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Rishikesh News: दिसंबर तक के लिए रामझूला पुल पर आवाजाही बंद
Sun, 26 Jul 2026 02:39 AM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Sun, 26 Jul 2026 02:39 AM IST
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लोक निर्माण विभाग नरेंद्र नगर ने मरम्मत कार्य के लिए रामझूला पुल को आवाजाही के लिए पूर्ण रूप से बंद कर दिया है। विभाग का कहना है कि दिसंबर माह के अंत तक पुल को आवाजाही के लिए खोल दिया जाएगा।
रामझूला पुल जर्जर स्थिति में था। इसे प्रदेश के असुरक्षित पुलों में भी शामिल किया गया था। लंबे समय से इसकी मरम्मत के लिए कागजी कार्रवाई की जा रही थी। शासन से मरम्मत के लिए करीब 10 करोड़ की धनराशि स्वीकृत होने पर लोनिवि नरेंद्र नगर ने मरम्मत कार्य शुरू किया था।
लोक निर्माण विभाग के अनुसार गंगा नदी के भीतर पुल के 20 पायों (पाइलों) तथा 440 सस्पेंडर्स वायर को बदलने का कार्य किया जा रहा है। विभाग का लक्ष्य दिसंबर तक मरम्मत कार्य पूरा कर पुल को दोबारा खोलना है। वर्ष 1985 में निर्मित 220 मीटर लंबे और 3 मीटर चौड़े इस ऐतिहासिक सस्पेंशन पुल से मुनि की रेती और स्वर्गाश्रम क्षेत्र जुड़े हुए हैं।
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17 अगस्त 2023 से दो पहिया वाहन प्रतिबंधित
रामझूला पुल पर दोपहिया वाहनों का संचालन मुख्य रूप से 17 अगस्त 2023 को भारी बारिश और गंगा में आए उफान के कारण सहायक तार टूटने व दरारें आने के बाद पूरी तरह बंद कर दिया गया था, हालांकि इससे पहले जुलाई 2019 में भी कांवड़ यात्रा के दौरान कुछ समय के लिए दो पहिया वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई गई थी। गंगा के बढ़ते जलस्तर से सपोर्टिंग वायर और फाउंडेशन को नुकसान पूर्व जुलाई 2019 में भी सुरक्षा कारणों से एक दिन के लिए दोपहिया वाहन रोके गए थे।
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लक्ष्मणझूला बंद होने के बाद बढ़ गया था दबाव
टिहरी और पौड़ी जनपद सीमा को जोड़ने वाले करीब 92 साल पुराना लक्ष्मणझूला पुल को सुरक्षा की दृष्टि से 13 जुलाई 2019 को आवाजाही के लिए बंद कर दिया गया था। लक्ष्मणझूला बंद होने से स्थानीय लोगों और पर्यटकों को करीब दो से चार किमी पहले रामझूला और जानकीसेतु से आवाजाही करनी पड़ रही है। लक्ष्मणझूला बंद होने से रामझूला पर दबाव बढ़ गया था।
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रामझूला पुल को मरम्मत के लिए पूर्ण रूप से बंद कर लिया गया है। दिसंबर माह तक मरम्मत कार्य पूर्ण कर इसे दोबारा खोल दिया जाएगा। - प्रवीण कर्णवाल, अधिशासी अभियंता, लोनिवि नरेंद्र नगर।
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रामझूला पुल जर्जर स्थिति में था। इसे प्रदेश के असुरक्षित पुलों में भी शामिल किया गया था। लंबे समय से इसकी मरम्मत के लिए कागजी कार्रवाई की जा रही थी। शासन से मरम्मत के लिए करीब 10 करोड़ की धनराशि स्वीकृत होने पर लोनिवि नरेंद्र नगर ने मरम्मत कार्य शुरू किया था।
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लोक निर्माण विभाग के अनुसार गंगा नदी के भीतर पुल के 20 पायों (पाइलों) तथा 440 सस्पेंडर्स वायर को बदलने का कार्य किया जा रहा है। विभाग का लक्ष्य दिसंबर तक मरम्मत कार्य पूरा कर पुल को दोबारा खोलना है। वर्ष 1985 में निर्मित 220 मीटर लंबे और 3 मीटर चौड़े इस ऐतिहासिक सस्पेंशन पुल से मुनि की रेती और स्वर्गाश्रम क्षेत्र जुड़े हुए हैं।
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17 अगस्त 2023 से दो पहिया वाहन प्रतिबंधित
रामझूला पुल पर दोपहिया वाहनों का संचालन मुख्य रूप से 17 अगस्त 2023 को भारी बारिश और गंगा में आए उफान के कारण सहायक तार टूटने व दरारें आने के बाद पूरी तरह बंद कर दिया गया था, हालांकि इससे पहले जुलाई 2019 में भी कांवड़ यात्रा के दौरान कुछ समय के लिए दो पहिया वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई गई थी। गंगा के बढ़ते जलस्तर से सपोर्टिंग वायर और फाउंडेशन को नुकसान पूर्व जुलाई 2019 में भी सुरक्षा कारणों से एक दिन के लिए दोपहिया वाहन रोके गए थे।
लक्ष्मणझूला बंद होने के बाद बढ़ गया था दबाव
टिहरी और पौड़ी जनपद सीमा को जोड़ने वाले करीब 92 साल पुराना लक्ष्मणझूला पुल को सुरक्षा की दृष्टि से 13 जुलाई 2019 को आवाजाही के लिए बंद कर दिया गया था। लक्ष्मणझूला बंद होने से स्थानीय लोगों और पर्यटकों को करीब दो से चार किमी पहले रामझूला और जानकीसेतु से आवाजाही करनी पड़ रही है। लक्ष्मणझूला बंद होने से रामझूला पर दबाव बढ़ गया था।
रामझूला पुल को मरम्मत के लिए पूर्ण रूप से बंद कर लिया गया है। दिसंबर माह तक मरम्मत कार्य पूर्ण कर इसे दोबारा खोल दिया जाएगा। - प्रवीण कर्णवाल, अधिशासी अभियंता, लोनिवि नरेंद्र नगर।