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Amit Shah on Rahul Gandhi: Amit Shah's taunt on Rahul Gandhi on rising prices of petrol and diesel!
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Amit Shah ON Rahul Gandhi: पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों पर अमित शाह का राहुल गांधी पर तंज!
वीडियो डेस्क अमर उजाला डॉट कॉम Published by: Bhaskar Tiwari Updated Tue, 07 Apr 2026 03:00 AM IST
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पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतें देश में एक प्रमुख राजनीतिक और आर्थिक मुद्दा बन गई हैं, जिस पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच लगातार आरोप-प्रत्यारोप देखने को मिलते हैं। इसी संदर्भ में Amit Shah ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तंज कसते हुए कहा कि विपक्ष जनता को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जब कांग्रेस की सरकार थी, तब भी ईंधन की कीमतें अंतरराष्ट्रीय बाजार के हिसाब से तय होती थीं, लेकिन उस समय विपक्ष (अब की कांग्रेस) इस मुद्दे को राजनीतिक रूप से उतना नहीं उठाता था। अमित शाह ने यह तर्क दिया कि वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव का सीधा असर भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर पड़ता है, इसलिए केवल केंद्र सरकार को इसके लिए दोष देना उचित नहीं है।
दूसरी ओर, राहुल गांधी लगातार सरकार पर निशाना साधते रहे हैं और उन्होंने आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार भारी टैक्स लगाकर आम जनता पर बोझ डाल रही है। उनका कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कई बार कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई, लेकिन उसका पूरा लाभ उपभोक्ताओं तक नहीं पहुंचाया गया। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए अमित शाह ने कहा कि सरकार द्वारा लिए गए टैक्स का उपयोग देश के विकास, बुनियादी ढांचे और गरीब कल्याण योजनाओं में किया जाता है, इसलिए इसे केवल नकारात्मक रूप में देखना उचित नहीं है।
इस राजनीतिक बयानबाजी के बीच आम जनता सबसे अधिक प्रभावित होती है, क्योंकि ईंधन की कीमतें बढ़ने से परिवहन लागत बढ़ती है, जिसका असर सीधे तौर पर रोजमर्रा की वस्तुओं की कीमतों पर पड़ता है। विशेषज्ञों का मानना है कि भारत जैसे आयात-निर्भर देश में ईंधन की कीमतों को पूरी तरह नियंत्रित करना आसान नहीं है, लेकिन सरकार टैक्स में राहत देकर कुछ हद तक आम लोगों को राहत दे सकती है। कुल मिलाकर, पेट्रोल-डीजल की कीमतों को लेकर जारी यह बहस न केवल राजनीतिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, बल्कि इसका सीधा संबंध देश की अर्थव्यवस्था और आम जनता के जीवन स्तर से भी जुड़ा हुआ है।
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