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होर्मुज पर बढ़ी रार: ईरानी नौसेना बोली- पहले जैसे नहीं होंगे हालात; इराकी संगठन ने भी दी US-इस्राइल को धमकी
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेहरान
Published by: Devesh Tripathi
Updated Mon, 06 Apr 2026 01:01 PM IST
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सार
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरान के लिए निर्धारित समय सीमा खत्म होने वाली है। इस बीच ट्रंप ने एक और अल्टीमेटम जारी कर दिया है। अमेरिकी मीडिया एक्सियोस ने रविवार को सूत्रों का हवाला देते हुए बताया कि अमेरिका, ईरान और क्षेत्रीय मध्यस्थों का एक समूह संभावित 45-दिवसीय युद्धविराम की शर्तों पर चर्चा कर रहा है, जिससे युद्ध का स्थायी अंत हो सकता है।
होर्मुज जलडमरूमध्य में ड्रिल करते ईरानी सैनिक
- फोटो : ANI/Reuters
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विस्तार
पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच ईरानी नौसेना ने एलान किया कि होर्मुज जलडमरूमध्य में हुए परिवर्तन अब बदले नहीं जा सकेंगे। ईरानी नौसेना ने कहा कि खासतौर से अमेरिका और इस्राइल जैसे देशों के लिए यह अपनी पूर्व स्थिति में वापस नहीं लौटेगा।
ईरानी मीडिया प्रेस टीवी की रिपोर्ट के अनुसार नौसेना ने हालिया क्षेत्रीय विकास को रेखांकित किया है, जिससे एक नई वास्तविकता स्थापित हुई है। इस नई हकीकत के तहत, वाशिंगटन के नेतृत्व वाली बाहरी शक्तियां अब ईरान के तत्काल समुद्री वातावरण में अपनी शर्तों को निर्धारित नहीं कर सकतीं या अनियंत्रित प्रभाव नहीं डाल सकतीं।
ये भी पढ़ें: Rescue Mission: तीन शब्दों से बची पायलट की जान, संदेश को US ने समझा ईरानी चाल; ट्रंप ने बताया कैसे किया डिकोड
फारस की खाड़ी में नई सुरक्षा व्यवस्था
प्रेस टीवी के अनुसार इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की नौसेना ने एक्स पर एक पोस्ट में यह टिप्पणी की। उन्होंने बताया कि ईरानी अधिकारियों की फारस की खाड़ी में एक नए व्यवस्था की योजना के लिए तैयारियां चल रही हैं। इस पहल का उद्देश्य फारस की खाड़ी में एक नई स्वदेशी सुरक्षा व्यवस्था स्थापित करना है। इसका सिद्धांत यह है कि क्षेत्र की स्थिरता और सुरक्षा की गारंटी स्वयं तटीय राज्यों द्वारा दी जानी चाहिए, जिसमें बाहरी ताकतों की उत्तेजक और अवैध उपस्थिति न हो।
ईरानी नौसेना की क्या है तैयारी?
प्रेस टीवी के अनुसार इन तैयारियों में नौसैनिक तैनाती में वृद्धि, उन्नत निगरानी प्रणालियां और समन्वित त्वरित प्रतिक्रिया क्षमताएं शामिल हैं। यह सब ईरानी क्षेत्रीय जल की सुरक्षा और जलडमरूमध्य के माध्यम से ऊर्जा के निर्बाध प्रवाह को सुनिश्चित करने के लिए डिजाइन किया गया है। नौसेना कमान का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस बयान पर आया है, जिसमें उन्होंने ईरान को चेतावनी दी थी कि अगर वह होर्मुज को बंद रखना जारी रखता है तो उसे नरक का सामना करना पड़ेगा।
ईरान समर्थित इराकी समूह ने भी दी धमकी
ईरान समर्थित इराकी समूह कताइब हिजबुल्लाह ने होर्मुज जलडमरूमध्य को जबरन फिर से खोलने के किसी भी प्रयास के खिलाफ कड़ी चेतावनी जारी की है। समूह ने कहा है कि यदि ऐसे कोई प्रयास किए गए तो ऊर्जा सुविधाओं पर हमला किया जाएगा।
ये भी पढ़ें: Iran Israel War: 45 दिन के युद्धविराम के लिए बातचीत जारी, रिपोर्ट में बड़ा दावा
होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का नियंत्रण
ईरान का इस महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्ग पर नियंत्रण बना हुआ है, देश के अधिकारियों ने संकेत दिया है कि होर्मुज जलडमरूमध्य अमेरिका, इस्राइल और उनके सहयोगियों से जुड़े जहाजों को छोड़कर सभी के लिए खुला रहेगा।
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फारस की खाड़ी में नई सुरक्षा व्यवस्था
प्रेस टीवी के अनुसार इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की नौसेना ने एक्स पर एक पोस्ट में यह टिप्पणी की। उन्होंने बताया कि ईरानी अधिकारियों की फारस की खाड़ी में एक नए व्यवस्था की योजना के लिए तैयारियां चल रही हैं। इस पहल का उद्देश्य फारस की खाड़ी में एक नई स्वदेशी सुरक्षा व्यवस्था स्थापित करना है। इसका सिद्धांत यह है कि क्षेत्र की स्थिरता और सुरक्षा की गारंटी स्वयं तटीय राज्यों द्वारा दी जानी चाहिए, जिसमें बाहरी ताकतों की उत्तेजक और अवैध उपस्थिति न हो।
ईरानी नौसेना की क्या है तैयारी?
प्रेस टीवी के अनुसार इन तैयारियों में नौसैनिक तैनाती में वृद्धि, उन्नत निगरानी प्रणालियां और समन्वित त्वरित प्रतिक्रिया क्षमताएं शामिल हैं। यह सब ईरानी क्षेत्रीय जल की सुरक्षा और जलडमरूमध्य के माध्यम से ऊर्जा के निर्बाध प्रवाह को सुनिश्चित करने के लिए डिजाइन किया गया है। नौसेना कमान का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस बयान पर आया है, जिसमें उन्होंने ईरान को चेतावनी दी थी कि अगर वह होर्मुज को बंद रखना जारी रखता है तो उसे नरक का सामना करना पड़ेगा।
ईरान समर्थित इराकी समूह ने भी दी धमकी
ईरान समर्थित इराकी समूह कताइब हिजबुल्लाह ने होर्मुज जलडमरूमध्य को जबरन फिर से खोलने के किसी भी प्रयास के खिलाफ कड़ी चेतावनी जारी की है। समूह ने कहा है कि यदि ऐसे कोई प्रयास किए गए तो ऊर्जा सुविधाओं पर हमला किया जाएगा।
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होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान का नियंत्रण
ईरान का इस महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्ग पर नियंत्रण बना हुआ है, देश के अधिकारियों ने संकेत दिया है कि होर्मुज जलडमरूमध्य अमेरिका, इस्राइल और उनके सहयोगियों से जुड़े जहाजों को छोड़कर सभी के लिए खुला रहेगा।
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