{"_id":"6957302061f01247170f2a2b","slug":"eight-us-lawmakers-write-letter-to-indian-ambassador-to-seek-bail-for-umar-khalid-in-delhi-riot-case-2026-01-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Umar Khalid: 'उमर खालिद को जमानत पर रिहा करो', आठ अमेरिकी सांसदों ने की मांग; भारतीय राजदूत को लिखा पत्र","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Umar Khalid: 'उमर खालिद को जमानत पर रिहा करो', आठ अमेरिकी सांसदों ने की मांग; भारतीय राजदूत को लिखा पत्र
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
Published by: नितिन गौतम
Updated Fri, 02 Jan 2026 08:10 AM IST
विज्ञापन
सार
दिल्ली दंगा मामले में जेल में बंद उमर खालिद के समर्थन में अमेरिका के आठ सांसदों ने भारतीय राजदूत को चिट्ठी लिखी है। इस चिट्ठी में उमर खालिद को जमानत पर रिहा करने और मामले की सुनवाई जल्द शुरू करने की भी मांग की।
उमर खालिद
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
अमेरिका के आठ सांसदों ने दिल्ली दंगा मामले में आरोपी उमर खालिद को जमानत पर रिहा करने की मांग की है। इस मांग को लेकर अमेरिकी सांसदों ने अमेरिका में तैनात भारतीय राजदूत को चिट्ठी लिखी है। चिट्ठी में उमर खालिद को जमानत देने और दिल्ली दंगा मामले की निष्पक्ष और समयबद्ध कार्रवाई करने की भी मांग की गई है। उमर खालिद दिल्ली दंगा मामले में आरोपी है और गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम के तहत बीते पांच साल से अधिक समय से जेल में बंद है।
उमर खालिद को जमानत पर रिहा करने की मांग
अमेरिकी सांसदों ने मुकदमे की सुनवाई शुरू होने से पहले लंबे समय तक उमर खालिद को जेल में रखने पर चिंता जाहिर की। चिट्ठी लिखने वाले अमेरिकी सांसदों का नेतृत्व डेमोक्रेट सांसद जिम मैकगवर्न और जैमी रस्किन ने किया। चिट्ठी में मांग की गई है कि उमर खालिद मामले की सुनवाई जल्द शुरू हो और साथ ही उसे जमानत पर रिहा किया जाए।
जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी का पूर्व छात्र उमर खालिद साल 2020 के दिल्ली दंगा मामले में साजिश रचने का आरोपी है और इस मामले में गिरफ्तारी के बाद से ही जेल में बंद है। मैकगवर्न और रस्किन के अलावा चिट्ठी लिखने वाले सांसदों में डेमोक्रेट सांसद क्रिस वान होलेन, पीटर वाल्च, प्रमिला जयपाल, जैन स्कावोस्की, राशिदा तालिब और लॉयड डॉगेट शामिल हैं।
ये भी पढ़ें- Bangladesh: खालिदा जिया की मौत की जिम्मेदार शेख हसीना, बीएनपी का बड़ा आरोप; प्रतिशोध में भेजा गया था जेल
उमर खालिद के परिजनों ने अमेरिकी सांसदों से की थी मुलाकात
अमेरिकी सांसदों ने चिट्ठी में भारतीय लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति सम्मान दिखाया लेकिन ये भी सवाल किया कि सुनवाई शुरू हुए बगैर खालिद को इतने लंबे समय तक हिरासत में क्यों रखा गया है। उन्होंने कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय कानूनी नियमों के खिलाफ है। उन्होंने पूछा कि बीते पांच साल में न्यायिक सुनवाई शुरू क्यों नहीं हो सकी है? अमेरिकी सांसदों ने उस कानून को लेकर भी चिंता जताई, जिसमें बिना सुनवाई के आरोपी को लंबे समय तक हिरासत में रखा जा सकता है। मैकगवर्न ने बताया कि उन्होंने हाल ही में वॉशिंगटन में उमर खालिद के परिजनों से मुलाकात की थी।
Trending Videos
उमर खालिद को जमानत पर रिहा करने की मांग
अमेरिकी सांसदों ने मुकदमे की सुनवाई शुरू होने से पहले लंबे समय तक उमर खालिद को जेल में रखने पर चिंता जाहिर की। चिट्ठी लिखने वाले अमेरिकी सांसदों का नेतृत्व डेमोक्रेट सांसद जिम मैकगवर्न और जैमी रस्किन ने किया। चिट्ठी में मांग की गई है कि उमर खालिद मामले की सुनवाई जल्द शुरू हो और साथ ही उसे जमानत पर रिहा किया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Earlier this month, I met with the parents of Umar Khalid, who has been jailed in India for over 5 years without trial. @RepRaskin & I are leading our colleagues to urge that he be granted bail & a fair, timely trial in accordance with international law. pic.twitter.com/tBIbG1aOwc
— Rep. Jim McGovern (@RepMcGovern) December 30, 2025
जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी का पूर्व छात्र उमर खालिद साल 2020 के दिल्ली दंगा मामले में साजिश रचने का आरोपी है और इस मामले में गिरफ्तारी के बाद से ही जेल में बंद है। मैकगवर्न और रस्किन के अलावा चिट्ठी लिखने वाले सांसदों में डेमोक्रेट सांसद क्रिस वान होलेन, पीटर वाल्च, प्रमिला जयपाल, जैन स्कावोस्की, राशिदा तालिब और लॉयड डॉगेट शामिल हैं।
ये भी पढ़ें- Bangladesh: खालिदा जिया की मौत की जिम्मेदार शेख हसीना, बीएनपी का बड़ा आरोप; प्रतिशोध में भेजा गया था जेल
उमर खालिद के परिजनों ने अमेरिकी सांसदों से की थी मुलाकात
अमेरिकी सांसदों ने चिट्ठी में भारतीय लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति सम्मान दिखाया लेकिन ये भी सवाल किया कि सुनवाई शुरू हुए बगैर खालिद को इतने लंबे समय तक हिरासत में क्यों रखा गया है। उन्होंने कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय कानूनी नियमों के खिलाफ है। उन्होंने पूछा कि बीते पांच साल में न्यायिक सुनवाई शुरू क्यों नहीं हो सकी है? अमेरिकी सांसदों ने उस कानून को लेकर भी चिंता जताई, जिसमें बिना सुनवाई के आरोपी को लंबे समय तक हिरासत में रखा जा सकता है। मैकगवर्न ने बताया कि उन्होंने हाल ही में वॉशिंगटन में उमर खालिद के परिजनों से मुलाकात की थी।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.
विज्ञापन
विज्ञापन