{"_id":"69b2b38949c941ed180db874","slug":"libbarheri-mill-extends-crushing-season-work-to-continue-till-march-15-roorkee-news-c-5-1-drn1027-919590-2026-03-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Roorkee News: लिब्बरहेड़ी मिल ने बढ़ाई पेराई सत्र की अवधि, 15 मार्च तक चलेगा काम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Roorkee News: लिब्बरहेड़ी मिल ने बढ़ाई पेराई सत्र की अवधि, 15 मार्च तक चलेगा काम
विज्ञापन
विज्ञापन
उत्तम शुगर मिल्स लिमिटेड लिब्बरहेड़ी ने गन्ना किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए वर्तमान पेराई सत्र 2025-26 के लिए मिल बंदी की तिथि को आगे बढ़ा दिया है। मिल प्रबंधन की सूचना के अनुसार अब चीनी मिल 15 मार्च 2026 तक संचालित रहेगी।
इससे पूर्व मिल बंदी की संभावित तिथि 12 मार्च 2026 निर्धारित की गई थी हालांकि मिल प्रबंधन के संज्ञान में यह बात आई कि अभी भी कई क्षेत्रों के किसानों के पास आपूर्ति योग्य गन्ना खेतों में खड़ा है। किसानों को आर्थिक नुकसान से बचाने और उनके समस्त गन्ने की खरीद सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मिल प्रशासन ने संचालन को तीन दिन और बढ़ाने का निर्णय लिया गया है।
चीनी मिल के गन्ना महाप्रबंधक अनिल सिंह ने सहकारी गन्ना विकास समिति लिमिटेड को भेजे गए आधिकारिक पत्र में स्पष्ट किया कि जिन किसानों के पास गन्ना शेष है वे 15 मार्च 2026 तक हर हाल में अपनी आपूर्ति सुनिश्चित कर लें। इस तिथि के बाद पेराई सत्र 2025-26 को अंतिम रूप से बंद कर दिया जाएगा। समय सीमा समाप्त होने के बाद यदि किसी किसान का गन्ना शेष बचता है तो उसके लिए मिल प्रबंधन जिम्मेदार नहीं होगा। मिल प्रशासन ने गन्ना समिति से अनुरोध किया है कि इस सूचना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि कोई भी किसान जानकारी के अभाव में गन्ना आपूर्ति से वंचित न रह जाए।
Trending Videos
इससे पूर्व मिल बंदी की संभावित तिथि 12 मार्च 2026 निर्धारित की गई थी हालांकि मिल प्रबंधन के संज्ञान में यह बात आई कि अभी भी कई क्षेत्रों के किसानों के पास आपूर्ति योग्य गन्ना खेतों में खड़ा है। किसानों को आर्थिक नुकसान से बचाने और उनके समस्त गन्ने की खरीद सुनिश्चित करने के उद्देश्य से मिल प्रशासन ने संचालन को तीन दिन और बढ़ाने का निर्णय लिया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
चीनी मिल के गन्ना महाप्रबंधक अनिल सिंह ने सहकारी गन्ना विकास समिति लिमिटेड को भेजे गए आधिकारिक पत्र में स्पष्ट किया कि जिन किसानों के पास गन्ना शेष है वे 15 मार्च 2026 तक हर हाल में अपनी आपूर्ति सुनिश्चित कर लें। इस तिथि के बाद पेराई सत्र 2025-26 को अंतिम रूप से बंद कर दिया जाएगा। समय सीमा समाप्त होने के बाद यदि किसी किसान का गन्ना शेष बचता है तो उसके लिए मिल प्रबंधन जिम्मेदार नहीं होगा। मिल प्रशासन ने गन्ना समिति से अनुरोध किया है कि इस सूचना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि कोई भी किसान जानकारी के अभाव में गन्ना आपूर्ति से वंचित न रह जाए।