सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Rajasthan ›   Jaipur News ›   Fake Degree Racket Rajasthan SOG Arrests Wanted Fraudster from Lucknow Remanded Till June 18

फर्जी डिग्री रैकेट पर राजस्थान SOG का बड़ा एक्शन: 10 हजार का इनामी रितेश लखनऊ से गिरफ्तार, 18 जून तक रिमांड पर

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: जयपुर ब्यूरो Updated Tue, 16 Jun 2026 10:52 AM IST
विज्ञापन
सार

फर्जी डिग्री और अंकतालिका के जरिए भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी करने वाले नेटवर्क पर एसओजी ने शिकंजा कस दिया है। लंबे समय से फरार चल रहे रितेश कुमार सिंह की गिरफ्तारी के साथ जांच को नई दिशा मिली है। पूछताछ में कई अहम खुलासों की उम्मीद जताई जा रही है।

Fake Degree Racket Rajasthan SOG Arrests Wanted Fraudster from Lucknow Remanded Till June 18
गिरफ्तार आरोपी रितेश कुमार सिंह - फोटो : Amar Ujala
विज्ञापन

विस्तार

राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने फर्जी डिग्री और अंकतालिका प्रकरण में बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 हजार रुपये के इनामी स्थायी वारंटी रितेश कुमार सिंह को गिरफ्तार किया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहा था और उसकी गिरफ्तारी के लिए न्यायालय से स्थायी गिरफ्तारी वारंट जारी होने के साथ ही इनाम भी घोषित किया गया था।


विभिन्न धाराओं तथा आईटी एक्ट के तहत अनुसंधान किया जा रहा
अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (एसओजी) विशाल बंसल के अनुसार शारीरिक शिक्षा अध्यापक भर्ती परीक्षा-2022 में अभ्यर्थियों द्वारा विभिन्न विश्वविद्यालयों से दलालों की मिलीभगत से बैक डेट में फर्जी डिग्रियां प्राप्त कर चयनित होने संबंधी शिकायत की जांच के दौरान एसओजी थाना जयपुर में प्रकरण संख्या 13/2024 दर्ज किया गया था। मामले में भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं तथा आईटी एक्ट के तहत अनुसंधान किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


फर्जी डिग्रियां और अंकतालिकाएं उपलब्ध करवाता था रितेश
जांच में सामने आया कि रितेश कुमार सिंह अपने सहयोगी प्रमोद पारीक के साथ मिलकर लखनऊ स्थित पीआर ग्रुप ऑफ एजुकेशनल सर्विसेज के माध्यम से छात्रों को विभिन्न विश्वविद्यालयों से फर्जी डिग्रियां और अंकतालिकाएं उपलब्ध करवाता था। आरोप है कि स्थानीय दलालों के नेटवर्क के जरिए हजारों छात्रों तक यह अवैध व्यवस्था पहुंचाई गई।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  ड्रग्स का MP कनेक्शन: राजस्थान के जंगल में चल रही थी 56 करोड़ की ड्रग्स फैक्टरी, हिरासत में तीन आरोपी

9 अप्रैल 2025 को हुआ था फरार
एसओजी द्वारा 9 अप्रैल 2025 को ओपीजेएस विश्वविद्यालय, चूरू में कार्रवाई किए जाने के बाद आरोपी फरार हो गया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह भारत और नेपाल के विभिन्न धार्मिक स्थलों पर छिपकर रह रहा था। लगातार तलाश और तकनीकी निगरानी के बाद एसओजी टीम ने उसे लखनऊ से दस्तयाब कर पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया।

अंकतालिकाएं उपलब्ध कराने की बात स्वीकार की 
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने विभिन्न विश्वविद्यालयों से बैक डेट में फर्जी डिग्रियां और अंकतालिकाएं उपलब्ध कराने की बात स्वीकार की है। मामले में पूर्व में ओपीजेएस विश्वविद्यालय, चूरू और जेएस विश्वविद्यालय, शिकोहाबाद (उत्तर प्रदेश) के चांसलर, संचालक और पूर्व रजिस्ट्रार सहित कुल 19 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। रितेश की गिरफ्तारी के बाद इस प्रकरण में गिरफ्तार आरोपियों की संख्या बढ़कर 20 हो गई है।


आरोपी को न्यायालय में पेश कर 18 जून 2026 तक पुलिस रिमांड पर लिया गया है। एसओजी अब अन्य आरोपियों तथा फर्जी डिग्रियों का लाभ लेने वाले छात्रों के संबंध में पूछताछ कर रही है। मामले में अन्य वांछित आरोपियों की तलाश जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed