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Kotdwar News: देहरादून-लैंसडौन बस सेवा ठप, लोगों को हो रही भारी परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी, कोटद्वार
Updated Sun, 22 Mar 2026 04:49 PM IST
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पड़ताल
लैंसडौन। देहरादून से लैंसडौन के बीच चलने वाली बस सेवा बंद होने से क्षेत्र के लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सीधी बस सेवा बंद होने से न केवल राजधानी से संपर्क टूट गया है, बल्कि यात्रियों को अलग-अलग स्टेशनों पर भटकना पड़ रहा है। दरअसल, 11 मार्च को लैंसडौन-कोटद्वार मार्ग पर तुसरानी मोड़ के पास एक बस की चपेट में आकर भानकोट निवासी 14 वर्षीय छात्र नैतिक जुयाल गंभीर रूप से घायल हो गया था। घटना के बाद पुलिस ने बस को सीज कर चालक को हिरासत में लिया था। कोतवाल रमेश तनवर के अनुसार, बस को रिलीज करने के आदेश दे दिए गए हैं और चालक को जमानत भी मिल चुकी है। इसके बावजूद बस अभी तक लैंसडौन कोतवाली परिसर के निकट नरेंद्र क्लब में खड़ी है। स्थानीय लोगों ने उत्तराखंड परिवहन निगम के अधिकारियों पर जानबूझकर सेवा बंद रखने का आरोप लगाया है। व्यापारी नमन वाधवा का कहना है कि बड़ी मुश्किल से यह सेवा शुरू हुई थी, लेकिन अब अधिकारी बस को रिलीज कराने या वैकल्पिक बस चलाने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। समाजसेवी मनवर सिंह रावत ने बताया कि यह बस सेवा लैंसडौन, जयहरीखाल, गुमखाल, डेरियाखाल, चुंडई, चमेठा, पीड़ा, धोबीघाट, पालकोट और दुगड्डा सहित लगभग 100 गांवों को जोड़ती है। सेवा बंद होने से सैकड़ों लोग देहरादून से कट गए हैं और सरकारी कार्यों के लिए आने-जाने वाले कर्मचारियों व आम जनता को भी भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
-बोले कोटद्वार के एआरएम
बस सेवा बहाली के लिए उत्तराखंड परिवहन निगम के देहरादून में उच्चाधिकारियों से बात की गई है। जल्दी ही बस संचालन शुरू करने का आश्वासन दिया गया है। -अनुराग पुरोहित, एआरएम, रोडवेज डिपो कोटद्वार।
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लैंसडौन। देहरादून से लैंसडौन के बीच चलने वाली बस सेवा बंद होने से क्षेत्र के लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सीधी बस सेवा बंद होने से न केवल राजधानी से संपर्क टूट गया है, बल्कि यात्रियों को अलग-अलग स्टेशनों पर भटकना पड़ रहा है। दरअसल, 11 मार्च को लैंसडौन-कोटद्वार मार्ग पर तुसरानी मोड़ के पास एक बस की चपेट में आकर भानकोट निवासी 14 वर्षीय छात्र नैतिक जुयाल गंभीर रूप से घायल हो गया था। घटना के बाद पुलिस ने बस को सीज कर चालक को हिरासत में लिया था। कोतवाल रमेश तनवर के अनुसार, बस को रिलीज करने के आदेश दे दिए गए हैं और चालक को जमानत भी मिल चुकी है। इसके बावजूद बस अभी तक लैंसडौन कोतवाली परिसर के निकट नरेंद्र क्लब में खड़ी है। स्थानीय लोगों ने उत्तराखंड परिवहन निगम के अधिकारियों पर जानबूझकर सेवा बंद रखने का आरोप लगाया है। व्यापारी नमन वाधवा का कहना है कि बड़ी मुश्किल से यह सेवा शुरू हुई थी, लेकिन अब अधिकारी बस को रिलीज कराने या वैकल्पिक बस चलाने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। समाजसेवी मनवर सिंह रावत ने बताया कि यह बस सेवा लैंसडौन, जयहरीखाल, गुमखाल, डेरियाखाल, चुंडई, चमेठा, पीड़ा, धोबीघाट, पालकोट और दुगड्डा सहित लगभग 100 गांवों को जोड़ती है। सेवा बंद होने से सैकड़ों लोग देहरादून से कट गए हैं और सरकारी कार्यों के लिए आने-जाने वाले कर्मचारियों व आम जनता को भी भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
-बोले कोटद्वार के एआरएम
बस सेवा बहाली के लिए उत्तराखंड परिवहन निगम के देहरादून में उच्चाधिकारियों से बात की गई है। जल्दी ही बस संचालन शुरू करने का आश्वासन दिया गया है। -अनुराग पुरोहित, एआरएम, रोडवेज डिपो कोटद्वार।
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