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CWG 2026: 'जिसको पराजित करना था, उसको ही किया', पाकिस्तानी बॉक्सर को हराने पर PM मोदी ने दी जदुमणि को शाबाशी
Mon, 10 Aug 2026 03:35 PM IST
स्वप्निल शशांक
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Mon, 10 Aug 2026 03:35 PM IST
सार
टूर्नामेंट में भारतीय मु्क्केबाजों का प्रदर्शन यादगार रहा। मुक्केबाजी में भारत ने कुल 10 मेडल अपनी झोली में डाले, जिसमें सात गोल्ड मेडल रहे। ग्लासगो में भारत ने 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और नौ ब्रॉन्ज समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए।
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जादुमणि
- फोटो : IANS
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विस्तार
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत का प्रदर्शन यादगार रहा। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में देश ने 13 गोल्ड समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने आवास पर भारत के लिए मेडल जीतने वाले सभी खिलाड़ियों से मुलाकात की। इस दौरान पीएम मोदी ने कारगिल विजय दिवस पर पाकिस्तानी मुक्केबाज को हराने के लिए जदुमणि सिंह की प्रशंसा की।
पीएम मोदी ने खिलाड़ियों के बातचीत के दौरान पूछा, 'कारगिल दिवस पर किसकी विजय हुई थी।' इसके बाद जदुमणि ने बताया कि कारगिल विजय दिवस पर उनकी फाइट पाकिस्तानी मुक्केबाज के साथ थी और वह खुद भारतीय सेना से हैं, तो हर हाल में पाकिस्तान को हराना चाहते थे। उन्होंने बताया कि वह ऐसा करने में सफल भी रहे और उन्होंने पाकिस्तान के मुक्केबाज को 5-0 से हराया। जदुमणि ने बताया कि उन्होंने यह जीत कारगिल के वीर जवानों को समर्पित की थी।
इसके बाद प्रधानमंत्री ने जदुमणि से कहा, 'आप स्वंय सेना से हैं, तो मैं जरूर मानता हूं कि आपने जो देश के वीर जवानों के प्रति यह जो भाव प्रकट किया कि मैं यह जीत या मेडल कारगिल के विजेताओं को समर्पित करता हूं, उसने उस विजय पर चार चांद लगा दिए। आपने उसको ही पराजित किया, जिसको करना था।' भारतीय मुक्केबाज जदुमणि सिंह ने 55 किलोग्राम वर्ग में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सिल्वर मेडल अपने नाम किया। हालांकि, वह गोल्ड लाने से चूक गए और उन्हें फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के जे डिक्सन के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा।
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हालांकि, टूर्नामेंट में भारतीय मु्क्केबाजों का प्रदर्शन यादगार रहा। मुक्केबाजी में भारत ने कुल 10 मेडल अपनी झोली में डाले, जिसमें सात गोल्ड मेडल रहे। ग्लासगो में भारत ने 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और नौ ब्रॉन्ज समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। भारत ने टूर्नामेंट का अंत चौथे स्थान पर रहते हुए किया। शूटिंग, बैडमिंटन, हॉकी और रेसलिंग के न होने के बावजूद भारत का कॉमनवेल्थ गेम्स में प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा। भारत ने पहली बार जूडो के खेल में दो गोल्ड मेडल जीते, जबकि गुलवीर एक ही कॉमनवेल्थ गेम्स में दो मेडल जीतने वाले पहले खिलाड़ी बने।
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पीएम मोदी ने खिलाड़ियों के बातचीत के दौरान पूछा, 'कारगिल दिवस पर किसकी विजय हुई थी।' इसके बाद जदुमणि ने बताया कि कारगिल विजय दिवस पर उनकी फाइट पाकिस्तानी मुक्केबाज के साथ थी और वह खुद भारतीय सेना से हैं, तो हर हाल में पाकिस्तान को हराना चाहते थे। उन्होंने बताया कि वह ऐसा करने में सफल भी रहे और उन्होंने पाकिस्तान के मुक्केबाज को 5-0 से हराया। जदुमणि ने बताया कि उन्होंने यह जीत कारगिल के वीर जवानों को समर्पित की थी।
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इसके बाद प्रधानमंत्री ने जदुमणि से कहा, 'आप स्वंय सेना से हैं, तो मैं जरूर मानता हूं कि आपने जो देश के वीर जवानों के प्रति यह जो भाव प्रकट किया कि मैं यह जीत या मेडल कारगिल के विजेताओं को समर्पित करता हूं, उसने उस विजय पर चार चांद लगा दिए। आपने उसको ही पराजित किया, जिसको करना था।' भारतीय मुक्केबाज जदुमणि सिंह ने 55 किलोग्राम वर्ग में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सिल्वर मेडल अपने नाम किया। हालांकि, वह गोल्ड लाने से चूक गए और उन्हें फाइनल में ऑस्ट्रेलिया के जे डिक्सन के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा।
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हालांकि, टूर्नामेंट में भारतीय मु्क्केबाजों का प्रदर्शन यादगार रहा। मुक्केबाजी में भारत ने कुल 10 मेडल अपनी झोली में डाले, जिसमें सात गोल्ड मेडल रहे। ग्लासगो में भारत ने 13 गोल्ड, 17 सिल्वर और नौ ब्रॉन्ज समेत कुल 39 मेडल अपने नाम किए। भारत ने टूर्नामेंट का अंत चौथे स्थान पर रहते हुए किया। शूटिंग, बैडमिंटन, हॉकी और रेसलिंग के न होने के बावजूद भारत का कॉमनवेल्थ गेम्स में प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा। भारत ने पहली बार जूडो के खेल में दो गोल्ड मेडल जीते, जबकि गुलवीर एक ही कॉमनवेल्थ गेम्स में दो मेडल जीतने वाले पहले खिलाड़ी बने।