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जालंधर में नशा तस्कर के खिलाफ कार्रवाई: ढाबे पर चला बुलडोजर, क्या बोली आरोपी की पत्नी?
संवाद न्यूज एजेंसी, जालंधर
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Tue, 16 Jun 2026 07:04 PM IST
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सार
जालंधर में प्रशासन ने एक ढाबे के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलाया है। बताया जा रहा है कि ढाबे का मालिक नशा तस्करी में संलिप्त है।
जालंधर में अवैध निर्माण पर कार्रवाई
- फोटो : संवाद
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विस्तार
नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत जालंधर में मंगलवार नगर निगम और पुलिस प्रशासन ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए चर्चित ‘वीर दा ढाबा’ पर बुलडोजर चलाकर कथित अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया। प्रशासन के अनुसार, ढाबा कथित तौर पर एनडीपीएस एक्ट के कई मामलों में नामजद धर्मेंद्र सिंह से जुड़ा हुआ है। कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल की मौजूदगी में ढाबे के अवैध हिस्से को गिराया गया।
पुलिस फोर्स रही मौके पर मौजूद
सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए चार थानों की पुलिस फोर्स मौके पर तैनात रही ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचा जा सके। नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि अवैध निर्माण को लेकर ढाबा संचालक को पहले ही आधिकारिक नोटिस जारी किया गया था। तय समय के भीतर कोई जवाब न मिलने के बाद कानूनी प्रक्रिया पूरी कर यह कार्रवाई अमल में लाई गई।
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पत्नी बोली- 10 साल से रह रही पति से अलग
वहीं, कार्रवाई का विरोध करते हुए धर्मेंद्र सिंह की पत्नी रज्जी ने दावा किया कि ढाबे की रजिस्ट्री और संचालन की अनुमति उसके नाम पर है। उसने कहा कि वह बीते 10 साल से अपने पति से अलग रह रही है और बच्चों का पालन-पोषण खुद कर रही है। रज्जी का आरोप है कि नोटिस उसके पति के नाम पर जारी किया गया, जबकि उसका इस संपत्ति से कोई लेना-देना नहीं है। रज्जी ने यह भी बताया कि करीब दो साल पहले भी प्रशासन ने ढाबे पर तोड़फोड़ की कार्रवाई की थी, जिसके बाद उसने दोबारा निर्माण करवाया था। अब उसने पूरे मामले को अपने वकील के संज्ञान में लाया है और कानूनी लड़ाई लड़ने की तैयारी कर रही है।
फिलहाल प्रशासन का कहना है कि कार्रवाई पूरी तरह नियमों और कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई है, जबकि दूसरी ओर ढाबा मालिक का परिवार इसे अन्यायपूर्ण कार्रवाई बताते हुए अदालत का दरवाजा खटखटाने की तैयारी में है।