{"_id":"6a6b46ef64c8e1172f0a2d94","slug":"two-hyundai-employees-accused-of-fraud-and-embezzlement-worth-lakhs-of-rupees-haridwar-news-c-35-1-sdrn1005-152104-2026-07-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Haridwar News: हुंडई के दो कर्मचारियों पर लाखों की धोखाधड़ी और गबन का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Haridwar News: हुंडई के दो कर्मचारियों पर लाखों की धोखाधड़ी और गबन का आरोप
Thu, 30 Jul 2026 06:13 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरिद्वार
संवाद न्यूज एजेंसी, हरिद्वार
Updated Thu, 30 Jul 2026 06:13 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- फर्जी शपथपत्र और जाली दस्तावेजों से रिकॉर्ड छिपाने का आरोप; पुलिस ने दर्ज की प्राथमिकी
- ग्राहकों से ली गई रकम को हड़पने का ओराप
बहादराबाद। रानीपुर झाल स्थित डीपीएम हुंडई के दो सेल्स एक्जीक्यूटिव जय कौशिक उर्फ जय गोपाल शर्मा और अक्षय वालिया पर कंपनी व ग्राहकों के साथ लाखों रुपये की धोखाधड़ी, गबन और कूटरचना का आरोप लगा है। प्रशासनिक प्रबंधक गौरव कुमार की शिकायत पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आरोप है कि दोनों ने ग्राहकों से वाहन की कीमत, पंजीकरण और अन्य मदों की रकम लेकर कंपनी के खाते में जमा करने के बजाय हड़प ली तथा इसे छिपाने के लिए फर्जी शपथपत्र, जाली दस्तावेज और फर्जी बैंक अंतरण क्रमांक का इस्तेमाल किया। जांच में राजन से ग्रैंड आई-10 निऑस मैग्ना के लिए करीब 5.99 लाख रुपये, मोहम्मद मुस्तफा से 95 हजार, प्रवेश कुमार से 73 हजार और उज्ज्वल चौधरी से 1.26 लाख रुपये लेने के बाद कंपनी में जमा न करने का मामला सामने आया। प्रवेश कुमार को फर्जी नंबर प्लेट भी दी गई। आरोप है कि दोनों ने अन्य ग्राहकों की अग्रिम राशि का भी रिकॉर्ड में हेरफेर कर समायोजन दिखाया। 3.20 लाख रुपये का चेक भी अपर्याप्त धनराशि के कारण बाउंस हो गया। सीओ संजय चौहान ने बताया कि मामले की जांच जारी है।
विज्ञापन
- ग्राहकों से ली गई रकम को हड़पने का ओराप
बहादराबाद। रानीपुर झाल स्थित डीपीएम हुंडई के दो सेल्स एक्जीक्यूटिव जय कौशिक उर्फ जय गोपाल शर्मा और अक्षय वालिया पर कंपनी व ग्राहकों के साथ लाखों रुपये की धोखाधड़ी, गबन और कूटरचना का आरोप लगा है। प्रशासनिक प्रबंधक गौरव कुमार की शिकायत पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आरोप है कि दोनों ने ग्राहकों से वाहन की कीमत, पंजीकरण और अन्य मदों की रकम लेकर कंपनी के खाते में जमा करने के बजाय हड़प ली तथा इसे छिपाने के लिए फर्जी शपथपत्र, जाली दस्तावेज और फर्जी बैंक अंतरण क्रमांक का इस्तेमाल किया। जांच में राजन से ग्रैंड आई-10 निऑस मैग्ना के लिए करीब 5.99 लाख रुपये, मोहम्मद मुस्तफा से 95 हजार, प्रवेश कुमार से 73 हजार और उज्ज्वल चौधरी से 1.26 लाख रुपये लेने के बाद कंपनी में जमा न करने का मामला सामने आया। प्रवेश कुमार को फर्जी नंबर प्लेट भी दी गई। आरोप है कि दोनों ने अन्य ग्राहकों की अग्रिम राशि का भी रिकॉर्ड में हेरफेर कर समायोजन दिखाया। 3.20 लाख रुपये का चेक भी अपर्याप्त धनराशि के कारण बाउंस हो गया। सीओ संजय चौहान ने बताया कि मामले की जांच जारी है।
विज्ञापन