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Uttarkashi News: आईटीबीपी के जवानों को मिलेगी स्थानीय ताजी सब्जियां
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
Updated Wed, 13 May 2026 05:54 PM IST
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उद्यान विभाग और हॉर्टिकल्चर बोर्ड के सहयोग से हुआ एमओयू
उत्तरकाशी। जनपद के किसानों की ओर से उगाई गई सब्जियां अब देश की सीमाओं पर तैनात आईटीबीपी के जवानों तक पहुंचेगी। उद्यान विभाग और हॉर्टिकल्चर बोर्ड के सहयोग से हुए एमओयू के तहत आईटीबीपी की 35वीं और 12वीं बटालियन को किसानों की सब्जियों की आपूर्ति शुरू कर दी गई है।
यह पहल रेणुका समिति के माध्यम से संचालित की जा रही है। इसके तहत रेणुका चौमास एफपीओ और भागीरथी अन्नपूर्णा एफपीओ से जुड़े किसानों की उपज को एकत्र कर आईटीबीपी तक पहुंचाया जा रहा है। योजना का उद्देश्य किसानों को स्थायी बाजार उपलब्ध कराना, पारंपरिक खेती को बढ़ावा देना और स्थानीय उत्पादों का संरक्षण करना है।
कार्यक्रम की पहली खेप को बुधवार को उत्तरकाशी से रवाना किया गया। इस मौके पर जिलाधिकारी डॉ. प्रशांत आर्य, मुख्य उद्यान अधिकारी डॉ. रजनीश सिंह, नाबार्ड के डीडीएम पारित गुप्ता, रेणुका समिति की अध्यक्ष प्रज्ज्वल उनियाल, भागीरथी अन्नपूर्णा एफपीओ के सीईओ यशवंत बिष्ट सहित उद्यान विभाग, आईटीबीपी और नाबार्ड के अधिकारी मौजूद रहे।
इस अवसर पर मातली क्षेत्र में स्कूली बच्चों के लिए नॉलेज एक्सचेंज प्रोग्राम का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम में बच्चों को खेती, स्थानीय उत्पादों, मोटे अनाज और स्वरोजगार के महत्व की जानकारी दी गई। जिलाधिकारी डॉ. प्रशांत आर्य ने कहा कि किसानों की उपज को संस्थागत बाजार उपलब्ध कराना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
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उत्तरकाशी। जनपद के किसानों की ओर से उगाई गई सब्जियां अब देश की सीमाओं पर तैनात आईटीबीपी के जवानों तक पहुंचेगी। उद्यान विभाग और हॉर्टिकल्चर बोर्ड के सहयोग से हुए एमओयू के तहत आईटीबीपी की 35वीं और 12वीं बटालियन को किसानों की सब्जियों की आपूर्ति शुरू कर दी गई है।
यह पहल रेणुका समिति के माध्यम से संचालित की जा रही है। इसके तहत रेणुका चौमास एफपीओ और भागीरथी अन्नपूर्णा एफपीओ से जुड़े किसानों की उपज को एकत्र कर आईटीबीपी तक पहुंचाया जा रहा है। योजना का उद्देश्य किसानों को स्थायी बाजार उपलब्ध कराना, पारंपरिक खेती को बढ़ावा देना और स्थानीय उत्पादों का संरक्षण करना है।
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कार्यक्रम की पहली खेप को बुधवार को उत्तरकाशी से रवाना किया गया। इस मौके पर जिलाधिकारी डॉ. प्रशांत आर्य, मुख्य उद्यान अधिकारी डॉ. रजनीश सिंह, नाबार्ड के डीडीएम पारित गुप्ता, रेणुका समिति की अध्यक्ष प्रज्ज्वल उनियाल, भागीरथी अन्नपूर्णा एफपीओ के सीईओ यशवंत बिष्ट सहित उद्यान विभाग, आईटीबीपी और नाबार्ड के अधिकारी मौजूद रहे।
इस अवसर पर मातली क्षेत्र में स्कूली बच्चों के लिए नॉलेज एक्सचेंज प्रोग्राम का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम में बच्चों को खेती, स्थानीय उत्पादों, मोटे अनाज और स्वरोजगार के महत्व की जानकारी दी गई। जिलाधिकारी डॉ. प्रशांत आर्य ने कहा कि किसानों की उपज को संस्थागत बाजार उपलब्ध कराना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।