मदर टेरेसा बनीं 'संत टेरेसा', पोप फ्रांसिस ने दिया दर्जा
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नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित मदर टेरेसा को रविवार को वेटिकन सिटी में रोमन कैथोलिक चर्च के पोप फ्रांसिस ने संत की उपाधि दी। इस मौके पर दुनिया भर से हजारों लोग वेटिकन सिटी में इस कार्यक्रम के गवाह बने। भारत की ओर से विदेश मंत्री सुषमा स्वराज, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी मौजूद रहीं।
अपने जीवनकाल में 'गटर की संत' के नाम से दुनिया भर में मशहूर कोलकाता की मदर टेरेसा को रोमन कैथोलिक चर्च की संत बनाया गया। वेटिकन सिटी के सेंट पीटर स्क्वॉयर में कोलकाता की मलिन बस्तियों में दुनिया के सबसे ज्यादा जरूरतमंदों के बीच काम करने वाली मदर टेरेसा को सम्मानित करने के लिए पोप फ्रांसिस के नेतृत्व में 100,000 से अधिक श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
1910 में मैसेडोनिया के कोसोवर में जन्मीं टेरेसा ने 1950 में कोलकाता का रुख किया। यहां आने से पहले वह ऑटोमन, सर्बिया, बुल्गेरिया और युगोस्लाविया की नागरिक रह चुकी थीं। भारत उनका पांचवां और सबसे पसंदीदा घर बना। उनका असली नाम अगनेस गोंझा बोयाजिजू था। कोलकाता आने के बाद उन्होंने अपने नाम के साथ टेरेसा लिखना शुरु किया और आगे चलकर दुनिया ने उन्हें मदर टेरेसा के नाम से जाना।
- वेटिकन सिटी के सेंट पीटर्स स्क्वॉयर पर एक धार्मिक कार्यक्रम के बाद पोप फ्रांसिस ने मदर टेरेसा को संत घोषित किया। मदर टेरेसा को संत की उपाधि देने का फैसला वेटिकन सिटी ने उनके दूसरे 'चमत्कार' की पुष्टि होने के बाद लिया।
- मदर टेरेसा को मिली संत की उपाधि, पोप फ्रांसिस ने दी उपाधि।
Vatican: Pope Francis proclaims Mother Teresa as Saint pic.twitter.com/VI17MV7qzc
— ANI (@ANI_news) September 4, 2016
- मदर टेरेसा को संत घोषित करने का कार्यक्रम शुरू हो चुका है। कुछ ही देर में पोप फ्रांसिस मदर टेरेसा को संत की उपाधि देंगे।
- इस कार्यक्रम में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, विदेश मंत्री सुषमा स्वराज समेत कई अन्य सदस्य मौजूद हैं।
गरीबों की मसीहा थीं मदर टेरेसा
#MotherTeresa's canonisation ceremony underway at St. Peter's Square in the Vatican City pic.twitter.com/7uRJmEqvv8
— ANI (@ANI_news) September 4, 2016
- वेटिकन सिटी की तस्वीरें, मदर टेरेसा को थोड़ी देर में मिलेगी संत की उपाधि।
#MotherTeresa's canonization: Visuals from Vatican square where ceremony will commence shortly pic.twitter.com/p04EIEtGnH
— ANI (@ANI_news) September 4, 2016
- इस मौके पर वेटिकन सिटी के सिटी स्क्वेयर में तिरंगे ले पहुंचे लोग
Canonisation ceremony of Mother Teresa to be held shortly. Visuals from Vatican City Square pic.twitter.com/JCQIpoM9qy
— ANI (@ANI_news) September 4, 2016
- दुनिया भर से करीब 100,000 लाख लोग इस कार्यक्रम में शामिल होने वेटिकन सिटी में पहुंच चुके हैं।
- झारखंड की राजधानी रांची के एक चर्च में मदर टेरेसा को संत की उपाधि दिए जाने से पहले विशेष प्रार्थना की गई।
#MotherTeresa 's canonisation : Special mass held in Ranchi (Jharkhand) pic.twitter.com/HDkpD1mGOf
— ANI (@ANI_news) September 4, 2016
- बालू से तस्वीरें बनाने के लिए विख्यात चित्रकार ने इस ऐतिहासिक मौके पर मदर टेरेसा को इस आकृति के जरिए दी श्रद्धांजलि।
On the historical occasion of #canonisation of #MotherTeresa , here are some of My SandArts on the great soul, pic.twitter.com/8MIBBRU1Sc
— Sudarsan Pattnaik (@sudarsansand) September 4, 2016
- पोप फ्रांसिस ने मदर टेरेसा को संत घोषित करने से पहले ट्वीट कर उनके योगदान को याद किया।
Let us imitate Mother Teresa who made works of mercy the guide of her life and the path towards holiness.
— Pope Francis (@Pontifex) September 3, 2016
- राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने इस मौके पर कहा, ‘मदर टेरेसा गरीबों की मसीहा थीं और कमजोर तबके के लिए एक सहारा। उन्हें संत की उपाधि दिए जाने से हर भारतीयों को गर्व होगा। उन्होंने अपना पूरा जीवन गरीबों और बेसहारा लोगों की सेवा में बिता दिया। मदर टेरेसा ईश्वर के हाथ में खुद को एक छोटी सी पेंसिल के तौर पर देखती थीं और अपना काम शांतिपूर्ण तरीके से करती थीं। हमेशा उनके चेहरे पर मुस्कान रहती थी।’