस्तान से ड्रोन के माध्यम से हथियार और मादक पदार्थ मंगवाने वाले अंतरराज्यीय नेटवर्क से जुड़े होने का आरोप है। इस आरोपी को उत्तराखंड के बाजपुर क्षेत्र से पकड़ा गया है। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश में जुटी हुई थी। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि वह सीमा पार से ड्रोन के जरिए भेजे जाने वाले हथियारों और हेरोइन की खेप से जुड़े नेटवर्क का अहम हिस्सा था।
छापेमारी के दौरान फरार हो गया था आरोपी
जानकारी के मुताबिक मई माह में पंजाब एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और बीएसएफ को खुफिया सूचना मिली थी कि पाकिस्तान से भारतीय सीमा में बड़ी मात्रा में हथियार और मादक पदार्थ पहुंचाए गए हैं। इसके बाद संयुक्त टीम ने अमृतसर स्थित आरोपी के ठिकाने पर छापेमारी की थी। हालांकि कार्रवाई के दौरान आरोपित मकान की छत से कूदकर फरार हो गया था। छापेमारी के दौरान सुरक्षा एजेंसियों को घर से बड़ी मात्रा में अवैध हथियार और मादक पदार्थ बरामद हुए थे। बरामदगी में 12 पिस्तौल, कई मैगजीन और करीब 900 ग्राम हेरोइन शामिल थी। इस कार्रवाई के बाद से ही आरोपी की तलाश तेज कर दी गई थी।
छापेमारी के दौरान फरार हो गया था आरोपी
जानकारी के मुताबिक मई माह में पंजाब एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और बीएसएफ को खुफिया सूचना मिली थी कि पाकिस्तान से भारतीय सीमा में बड़ी मात्रा में हथियार और मादक पदार्थ पहुंचाए गए हैं। इसके बाद संयुक्त टीम ने अमृतसर स्थित आरोपी के ठिकाने पर छापेमारी की थी। हालांकि कार्रवाई के दौरान आरोपित मकान की छत से कूदकर फरार हो गया था। छापेमारी के दौरान सुरक्षा एजेंसियों को घर से बड़ी मात्रा में अवैध हथियार और मादक पदार्थ बरामद हुए थे। बरामदगी में 12 पिस्तौल, कई मैगजीन और करीब 900 ग्राम हेरोइन शामिल थी। इस कार्रवाई के बाद से ही आरोपी की तलाश तेज कर दी गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
बाजपुर में छिपा बैठा था आरोपी
पुलिस आरोपी को पकड़ने के लिए लगातार करवाई कर रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि फरार आरोपी पहचान छिपाकर उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले में रह रहा है। इसके बाद पंजाब पुलिस ने उत्तराखंड एसटीएफ के साथ सूचनाएं साझा कीं। संयुक्त अभियान के तहत बाजपुर क्षेत्र में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तारी के बाद प्रारंभिक पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि पाकिस्तान से भेजी गई खेप किन-किन लोगों तक पहुंचाई जानी थी और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन शामिल हैं।
स्वतंत्रता दिवस से पहले बड़ी साजिश की आशंका
जांच में ये भी सामने आया है कि कि सीमा पार से भेजे गए हथियारों का इस्तेमाल किसी बड़ी आपराधिक या आतंकी गतिविधि में किया जा सकता था। इसी कारण सुरक्षा एजेंसियां मामले को गंभीरता से लेते हुए लगातार निगरानी कर रही थीं। जांच में पंजाब, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश तक फैले संपर्कों की भी पड़ताल की जा रही है।
पुलिस आरोपी को पकड़ने के लिए लगातार करवाई कर रही थी। इसी दौरान सूचना मिली कि फरार आरोपी पहचान छिपाकर उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले में रह रहा है। इसके बाद पंजाब पुलिस ने उत्तराखंड एसटीएफ के साथ सूचनाएं साझा कीं। संयुक्त अभियान के तहत बाजपुर क्षेत्र में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तारी के बाद प्रारंभिक पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां मिली हैं। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि पाकिस्तान से भेजी गई खेप किन-किन लोगों तक पहुंचाई जानी थी और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन शामिल हैं।
स्वतंत्रता दिवस से पहले बड़ी साजिश की आशंका
जांच में ये भी सामने आया है कि कि सीमा पार से भेजे गए हथियारों का इस्तेमाल किसी बड़ी आपराधिक या आतंकी गतिविधि में किया जा सकता था। इसी कारण सुरक्षा एजेंसियां मामले को गंभीरता से लेते हुए लगातार निगरानी कर रही थीं। जांच में पंजाब, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश तक फैले संपर्कों की भी पड़ताल की जा रही है।