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Pauri News: शिक्षकों और सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा जीजीआईसी मलेथा
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
Updated Fri, 15 May 2026 06:46 PM IST
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श्रीनगर। विकासखंड कीर्तिनगर के ऐतिहासिक गांव मलेथा स्थित राजकीय बालिका इंटर कॉलेज (जीजीआईसी) लंबे समय से शिक्षकों और मूलभूत सुविधाओं की कमी से जूझ रहा है। विद्यालय में प्रधानाचार्य सहित कई प्रवक्ताओं के पद रिक्त पड़े हैं। वर्तमान में केवल दो स्थायी प्रवक्ता और एक अतिथि शिक्षक के सहारे इंटर कॉलेज का संचालन किया जा रहा है।
जीजीआईसी मलेथा टिहरी जनपद के लक्षमोली, चोपड़िया, जुयालगढ़ और बोंगा सहित पौड़ी जनपद के बिलकेदार, नकोट, जनासू और अरकणी समेत करीब एक दर्जन से अधिक गांवों की छात्राओं के लिए महत्वपूर्ण शिक्षण केंद्र है। इसके बावजूद विद्यालय में पर्याप्त शिक्षकों और सुविधाओं का अभाव बना हुआ है जिससे कई छात्राओं को अन्य विद्यालयों में अध्ययन के लिए जाना पड़ रहा है। विद्यालय में वर्तमान में केवल भौतिक विज्ञान और जीव विज्ञान विषयों के प्रवक्ता तैनात हैं जबकि रसायन विज्ञान विषय में अतिथि शिक्षक की तैनाती है। हिंदी और अंग्रेजी विषयों के पद अब तक सृजित नहीं किए गए हैं। वहीं कला वर्ग के पद स्वीकृत न होने से क्षेत्र की छात्राओं को कला वर्ग में पढ़ाई के लिए जीआईसी कीर्तिनगर या राइंका डांगचौरा जाना पड़ता है। स्थानीय निवासी व पूर्व प्रधान शूरवीर बिष्ट ने बताया कि पूरे विकासखंड में बालिकाओं के लिए केवल दो इंटर कॉलेज हैं लेकिन जीजीआईसी मलेथा की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है। विद्यालय में भवन, प्रयोगशाला और अन्य बुनियादी सुविधाओं की भी कमी है। यदि विद्यालय की व्यवस्थाओं में सुधार किया जाए तो क्षेत्र की बालिकाओं को काफी सुविधा मिलेगी।
-- -- पदों के सृजन के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। भवन व लैब आदि की व्यवस्थाएं भी जुटाने का प्रयास किया जा रहा है। गत वर्षों वहां पर अलग अलग निधियों से कक्षा कक्षों का निर्माण भी किया गया है। डॉ. वाईएस नेगी, खंड शिक्षाधिकारी कीर्तिनगर।
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जीजीआईसी मलेथा टिहरी जनपद के लक्षमोली, चोपड़िया, जुयालगढ़ और बोंगा सहित पौड़ी जनपद के बिलकेदार, नकोट, जनासू और अरकणी समेत करीब एक दर्जन से अधिक गांवों की छात्राओं के लिए महत्वपूर्ण शिक्षण केंद्र है। इसके बावजूद विद्यालय में पर्याप्त शिक्षकों और सुविधाओं का अभाव बना हुआ है जिससे कई छात्राओं को अन्य विद्यालयों में अध्ययन के लिए जाना पड़ रहा है। विद्यालय में वर्तमान में केवल भौतिक विज्ञान और जीव विज्ञान विषयों के प्रवक्ता तैनात हैं जबकि रसायन विज्ञान विषय में अतिथि शिक्षक की तैनाती है। हिंदी और अंग्रेजी विषयों के पद अब तक सृजित नहीं किए गए हैं। वहीं कला वर्ग के पद स्वीकृत न होने से क्षेत्र की छात्राओं को कला वर्ग में पढ़ाई के लिए जीआईसी कीर्तिनगर या राइंका डांगचौरा जाना पड़ता है। स्थानीय निवासी व पूर्व प्रधान शूरवीर बिष्ट ने बताया कि पूरे विकासखंड में बालिकाओं के लिए केवल दो इंटर कॉलेज हैं लेकिन जीजीआईसी मलेथा की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है। विद्यालय में भवन, प्रयोगशाला और अन्य बुनियादी सुविधाओं की भी कमी है। यदि विद्यालय की व्यवस्थाओं में सुधार किया जाए तो क्षेत्र की बालिकाओं को काफी सुविधा मिलेगी।
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