क्या आपका फोन का कैमरा-माइक यूज कर रहे हैं एप्स?: एंड्रॉयड में ऐसे चेक करें एक्सेस, जानें बंद करने का तरीका
-एंड्रॉयड में कैमरा-माइक एक्सेस चेक कर सकते हैं।
-हरा इंडिकेटर एक्टिव कैमरा-माइक इस्तेमाल दिखाता है।
-क्विक सेटिंग्स से कैमरा-माइक एक्सेस बंद करें।
-एप की परमिशन सेटिंग्स में जाकर बदलें।
विस्तार
हम अपने स्मार्टफोन को कॉल-मैसेज के अलावा फोटो खींचने, वीडियो कॉल करने, सोशल मीडिया चलाने और ऑनलाइन मीटिंग जैसे कामों में भी इस्तेमाल करते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि एंड्रॉयड फोन में यह भी चेक किया जा सकता है कि कौन-सा एप कैमरे या माइक का इस्तेमाल कर रहा है? फोन में मौजूद कुछ प्राइवेसी फीचर्स की मदद से आप एप्स की एक्टिविटी पर नजर रख सकते हैं। जरूरत पड़ने पर उनकी परमिशन बंद भी कर सकते हैं। इससे आपको यह तय करने में मदद मिलती है कि किस एप को कैमरे और माइक्रोफोन का एक्सेस देना है।
कैमरा या माइक इस्तेमाल होने पर दिखता है हरा इंडिकेटर
- एंड्रॉयड 12 और इसके बाद के वर्जन में जब कोई एप कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करता है, तो स्क्रीन के ऊपरी दाएं कोने में हरे रंग का इंडिकेटर दिखाई देता है। यह संकेत देता है कि कैमरा या माइक सक्रिय है।
- अगर आपको यह इंडिकेटर दिखाई देता है और आप जानना चाहते हैं कि कौन-सा एप इसका इस्तेमाल कर रहा है, तो स्क्रीन पर ऊपर से नीचे की ओर स्वाइप करें। इसके बाद इंडिकेटर पर टैप करें। यहां आपको कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने वाले एप या सर्विस की जानकारी मिल सकती है।
- अगर किसी एप को कैमरा या माइक इस्तेमाल करने की जरूरत नहीं है, तो उसकी परमिशन जांचें और जरूरत के मुताबिक उसे बंद कर दें।
क्विक सेटिंग्स से बंद करें कैमरा और माइक्रोफोन एक्सेस
अगर आप चाहते हैं कि फोन के कैमरे या माइक्रोफोन का एक्सेस कुछ समय के लिए बंद रहे, तो क्विक सेटिंग्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए आप नीचे बताए गए स्टेप्स को फॉलो कर सकते हैं...
- फोन की स्क्रीन पर ऊपर से दो बार नीचे की ओर स्वाइप करें।
- क्विक सेटिंग्स में कैमरा एक्सेस या माइक्रोफोन एक्सेस का विकल्प खोजें।
- संबंधित टाइल पर टैप करके कैमरा या माइक का एक्सेस बंद करें।
- जरूरत पड़ने पर इसी विकल्प से एक्सेस दोबारा चालू कर सकते हैं।
- अगर क्विक सेटिंग्स में ये विकल्प दिखाई नहीं देते, तो एडिट या एड पर टैप करके संबंधित टाइल जोड़ने की कोशिश करें।
- ध्यान रखें कि इन विकल्पों का नाम और उपलब्धता फोन के मॉडल, एंड्रॉयड वर्जन और कंपनी के इंटरफेस के अनुसार अलग हो सकती है।
सेटिंग्स में जाकर एप की परमिशन ऐसे बदलें
- अगर आप किसी खास एप को कैमरा या माइक्रोफोन इस्तेमाल करने से रोकना चाहते हैं, तो उसकी परमिशन सीधे सेटिंग्स में जाकर बदल सकते हैं। इसके लिए फोन की सेटिंग्स खोलें और एप्स में जाएं। अब उस एप को चुनें जिसकी परमिशन जांचनी है। इसके बाद परमिशंस पर टैप करके कैमरा और माइक्रोफोन के विकल्प देखें।
- अगर एप को कैमरे या माइक की जरूरत नहीं है, तो उसकी परमिशन डॉन्ट अलाउ पर सेट कर सकते हैं। कुछ एंड्रॉयड फोन में आस्क एवरी टाइम का विकल्प भी मिलता है, जिससे एप को हर बार इस्तेमाल के लिए अनुमति मांगनी पड़ सकती है।
- हालांकि, हर एप में ये सभी विकल्प उपलब्ध नहीं होते। कैमरा या माइक्रोफोन की परमिशन बंद करने पर एप के कुछ फीचर्स काम करना बंद कर सकते हैं।
प्राइवेसी डैशबोर्ड से जानें किस एप ने कब किया कैमरा-माइक इस्तेमाल
एंड्रॉयड के प्राइवेसी डैशबोर्ड में यह देखने में मदद मिलती है कि हाल के समय में किन एप्स ने संवेदनशील परमिशन का इस्तेमाल किया है। इसे चेक करने के लिए इन स्टेप्स को फॉलो करें...
- फोन की सेटिंग्स खोलें।
- प्राइवेसी या सिक्योरिटी एंड प्राइवेसी सेक्शन में जाएं।
- प्राइवेसी डैशबोर्ड का विकल्प खोलें।
- कैमरा या माइक्रोफोन पर टैप करें।
- उपलब्ध रिकॉर्ड में देखें कि किन एप्स ने इनका इस्तेमाल किया और कब किया।
- एंड्रॉयड 12 और इसके बाद के वर्जन में प्राइवेसी डैशबोर्ड आम तौर पर पिछले 24 घंटों की गतिविधि दिखाता है। हालांकि, रिकॉर्ड की अवधि और मेन्यू का नाम फोन के वर्जन के हिसाब से अलग हो सकता है।
- अगर किसी एप का कैमरा या माइक इस्तेमाल करना आपको अनावश्यक लगता है, तो उसकी परमिशन पर दोबारा विचार कर सकते हैं।
अनजान एप्स को फोन से हटाना भी है जरूरी
- अगर फोन में कोई ऐसा एप मौजूद है जिसका इस्तेमाल आप नहीं करते या जिसके बारे में आपको जानकारी नहीं है, तो उसकी परमिशन जांचें। जरूरत न होने पर सेटिंग्स में एप्स खोलकर उस एप को चुनें और अनइंस्टाॅल पर टैप करें।
- हालांकि, फोन के जरूरी सिस्टम एप्स को बिना जानकारी के हटाने से बचें। कुछ सिस्टम एप डिवाइस के सही संचालन के लिए जरूरी होते हैं।
- इसके अलावा, फोन की सेटिंग्स में प्राइवेसी या सिक्योरिटी एंड प्राइवेसी सेक्शन में उपलब्ध सुरक्षा विकल्पों की समीक्षा करें। कुछ डिवाइस में एप एक्सेस और सुरक्षा जांच से जुड़े अतिरिक्त फीचर मिल सकते हैं। इनके नाम और काम फोन की कंपनी तथा एंड्रॉयड वर्जन के आधार पर अलग हो सकते हैं।
फोन की प्राइवेसी मजबूत रखने के लिए इन बातों का रखें ध्यान
- कैमरा और माइक्रोफोन की परमिशन समय-समय पर चेक करते रहें। जिन एप्स को इनकी जरूरत नहीं है, उनका एक्सेस बंद रखें।
- एप डाउनलोड करते समय उसके डेवलपर और जरूरतों पर ध्यान दें। साथ ही, फोन और एप्स को अपडेट रखें, ताकि उपलब्ध सुरक्षा सुधार मिल सकें।