{"_id":"6a2842b1911188359002d69b","slug":"enforcement-directorate-raids-delhi-noida-locations-linked-to-hampton-sky-realty-under-scrutiny-jalandhar-news-c-16-1-pkl1092-1041054-2026-06-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jalandhar: दिल्ली-नोएडा में प्रवर्तन निदेशालय की छापेमारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jalandhar: दिल्ली-नोएडा में प्रवर्तन निदेशालय की छापेमारी
Rohtak
Published by: चंडीगढ़ ब्यूरो
Updated Tue, 09 Jun 2026 10:13 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को धन शोधन निवारण अधिनियम के तहत चल रही जांच के सिलसिले में दिल्ली, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गुरुग्राम में कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की। कार्रवाई हैम्पटन स्काई रियल्टी से जुड़े व्यक्तियों, सहयोगियों तथा कारोबारी नेटवर्क के परिसरों पर केंद्रित रही। सूत्रों के अनुसार, दिल्ली के जनकपुरी स्थित जी-2/5 आवासीय परिसर में भी ईडी की टीमों ने जांच की। बताया जा रहा है कि यह परिसर पूर्व राज्यसभा सदस्य संजीव अरोड़ा के करीबी कारोबारी संपर्कों से जुड़ा हुआ है।
नोएडा और ग्रेटर नोएडा में ईडी की कार्रवाई कंपनी से जुड़े सहयोगियों, निदेशकों और संपत्ति कारोबारियों के कार्यालयों तथा आवासीय परिसरों तक पहुंची। वहीं गुरुग्राम के उद्योग विहार स्थित मुख्य कार्यालयों और संबंधित कारोबारी इकाइयों में भी दस्तावेजों की गहन पड़ताल की गई। जांच एजेंसी को संदेह है कि इन इकाइयों का उपयोग लगभग 100 करोड़ रुपये के फर्जी मोबाइल फोन खरीद बिल तैयार करने, कर छूट का अनुचित लाभ लेने तथा कागजी कंपनियों के माध्यम से धन के संदिग्ध लेन-देन के लिए किया गया। ईडी की टीमों ने वित्तीय अभिलेखों, बैंक संबंधी दस्तावेजों, मोबाइल फोन, कंप्यूटर तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच की।
ईडी सूत्रों का दावा है कि जांच के दायरे में कंपनी से जुड़े कई कारोबारी सहयोगी और स्थानीय संचालक शामिल हैं। हालांकि ईडी ने अभी तक छापेमारी के दौरान बरामद सामग्री या किसी व्यक्ति के विरुद्ध की गई कार्रवाई को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी जारी नहीं की है।छापेमारी के दौरान मिले दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर आने वाले दिनों में जांच का दायरा और बढ़ सकता है।
विज्ञापन
नोएडा और ग्रेटर नोएडा में ईडी की कार्रवाई कंपनी से जुड़े सहयोगियों, निदेशकों और संपत्ति कारोबारियों के कार्यालयों तथा आवासीय परिसरों तक पहुंची। वहीं गुरुग्राम के उद्योग विहार स्थित मुख्य कार्यालयों और संबंधित कारोबारी इकाइयों में भी दस्तावेजों की गहन पड़ताल की गई। जांच एजेंसी को संदेह है कि इन इकाइयों का उपयोग लगभग 100 करोड़ रुपये के फर्जी मोबाइल फोन खरीद बिल तैयार करने, कर छूट का अनुचित लाभ लेने तथा कागजी कंपनियों के माध्यम से धन के संदिग्ध लेन-देन के लिए किया गया। ईडी की टीमों ने वित्तीय अभिलेखों, बैंक संबंधी दस्तावेजों, मोबाइल फोन, कंप्यूटर तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच की।
विज्ञापन
विज्ञापन
ईडी सूत्रों का दावा है कि जांच के दायरे में कंपनी से जुड़े कई कारोबारी सहयोगी और स्थानीय संचालक शामिल हैं। हालांकि ईडी ने अभी तक छापेमारी के दौरान बरामद सामग्री या किसी व्यक्ति के विरुद्ध की गई कार्रवाई को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी जारी नहीं की है।छापेमारी के दौरान मिले दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर आने वाले दिनों में जांच का दायरा और बढ़ सकता है।