Travel Booking Scam Alert: टिकट या होटल बुक करने से पहले पढ़ लें ये खबर, वरना खाली हो सकता है बैंक अकाउंट!
Travel Booking Scam Alert: छुट्टियों के सीजन में साइबर ठग फर्जी ट्रैवल वेबसाइट्स, व्हाट्सएप लिंक और नकली कस्टमर केयर नंबर के जरिए लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। टिकट और होटल बुकिंग के नाम पर बैंक अकाउंट खाली किए जा रहे हैं। जानिए ये नया ट्रैवल स्कैम कैसे काम करता है और इससे बचने के आसान तरीके।
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विस्तार
भारत में छुट्टियों का सीजन शुरू होते ही लोग घूमने-फिरने की प्लानिंग में लग जाते हैं। कोई फ्लाइट के टिकट बुक कर रहा है, तो कोई सस्ते होटल्स के पैकेज तलाश रहा है। लेकिन, आपकी इसी जल्दबाजी और सस्ती डील की तलाश का फायदा अब साइबर क्रिमिनल्स उठा रहे हैं।
टेक्नोलॉजी के इस दौर में हैकर्स पहले से कहीं ज्यादा स्मार्ट हो गए हैं। ट्रैवल सीजन आते ही इंटरनेट पर ऑनलाइन फ्रॉड के मामले तेजी से बढ़ जाते हैं। आइए समझते हैं कि ये साइबर ठग कैसे आपको अपना शिकार बना रहे हैं और आप खुद को कैसे सुरक्षित रख सकते हैं।
ऐसे बिछाया जाता है साइबर ठगी का जाल
साइबर क्रिमिनल्स लोगों को फंसाने के लिए टेक्नोलॉजी का भरपूर इस्तेमाल कर रहे हैं। इनके काम करने के मुख्य तरीके ये हैं:
असली दिखने वाली फेक वेबसाइट्स
सबसे ज्यादा खतरा उन लोगों को है, जो गूगल पर सस्ती डील्स खोजते हैं। हैकर्स असली ट्रैवल कंपनियों जैसी दिखने वाली सैकड़ों फर्जी वेबसाइट्स बना लेते हैं। यूजर को लगता है कि वह किसी भरोसेमंद साइट पर है, लेकिन पेमेंट करते ही उसका पैसा सीधे ठगों के अकाउंट में चला जाता है।
व्हाट्सएप और SMS पर लुभावने लिंक्स
आजकल लोगों को व्हाट्सएप या SMS के जरिए टारगेट किया जा रहा है। आपके पास मैसेज आता है- "यहां से बुक करें, 50% का डिस्काउंट" या "लास्ट मिनट डील, जल्दी करें!" इन मैसेज में एक लिंक होता है। जल्दबाजी में लोग बिना सोचे-समझे लिंक पर क्लिक करते हैं और अपनी बैंक डिटेल्स डाल देते हैं, जिससे उनका अकाउंट खाली हो जाता है।
गूगल पर फर्जी कस्टमर केयर नंबर
यह आजकल का सबसे बड़ा स्कैम है। जब लोग किसी ट्रैवल कंपनी का नंबर गूगल पर सर्च करते हैं, तो एसईओ ट्रिक्स का इस्तेमाल करके ठग अपना फर्जी नंबर सबसे ऊपर रैंक करवा देते हैं। जब आप कॉल करते हैं, तो वो खुद को कंपनी का एजेंट बताकर आपसे पेमेंट करवा लेते हैं और फिर नंबर बंद कर देते हैं।
⚠️ सावधान! नकली websites के जरिए cyber fraud से बचें
— CyberDost I4C (@Cyberdost) June 28, 2026
Cyber criminals fake booking websites और misleading links के ज़रिए लोगों को फर्जी यात्रा सेवाओं, helicopter bookings और payment scams का शिकार बना सकते हैं pic.twitter.com/HN1kjKqYQj
सिर्फ पैसे का नहीं, डेटा चोरी का भी है खतरा
इस स्कैम में सिर्फ बैंक बैलेंस खाली नहीं होता। जब आप किसी फर्जी वेबसाइट पर अपनी जानकारी भरते हैं, तो आपका बेहद कीमती डिजिटल डेटा भी चोरी हो जाता है, जैसे:
- क्रेडिट/डेबिट कार्ड की डिटेल्स
- फोन नंबर और ईमेल आईडी
- पहचान पत्र की जानकारी
- बाद में इस डेटा को डार्क वेब पर बेचा जा सकता है या आपके नाम पर दूसरे फ्रॉड किए जा सकते हैं।
ऑनलाइन बुकिंग करते समय इन बातों का रखें ध्यान
अगर आप थोड़ी सी डिजिटल समझदारी दिखाएं, तो इन साइबर हमलों से आसानी से बचा जा सकता है:
- URL को ध्यान से चेक करें: किसी भी वेबसाइट पर पेमेंट करने से पहले ब्राउजर के एड्रेस बार में उसका URL (लिंक) पढ़ें। कई बार हैकर्स असली नाम में स्पेलिंग की मामूली गलती करके फेक साइट बनाते हैं।
- सस्ते के लालच से बचें: अगर कोई डील जरूरत से ज्यादा सस्ती लग रही है, तो 99% चांस है कि वह एक स्कैम है।
- अनजान लिंक्स पर क्लिक न करें: व्हाट्सएप, SMS या ईमेल पर आए किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करके पेमेंट न करें। खासकर तब, जब मैसेज में जल्दी पेमेंट करने का दबाव बनाया जा रहा हो।
- आधिकारिक एप का इस्तेमाल करें: टिकट या होटल बुक करने के लिए ब्राउजर की जगह जानी-मानी कंपनियों के ऑफिशियल मोबाइल एप्स का इस्तेमाल करना ज्यादा सुरक्षित होता है।
- कस्टमर केयर नंबर एप से ही निकालें: गूगल पर सीधे कस्टमर केयर नंबर सर्च करने से बचें। हमेशा कंपनी की ऑफिशियल वेबसाइट या उनके एप के Contact Us सेक्शन से ही नंबर निकालें।
इंटरनेट ने हमारी जिंदगी आसान बनाई है, लेकिन थोड़ी सी लापरवाही हमें भारी नुकसान पहुंचा सकती है। बुकिंग करते समय सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और अपनी छुट्टियों का आनंद लें!