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Champawat News: झूमाधुरी के जंगल में अराजक तत्वों ने लगाई आग, वन संपदा नष्ट
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
Updated Sun, 01 Mar 2026 11:11 PM IST
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लोहाघाट (चंपावत)। विकासखंड लोहाघाट की ग्राम सभा पाटन-पाटनी स्थित प्रसिद्ध मां झूमाधुरी मंदिर के जंगलों में अराजक तत्वों ने आग लगाकर पर्यावरण को भारी क्षति पहुंचाई है। चीड़ के पत्तों (पिरुल) के कारण भड़की इस आग ने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया जिससे बेशकीमती वन संपदा जलकर नष्ट हो गई।
रविवार के दिन शरारती तत्वों की ओर से जंगल में लगाई गई आग हवा के साथ तेजी से फैलने लगी। आग की लपटें प्रसिद्ध मंदिर परिसर की ओर बढ़ने से खलबली मच गई। आग की चपेट में आने से बांज, देवदार और चीड़ के सैकड़ों छोटे पौधे (नई पौध) नष्ट हो गए हैं।
धुएं का गुबार पूरे इलाके में फैलने से दृश्यता कम हो गई है जिससे राहगीरों और ग्रामीणों की आंखों में जलन की समस्या होने लगी है। यह धुआं वन्यजीवों के लिए भी संकट बन गया है।
वनाग्नि की सूचना मिलते ही रेंजर एनबी पांडेय के नेतृत्व में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मशक्कत के बाद आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया।
कोट
- जंगल में जानबूझकर आग लगाना एक गंभीर कानूनी अपराध है। पकड़े जाने पर दोषी के खिलाफ कठोर सजा और जुर्माने का प्रावधान है। ग्रामीणों से अपील है कि वे आग लगाने वालों की सूचना तुरंत वन विभाग को दें। - सुनील कुमार, एसडीओ, वन विभाग
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रविवार के दिन शरारती तत्वों की ओर से जंगल में लगाई गई आग हवा के साथ तेजी से फैलने लगी। आग की लपटें प्रसिद्ध मंदिर परिसर की ओर बढ़ने से खलबली मच गई। आग की चपेट में आने से बांज, देवदार और चीड़ के सैकड़ों छोटे पौधे (नई पौध) नष्ट हो गए हैं।
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धुएं का गुबार पूरे इलाके में फैलने से दृश्यता कम हो गई है जिससे राहगीरों और ग्रामीणों की आंखों में जलन की समस्या होने लगी है। यह धुआं वन्यजीवों के लिए भी संकट बन गया है।
वनाग्नि की सूचना मिलते ही रेंजर एनबी पांडेय के नेतृत्व में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मशक्कत के बाद आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया।
कोट
- जंगल में जानबूझकर आग लगाना एक गंभीर कानूनी अपराध है। पकड़े जाने पर दोषी के खिलाफ कठोर सजा और जुर्माने का प्रावधान है। ग्रामीणों से अपील है कि वे आग लगाने वालों की सूचना तुरंत वन विभाग को दें। - सुनील कुमार, एसडीओ, वन विभाग