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Tehri News: जमीन दान में मिली फिर भी 27 साल में नहीं बना अस्पताल भवन
Sun, 18 Oct 2026 06:36 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
Updated Sun, 18 Oct 2026 06:36 PM IST
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कंडीसौड़ (टिहरी)। थौलधार ब्लॉक के दूरस्थ कटखेत में आयुर्वेदिक अस्पताल के भवन निर्माण की उम्मीद जगी है। विभाग ने इस वित्तीय वर्ष में भवन निर्माण का प्रस्ताव तैयार करने की बात कही है। अस्पताल के लिए ग्रामीणों ने 1999 में निजी भूमि दान दी थी लेकिन 27 साल बाद भी अस्पताल अपना भवन नहीं बना सका है।
जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र का कहना है कि अस्पताल के लिए भूमि दान में मिलने की जानकारी उन्हें चार-पांच माह पहले ही मिली थी। इसके बाद उन्होंने स्वयं भूमि का निरीक्षण किया। अब भूमि के दाखिल-खारिज की प्रक्रिया चल रही है। कटखेत में ग्रामीणों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए वर्ष 1999 में आयुर्वेदिक अस्पताल स्वीकृत हुआ था। ग्रामीणों ने 6 जून 1999 को अस्पताल भवन के लिए निजी भूमि निशुल्क विभाग को दान दी थी। भूमि की रजिस्ट्री भी विभाग के नाम दर्ज है। इसके बावजूद अब तक भवन निर्माण नहीं हो सका है।
पूर्व जिला पंचायत सदस्य जयवीर सिंह रावत, राजेंद्र प्रसाद जोशी, उत्तम सिंह राणा और प्रेम सिंह नेगी ने अस्पताल भवन निर्माण में देरी पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि यदि समय पर भवन बन जाता तो दूरस्थ क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलती। अब विभाग की ओर से इसी वित्तीय वर्ष में प्रस्ताव तैयार करने की बात कही गई है। ऐसे में ग्रामीणों को निर्माण कार्य शुरू होने का इंतजार है।
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जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र का कहना है कि अस्पताल के लिए भूमि दान में मिलने की जानकारी उन्हें चार-पांच माह पहले ही मिली थी। इसके बाद उन्होंने स्वयं भूमि का निरीक्षण किया। अब भूमि के दाखिल-खारिज की प्रक्रिया चल रही है। कटखेत में ग्रामीणों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिए वर्ष 1999 में आयुर्वेदिक अस्पताल स्वीकृत हुआ था। ग्रामीणों ने 6 जून 1999 को अस्पताल भवन के लिए निजी भूमि निशुल्क विभाग को दान दी थी। भूमि की रजिस्ट्री भी विभाग के नाम दर्ज है। इसके बावजूद अब तक भवन निर्माण नहीं हो सका है।
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पूर्व जिला पंचायत सदस्य जयवीर सिंह रावत, राजेंद्र प्रसाद जोशी, उत्तम सिंह राणा और प्रेम सिंह नेगी ने अस्पताल भवन निर्माण में देरी पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि यदि समय पर भवन बन जाता तो दूरस्थ क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलती। अब विभाग की ओर से इसी वित्तीय वर्ष में प्रस्ताव तैयार करने की बात कही गई है। ऐसे में ग्रामीणों को निर्माण कार्य शुरू होने का इंतजार है।
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