'जंग के लिए इस्राइल ने नहीं उकसाया': तनाव के बीच ट्रंप का बड़ा दावा, ईरान से बातचीत को लेकर बड़े संकेत भी दिए
ईरान को लेकर बढ़ते तनाव के बीच डोनाल्ड ट्रंप का बयान कूटनीतिक हलचल बढ़ा रहा है। उन्होंने कहा कि ठोस प्रगति होने पर वे ईरान नेतृत्व से मिलने को तैयार हैं। इसके साथ ही उन्होंने अपने एक पोस्ट में इस्राइल को लेकर भी बड़ा दावा किया। आइए जानते हैं उन्होंने क्या कहा?
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ईरान को लेकर बढ़ते तनाव और कूटनीतिक खींचतान के बीच अब हालात बेहद संवेदनशील मोड़ पर पहुंचते दिख रहे हैं। बयानबाजी से लेकर बैकचैनल बातचीत तक, हर कदम पर दुनिया की नजर टिकी हुई है। इसी बीच डोनाल्ड ट्रंप ने एक ऐसा बयान दिया है जिसने सियासी गलियारों में हलचल और तेज कर दी है। ट्रंप ने साफ संकेत दिया है कि अगर बातचीत में ठोस नतीजा निकलता है, तो वह सीधे ईरान के शीर्ष नेतृत्व से आमने-सामने बातचीत करने को तैयार हैं।
दूसरी ओर ट्रंप ने ईरान के नए नेतृत्व को एक स्पष्ट और कड़ा संदेश दिया है। उन्होंने कहा है कि यदि ईरान के नेता स्मार्ट यानी समझदार हुए, तो उनके देश का भविष्य उज्ज्वल हो सकता है। यह बयान ऐसे समय आया है जब ईरान के साथ कूटनीतिक बातचीत का माहौल अनिश्चितता से भरा हुआ है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर यह टिप्पणी की, जिसने ईरान के परमाणु कार्यक्रम और भविष्य को लेकर अमेरिका के रुख पर एक बार फिर चर्चा छेड़ दी है।
इस्राइल को लेकर दावों पर क्या कहा?
अपने पोस्ट में ट्रंप ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि ईरान कभी भी परमाणु हथियार हासिल नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि 7 अक्तूबर को हुई घटनाओं ने इस राय को और भी मजबूत किया है। ट्रंप ने यह भी स्पष्ट किया कि इस्राइल ने उन्हें ईरान के साथ युद्ध में शामिल होने के लिए प्रेरित नहीं किया, बल्कि यह उनके अपने विचारों का परिणाम था। इसके साथ ही, ट्रंप ने मीडिया द्वारा फैलाई जाने वाली फेक न्यूज़" और पक्षपातपूर्ण सर्वेक्षणों पर भरोसा न करने की बात कही, जिनका उद्देश्य जनता को गुमराह करना होता है।
ये भी पढ़ें:- ईरान को लेकर कुछ खतरनाक सोच रहे ट्रंप?: व्हाइट हाउस के पोस्ट से बढ़ी चिंता, लिखा- आज सोमवार है, कोई बहाना नहीं
पाकिस्तान पहुंचेगे अमेरिकी प्रतिनिधि
इसके अलावा न्यूयॉर्क पोस्ट को दिए इंटरव्यू में ट्रंप ने बताया कि अमेरिकी टीम, जिसमें जेडी वेंस, स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर शामिल हैं, बातचीत के लिए इस्लामाबाद पहुंचने वाली है। अपने बयान में ट्रंप ने आगे इस बात पर भी जोर दिया कि अमेरिका ईरान के साथ बातचीत की तैयारी कर रहा है और उन्हें उम्मीद है कि इस स्तर पर कोई भी पक्ष खेल नहीं खेलेगा, यानी बातचीत को गंभीरता से लिया जाएगा। ट्रंप ने साफ कहा कि इस पूरी बातचीत की सबसे अहम शर्त यह है कि ईरान को अपने पास परमाणु हथियार रखने का इरादा छोड़ना होगा। उनके मुताबिक, यह एक ऐसी मांग है जिस पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
ये भी पढ़ें:- होर्मुज में अमेरिकी कार्रवाई पर भड़का ईरान: ट्रंप को दी धमकी, कहा- अभी तक नहीं सीखा कोई सबक, नहीं होगी बातचीत
ईरानी विदेश मंत्री की पाकिस्तानी विदेश मंत्री से बातचीत की
हालांकी दूसरी ओर ईरान और अमेरिका के बीच संभावित बातचीत को लेकर चल रही अनिश्चितता के बीच ईरान और पाकिस्तान के विदेश मंत्रियों के बीच फोन पर बातचीत हुई है। ईरान की समाचार एजेंसियों के अनुसार, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अपराघची ने पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार से फोन पर चर्चा की। इस बातचीत में दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय हालात और मौजूदा कूटनीतिक गतिविधियों पर बात की। यह संपर्क ऐसे समय हुआ है जब पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में ईरान और अमेरिका के बीच नए दौर की बातचीत होने को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

कमेंट
कमेंट X