अनिल अंबानी पर मनी लॉन्ड्रिंग, धोखाधड़ी का केस
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ट्रांसमिशन लाइन बिछाने के लिए फर्जी दस्तावेज दिखाने के आरोप में रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर, पार्वती कोलडैम ट्रांसमिशन कंपनी लिमिटेट के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर तथा महाप्रबंधकों समेत 22 लोगों के खिलाफ पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। एफआईआर में बाकायदा रिलायंस कंपनी के मुखिया अनिल धीरू भाई अंबानी का भी नाम है।
अदालत के आदेश में पुलिस ने पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट, इंडियन कांट्रेक्ट एक्ट, पब्लिक डेबट एक्ट तथा फॉरेस्ट राइट एक्ट 2006 तथा इंडियन फॉरेस्ट एक्ट 120 बी, 145, 351, 464, 405, 410, 415, 416, 417, 422, 420, 452, 379, सहित लगभग 70 धाराओं धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। डीएसपी बिलासपुर सुरेंद्र कुमार शर्मा ने मामला दर्ज होने की पुष्टि की है।
आरोप, बिना वन विभाग की अनुमति के पेड़ काटे
पुलिस के अनुसार राम दास, भाग सिंह, रोशन लाल व रवि कुमार निवासी धौनकोठी ने अदालत में याचिका दायर की थी जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि पार्वती कोलडैम ट्रांसमिशन कंपनी लिमिटेड व रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी ने अपनी टावर लाइन लगाने के लिए झूठे दस्तावेज पेश किए। याचिका दायर करने वालों ने यह भी आरोप लगाए थे कि कंपनी के लोग बिना वन विभाग की अनुमति के उनके खेतों में घुसे और पेड़ों का काटा।
जबकि जमीन में उनकी अनुमति के बिना टावर लाइन गुजारी। उक्त लोगों की याचिका पर अदालत ने बरमाणा पुलिस को सतीश सेठ, एसएस कोहली, आरआर राय, वीके चतुर्वेदी, के. रवि कुमार, रायना करानी, अनिल धीरू भाई अंबानी, वीएल गलकर, राम तीर्थ अग्रवाल, अलोक कुमार राय, लक्ष्मी नारायण मिश्रा, सागर कुमार, अनिल कुमार गुप्ता, रवि नाथ नायक, अमरजीत, एके शर्मा, डीएस बिजराल, अशोक शर्मा, निलेश तिवारी, संजय धाकड़ और निखिल गोयल के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश दिए थे। डीएसपी सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि पुलिस मामला दर्ज कर छानबीन कर रही है।