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Bageshwar News: एकमात्र महिला रोग विशेषज्ञ के छुट्टी, जिला अस्पताल में सीजर प्रसव ठप
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बागेश्वर। जिले की स्वास्थ्य व्यवस्थाएं और दावों की पोल फिर खुल गई है। जिला अस्पताल में तैनात जिले की एकमात्र महिला रोग विशेषज्ञ बीते आठ जून से अवकाश पर चल रही हैं। तब से गर्भवतियों के होने वाले सीजर प्रसव पूरी तरह ठप हो गए हैं। स्थिति यह है कि अस्पताल में तैनात अन्य सामान्य महिला चिकित्साधिकारी केवल नॉर्मल डिलीवरी ही करा पा रही हैं जिसके चलते गंभीर मामलों में प्रसूताओं को मजबूरी में हायर सेंटर रेफर करना पड़ रहा है।
जिला अस्पताल से आठ जून से अब तक चार गर्भवतियों को हायर सेंटर रेफर किया जा चुका है। इससे तीमारदारों को मानसिक और आर्थिक रूप से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जिला अस्पताल में महिला रोग विशेषज्ञ का न होना पूरी स्वास्थ्य व्यवस्था को पंगु बना रहा है। दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं को जब यहां सीजर की सुविधा नहीं मिल रही तो उन्हें अल्मोड़ा और हल्द्वानी जाना पड़ रहा है। आपातकालीन स्थिति में प्रसूताओं को रेफर करना उनके जीवन से खिलवाड़ करने जैसा है लेकिन जिला अस्पताल प्रशासन इस कमी को दूर करने में पूरी तरह लाचार नजर आ रहा है।
कोट
वर्तमान में तैनात एकमात्र विशेषज्ञ के अवकाश पर होने से सिजेरियन प्रसव में दिक्कतें आई हैं। जिले में विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी के बारे में शासन और महानिदेशालय को पहले ही अवगत कराया जा चुका है। शासन स्तर से ही डॉक्टरों की तैनाती की जाएगी। वर्तमान में अस्पताल की अन्य महिला डॉक्टरों को सामान्य प्रसव और प्राथमिक उपचार करने के निर्देश दिए हैं। - डॉ. कुमार आदित्य तिवारी, सीएमओ बागेश्वर
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जिला अस्पताल से आठ जून से अब तक चार गर्भवतियों को हायर सेंटर रेफर किया जा चुका है। इससे तीमारदारों को मानसिक और आर्थिक रूप से भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जिला अस्पताल में महिला रोग विशेषज्ञ का न होना पूरी स्वास्थ्य व्यवस्था को पंगु बना रहा है। दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं को जब यहां सीजर की सुविधा नहीं मिल रही तो उन्हें अल्मोड़ा और हल्द्वानी जाना पड़ रहा है। आपातकालीन स्थिति में प्रसूताओं को रेफर करना उनके जीवन से खिलवाड़ करने जैसा है लेकिन जिला अस्पताल प्रशासन इस कमी को दूर करने में पूरी तरह लाचार नजर आ रहा है।
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वर्तमान में तैनात एकमात्र विशेषज्ञ के अवकाश पर होने से सिजेरियन प्रसव में दिक्कतें आई हैं। जिले में विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी के बारे में शासन और महानिदेशालय को पहले ही अवगत कराया जा चुका है। शासन स्तर से ही डॉक्टरों की तैनाती की जाएगी। वर्तमान में अस्पताल की अन्य महिला डॉक्टरों को सामान्य प्रसव और प्राथमिक उपचार करने के निर्देश दिए हैं। - डॉ. कुमार आदित्य तिवारी, सीएमओ बागेश्वर