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गूगल का बड़ा फैसला: नौ अक्तूबर से मुफ्त और AI Plus यूजर्स के लिए सीमित होंगे जेमिनी मॉडल्स; क्या है नया नियम?
Mon, 05 Oct 2026 03:29 PM IST
जागृति शुक्ला
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: जागृति शुक्ला
Updated Mon, 05 Oct 2026 03:29 PM IST
सार
क्या आप भी गूगल का जेमिनी फ्री या एंट्री-लेवल प्लान के साथ इस्तेमाल करते हैं? अगर हां, तो आपके लिए जल्द बड़ा बदलाव होने वाला है। गूगल अपनी पॉलिसी में बदलाव करते हुए फ्री और एआई प्लस सब्सक्राइबर्स के लिए कुछ एआई मॉडल्स का एक्सेस सीमित करने जा रहा है। साथ ही कंपनी जेमिनी में कंप्यूट-बेस्ड यूसेज लिमिट लागू करेगी। आइए जानते हैं गूगल के नए नियम और अलग-अलग प्लान में मिलने वाले फायदों के बारे में।
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गूगल का बड़ा फैसला
- फोटो : एआई जनरेटेड
विस्तार
गूगल अपने कंज्यूमर सेगमेंट के लिए एआई मॉडल्स की पहुंच में बड़ा बदलाव करने की तैयारी में है। कंपनी अपने मुफ्ट यूजर्स और एंट्री लेवल एआई प्लस सब्सक्राइबर्स दोनों के लिए उपलब्ध एआई मॉडल्स पर सख्त सीमाएं (Model Caps) लगा रही है। गूगल के अपडेटेड सपोर्ट डॉक्यूमेंट के अनुसार, ये नए नियम नौ अक्तूबर से लागू हो जाएंगे। कंपनी का यह फैसला मई में पेश किए गए कंप्यूट-बेस्ड यूसेज ट्रैकिंग सिस्टम पर आधारित है। अगर आप भी गूगल जेमिनी वेब या मोबाइल एप का इस्तेमाल करते हैं, तो जानें कि आपके प्लान पर इसका क्या असर पड़ेगा।
फ्री और पेइंग यूजर्स: जानें किस प्लान में क्या मिलेगा?
गूगल की नई पॉलिसी ने अपने अलग-अलग सब्सक्रिप्शन टियर्स के वैल्यू प्रपोजिशन को पूरी तरह बदल सकता है। इसमें यह प्लान शामिल होंगे।
गूगल की नई कंप्यूट-बेस्ड यूसेज लिमिट क्या है?
मॉडल रीशफल के साथ-साथ गूगल मीडिया जनरेशन (इमेज, वीडियो और म्यूजिक), डीप रिसर्च और प्रो मॉडल के इस्तेमाल पर नई सीमाएं तय करने की तैयारी में है। गूगल के आधिकारिक बयान के अनुसार, जेमिनी अब कंप्यूट-बेस्ड यूसेज लिमिट पर शिफ्ट होगा, जो हर पांच घंटे में रिफ्रेश होंगी जब तक आप अपनी वीकली (साप्ताहिक) लिमिट तक नहीं पहुंच जाते। आपके यूसेज की गणना आपके प्रॉम्प्ट की जटिलता, इस्तेमाल किए गए फीचर्स और चैट की लंबाई को ध्यान में रखकर की जाएगी। पेड यूजर्स के पास बिना गूगल एआई सब्सक्रिप्शन वाले यूजर्स से ज्यादा लिमिट होती है। प्रीमियम मॉडल और फीचर्स ज्यादा यूसेज लेते हैं और इससे आप तेजी से लिमिट तक पहुंच सकते हैं।
किस प्लान में कितनी यूजेस लिमट?
गूगल की नई व्यवस्था में अलग-अलग प्लान के लिए यूसेज लिमिट अलग रखी गई है।
इसका मतलब है कि जैसे-जैसे यूजर महंगे प्लान की तरफ जाता है, उसे सिर्फ ज्यादा मॉडल एक्सेस ही नहीं बल्कि ज्यादा कंप्यूट क्षमता भी मिलती है।
गूगल क्यों कर रहा है ऐसा बदलाव?
इस बदलाव से जेमिनी के अलग-अलग सब्सक्रिप्शन प्लान्स के बीच अंतर और स्पष्ट हो जाएगा। फ्री यूजर्स को हल्के मॉडल तक सीमित किया जाएगा, एआई प्लस में फ्लैश तक पहुंच करेगी और प्रो मॉडल का इस्तेमाल एआई प्रो और एआई अल्ट्रा यूजर्स के लिए रखा जाएगा। इसके साथ ही ज्यादा कंप्यूट लेने वाले फीचर्स के लिए इस्तेमाल की सीमा भी तय की जा रही है। इससे गूगल को एआई कंप्यूट संसाधनों को अलग-अलग यूजर्स और प्लान्स के बीच मैनेज करने में मदद मिल सकती है।
आम जेमिनी यूजर्स पर क्या असर पड़ेगा?
अगर आप जेमिनी का इस्तेमाल सिर्फ सामान्य सवाल पूछने, जानकारी लेने या रोजमर्रा के छोटे कामों के लिए करते हैं, तो फ्लैश-लाइट का एक्सेस आपके लिए पर्याप्त हो सकता है, लेकिन अगर आप जेमिनी का इस्तेमाल जटिल सवालों, लंबे डॉक्यूमेंट्स, डीप रिसर्च, प्रो मॉडल, इमेज-वीडियो-म्यूजिक जनरेशन या ज्यादा कठिन रीजनिंग के लिए करते हैं, तो नए बदलाव का असर ज्यादा महसूस हो सकता है। ऐसे यूजर्स के सामने बेहतर मॉडल और ज्यादा यूसेज लिमिट पाने के लिए पेड प्लान लेने का विकल्प रहेगा।
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फ्री और पेइंग यूजर्स: जानें किस प्लान में क्या मिलेगा?
गूगल की नई पॉलिसी ने अपने अलग-अलग सब्सक्रिप्शन टियर्स के वैल्यू प्रपोजिशन को पूरी तरह बदल सकता है। इसमें यह प्लान शामिल होंगे।
- फ्री यूजर्स: नौ अक्तूबर से बिना किसी एक्टिव सब्सक्रिप्शन के जेमिनी चलाने वाले यूजर्स को सिर्फ (3.5) फ्लैश-लाइट मॉडल का ही एक्सेस मिलेगा। इन यूजर्स से तेज (3.6) Flash और अधिक सक्षम (3.1) Pro मॉडल का एक्सेस पूरी तरह वापस ले लिया जाएगा।
- एआई प्लस सब्सक्राइबर्स: एंट्री-लेवल पेड यूजर्स को अब सिर्फ (3.5) फ्लैश-लाइट और (3.6) फ्लैश मॉडल्स का एक्सेस मिलेगा। इस टियर के यूजर्स के लिए (3.1) प्रो मॉडल की उपलब्धता खत्म कर दी गई है।
- एआई प्रो सब्सक्राइबर्स: इस टियर से कोई भी मॉडल हटाया नहीं गया है। इसके बजाय, यूजर्स को एडवांस्ड डीप थिंक फीचर का एक्सेस दिया जा रहा है, जो अधिकतम पैरेलल रीजनिंग के लिए एक विशेष क्षमता है। पहले यह फीचर केवल 99.99 और 199.99 डॉलर वाले प्रीमियम मासिक प्लान्स तक ही सीमित था।
- एआई अल्ट्रा सब्सक्राइबर्स: इस टॉप-टियर प्लान में सभी सुविधाएं बरकरार रहेंगी। इसमें डीप थिंक फीचर के साथ-साथ आने वाले नए AI मॉडल्स का अर्ली एक्सेस भी मिलता रहेगा। मौजूदा क्षमताओं में कोई कटौती नहीं की गई है।
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गूगल की नई कंप्यूट-बेस्ड यूसेज लिमिट क्या है?
मॉडल रीशफल के साथ-साथ गूगल मीडिया जनरेशन (इमेज, वीडियो और म्यूजिक), डीप रिसर्च और प्रो मॉडल के इस्तेमाल पर नई सीमाएं तय करने की तैयारी में है। गूगल के आधिकारिक बयान के अनुसार, जेमिनी अब कंप्यूट-बेस्ड यूसेज लिमिट पर शिफ्ट होगा, जो हर पांच घंटे में रिफ्रेश होंगी जब तक आप अपनी वीकली (साप्ताहिक) लिमिट तक नहीं पहुंच जाते। आपके यूसेज की गणना आपके प्रॉम्प्ट की जटिलता, इस्तेमाल किए गए फीचर्स और चैट की लंबाई को ध्यान में रखकर की जाएगी। पेड यूजर्स के पास बिना गूगल एआई सब्सक्रिप्शन वाले यूजर्स से ज्यादा लिमिट होती है। प्रीमियम मॉडल और फीचर्स ज्यादा यूसेज लेते हैं और इससे आप तेजी से लिमिट तक पहुंच सकते हैं।
किस प्लान में कितनी यूजेस लिमट?
गूगल की नई व्यवस्था में अलग-अलग प्लान के लिए यूसेज लिमिट अलग रखी गई है।
| सब्सक्रिप्शन प्लान | तय यूसेज लिमिट |
| बिना प्लान (फ्री यूजर्स) | स्टैंडर्ड लिमिट्स |
| एआई प्लस प्लान | स्टैंडर्ड लिमिट्स से 2 गुना (2x) ज्यादा |
| एआई प्रो प्लान | स्टैंडर्ड लिमिट्स से 4 गुना (4x) ज्यादा |
| एआई अल्ट्रा प्लान | एआई प्रो से पांच गुना या 20 गुना ज्यादा (सब्सक्रिप्शन के प्रकार अनुसार) |
इसका मतलब है कि जैसे-जैसे यूजर महंगे प्लान की तरफ जाता है, उसे सिर्फ ज्यादा मॉडल एक्सेस ही नहीं बल्कि ज्यादा कंप्यूट क्षमता भी मिलती है।
गूगल क्यों कर रहा है ऐसा बदलाव?
इस बदलाव से जेमिनी के अलग-अलग सब्सक्रिप्शन प्लान्स के बीच अंतर और स्पष्ट हो जाएगा। फ्री यूजर्स को हल्के मॉडल तक सीमित किया जाएगा, एआई प्लस में फ्लैश तक पहुंच करेगी और प्रो मॉडल का इस्तेमाल एआई प्रो और एआई अल्ट्रा यूजर्स के लिए रखा जाएगा। इसके साथ ही ज्यादा कंप्यूट लेने वाले फीचर्स के लिए इस्तेमाल की सीमा भी तय की जा रही है। इससे गूगल को एआई कंप्यूट संसाधनों को अलग-अलग यूजर्स और प्लान्स के बीच मैनेज करने में मदद मिल सकती है।
आम जेमिनी यूजर्स पर क्या असर पड़ेगा?
अगर आप जेमिनी का इस्तेमाल सिर्फ सामान्य सवाल पूछने, जानकारी लेने या रोजमर्रा के छोटे कामों के लिए करते हैं, तो फ्लैश-लाइट का एक्सेस आपके लिए पर्याप्त हो सकता है, लेकिन अगर आप जेमिनी का इस्तेमाल जटिल सवालों, लंबे डॉक्यूमेंट्स, डीप रिसर्च, प्रो मॉडल, इमेज-वीडियो-म्यूजिक जनरेशन या ज्यादा कठिन रीजनिंग के लिए करते हैं, तो नए बदलाव का असर ज्यादा महसूस हो सकता है। ऐसे यूजर्स के सामने बेहतर मॉडल और ज्यादा यूसेज लिमिट पाने के लिए पेड प्लान लेने का विकल्प रहेगा।