{"_id":"680da7b1e5fb43f1db08141c","slug":"school-running-without-getting-recognition-officers-locked-it-sri-ganganagar-news-c-1-1-noi1340-2881643-2025-04-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sri Ganganagar News: बगैर मान्यता के हो रहा स्कूल संचालन, परिजनों ने किया हंगामा, अफसरों ने जड़ा ताला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sri Ganganagar News: बगैर मान्यता के हो रहा स्कूल संचालन, परिजनों ने किया हंगामा, अफसरों ने जड़ा ताला
Sun, 27 Apr 2025 05:59 PM IST
श्री गंगानगर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, श्रीगंगानगर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, श्रीगंगानगर
Published by: श्री गंगानगर ब्यूरो
Updated Sun, 27 Apr 2025 05:59 PM IST
सार
अधिकारियों ने स्कूल को सील कर दिया और बिना मान्यता संचालन पर रोक लगा दी। अभिभावकों ने स्कूल पर मनमानी फीस वसूली और महंगी किताबें बेचने का आरोप भी लगाया। शिकायतों के बावजूद शिक्षा विभाग की निष्क्रियता को लेकर भी नाराजगी जताई गई है।
विज्ञापन
स्कूल के बाहर मौजूद अभिभावक और अधिकारी।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
शहर के सूरतगढ़-पदमपुर बाईपास पर एक प्राइवेट स्कूल बगैर मान्यता लिए ही बच्चों को पढ़ता रहा। परीक्षाओं के बाद जब बच्चों के अभिभावकों ने स्कूल से टीसी कटवाई और अन्यत्र स्कूल में बच्चों का एडमिशन करवाना चाहा तब मामले का खुलासा हुआ। परिजन स्कूल के आगे एकत्रित हो गए और स्कूल संचालकों के विरुद्ध जमकर नारेबाजी करने लगे।
विज्ञापन
जानकारी लगते ही एसडीएम रंजीत कुमार और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अलावा पुलिस मौके पर पहुंच गई। अफसरों ने अभिभावकों से बातचीत कर उनका पक्ष जाना। इसके बाद शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने स्कूल के ताला लगा दिया। साथ ही स्कूल संचालकों को नोटिस देते हुए कहा कि जब तक स्कूल की मान्यता नहीं मिल जाती, तब तक स्कूल का संचालन नहीं कर सकते। न ही बच्चों को स्कूल बुलवा सकते हैं। अभिभावकों का कहना है कि यह स्कूल दो साल से चल रहा है, जबकि उसके पास इसे चलाने की मान्यता भी नहीं है। स्कूल संचालकों द्वारा बच्चों की ऑफ लाइन टीसी काट कर दी जा रही है। इसके चलते बच्चों का अन्य स्कूल में एडमिशन नहीं हो रहा है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- जोधपुर से अहमदाबाद ले जाई जा रही अंग्रेजी शराब के 481 कार्टन जब्त, दो आरोपी गिरफ्तार
विज्ञापन
शिक्षा विभाग को अवगत करवाने के बाद भी नहीं हुई सुनवाई
अभिभावकों का कहना है कि इस संबंध में शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भी अवगत करवाया जा चुका है, लेकिन विभाग उनकी सुनवाई नहीं कर रहा। इससे बच्चों के भविष्य पर गलत असर पड़ रहा है। इस स्कूल की शिकायत कलक्टर को भी की जा चुकी है।
ये भी पढ़ें- राजस्थान पटवारी भर्ती में बढ़ी पदों की संख्या, अब 3727 पदों पर होंगी नियुक्तियां
स्कूल संचालकों ने वसूली मनमानी फीस
आज प्रदर्शन कर रहे अभिभावकों ने बताया कि स्कूल संचालकों द्वारा उनसे न केवल मनमानी फीस वसूली गई है, बल्कि ऊंचे दामों पर बच्चों को किताबें भी दी गई हैं। नारेबारी कर रहे नीतिन अग्रवाल ने बताया कि उनके दो बच्चे इस स्कूल में पढ़ रहे थे, जिनकी टीसी कटवाई गई। यह टीसी स्कूल संचालकों ने ऑफलाइन काटकर दी, जिसकी कोई मान्यता नहीं है और बच्चों को भी अन्य स्कूल में प्रवेश नहीं मिल रहा। इसी तरह एक अन्य महिला सोनिया ने बताया कि उसका पोता एलकेजी कक्षा में पढ़ता है। स्कूल की फीस चैतन्य एप के माध्यम से भरवाई जा रही है, फीस जमा करवाने के बाद उन्हें किसी तरह की रसीद नहीं दी गई। उन्हें अब पता चला है कि स्कूल को मान्यता प्राप्त नहीं है। शिक्षा विभाग के अधिकारी भी स्कूल संचालकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहे। अभिभावकों के बढ़ते आक्रोश का पता चलते ही स्कूल संचालकों ने शुक्रवार को ही अन्य अभिभावकों को मैसेज करके सूचना दे दी कि शनिवार को स्कूल में अवकाश रहेगा।