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क्या पूरे खाड़ी क्षेत्र में फैलने वाला है युद्ध?: यूएई ने दी ईरान को धमकी, सऊदी अरब पर भी हूतियों का हमला
Tue, 14 Jul 2026 10:39 AM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला
Published by: नितिन गौतम
Updated Tue, 14 Jul 2026 10:39 AM IST
सार
अमेरिका और ईरान में होर्मुज को लेकर चल रही तनातनी के अब पूरे खाड़ी क्षेत्र को अपनी चपेट में ले सकती है। दरअसल तेल टैंकर पर हमले के बाद यूएई ने ईरान को जवाबी कार्रवाई की धमकी दी है। वहीं हूतियों ने भी सऊदी अरब पर मिसाइल हमला किया है।
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पश्चिम एशिया तनाव
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
पश्चिम एशिया में जारी तनाव लगातार बढ़ रहा है और अब हालात उस तरफ जा रहे हैं, जहां पूरे खाड़ी क्षेत्र में युद्ध बड़े पैमाने पर फैल सकता है। दरअसल ईरान ने ताजा हमले में होर्मुज में संयुक्त अरब अमीरात के टैंकरों को निशाना बनाया है। जिसमें एक भारतीय की मौत हुई है और कई अन्य लोग घायल हुए हैं। ईरान ने हमले की बात स्वीकार कर ली है। इसके बाद यूएई ने तल्ख तेवरों में ईरान को चेतावनी दे डाली है।
यूएई ने दी जवाबी कार्रवाई की धमकी
संयुक्त अरब अमीरात के रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार तड़के कहा कि ईरान ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य में दो टैंकरों पर हमला किया, जिसमें एक नाविक की मौत हो गई और आठ अन्य घायल हो गए। ईरान ने 'मोम्बासा' और 'अल बहियाह' नामक टैंकरों पर दो क्रूज मिसाइलें दागीं। हमले के बाद दोनों टैंकरों में आग लग गई, हालांकि बाद में आग पर काबू पा लिया गया। रक्षा मंत्रालय ने कहा, 'यूएई इस बढ़ते तनाव का जवाब देने तथा अपने क्षेत्र, अपने नागरिकों और निवासियों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने का पूरा अधिकार सुरक्षित रखता है।' मंगलवार सुबह दुबई के ऊपर लड़ाकू विमानों की आवाजें भी सुनी गईं।
हूतियों ने सऊदी अरब पर दागी मिसाइलें
अमेरिका के हमले के बाद ईरान ने कई खाड़ी देशों को निशाना बनाया है। हालांकि उसने सऊदी अरब के खिलाफ थोड़ा संयम रखा है, लेकिन अब ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर भी मिसाइल दाग दी है। अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, यमन के हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के अबहा एयरपोर्ट पर मिसाइल हमला किया है। हूतियों का कहना है कि सऊदी की तरफ से यमन में सना इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हमला किया गया था और उसी के जवाब में यह मिसाइल हमला किया गया है। एक्सियोस की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने सऊदी अरब को सना इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हमले का समर्थन दिया था। ऐसे में आशंका है कि अब सऊदी अरब भी कार्रवाई कर सकता है।
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जॉर्डन पर भी ईरान का हमला
जॉर्डन की सेना ने कहा है कि उन्होंने ईरान की तरफ से दागी गई चार मिसाइलों को इंटरसेप्ट किया है। साथ ही ईरान ने बहरीन में भी अमेरिकी सेना की पांचवीं फ्लीट पर हमले का दावा किया है। वहीं इराक में भी मिसाइल हमले हुए हैं।
अमेरिका ने होर्मुज पर टोल वसूलने की बात कही
अमेरिका होर्मुज में मुक्त आवाजाही का समर्थक रहा है और यही वजह है कि वह ईरान के होर्मुज में टोल वसूलने का विरोध कर रहा है। दोनों देशों के बीच विवाद की ये एक बड़ी वजह है। हालांकि अब अमेरिका की रणनीति में बदलाव आता दिख रहा है। दरअसल अमेरिका ने ही होर्मुज पर टोल वसूलने की बात कही है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया पर जारी एक पोस्ट में लिखा, 'अब अमेरिका को 'हॉर्मुज जलडमरूमध्य का संरक्षक' कहा जाएगा। दुनिया के इस बेहद संवेदनशील समुद्री मार्ग की सुरक्षा सुनिश्चित करने में होने वाले सभी खर्चों की भरपाई के लिए, यहां से गुजरने वाले प्रत्येक मालवाहक जहाज के माल पर 20 प्रतिशत शुल्क लिया जाएगा। इस व्यवस्था को तत्काल लागू करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।'
अमेरिकी राष्ट्रपति के इस बयान पर ईरान ने भी प्रतिक्रिया दी है। ईरान के विदेश मंत्री ने कहा है कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा हमेशा ईरान ने की है और आगे भी करता रहेगा। उन्होंने ट्रंप की इस बात से सहमति जताई कि जो देश सुरक्षित समुद्री मार्ग उपलब्ध कराता है, उसे उसके बदले उचित भुगतान मिलना चाहिए। हालांकि उन्होंने 20 प्रतिशत शुल्क को अत्यधिक बताते हुए कहा कि '20 प्रतिशत निश्चित रूप से बहुत ज्यादा है। हम न्यायसंगत शुल्क लेंगे।'
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यूएई ने दी जवाबी कार्रवाई की धमकी
संयुक्त अरब अमीरात के रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार तड़के कहा कि ईरान ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य में दो टैंकरों पर हमला किया, जिसमें एक नाविक की मौत हो गई और आठ अन्य घायल हो गए। ईरान ने 'मोम्बासा' और 'अल बहियाह' नामक टैंकरों पर दो क्रूज मिसाइलें दागीं। हमले के बाद दोनों टैंकरों में आग लग गई, हालांकि बाद में आग पर काबू पा लिया गया। रक्षा मंत्रालय ने कहा, 'यूएई इस बढ़ते तनाव का जवाब देने तथा अपने क्षेत्र, अपने नागरिकों और निवासियों की सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाने का पूरा अधिकार सुरक्षित रखता है।' मंगलवार सुबह दुबई के ऊपर लड़ाकू विमानों की आवाजें भी सुनी गईं।
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हूतियों ने सऊदी अरब पर दागी मिसाइलें
अमेरिका के हमले के बाद ईरान ने कई खाड़ी देशों को निशाना बनाया है। हालांकि उसने सऊदी अरब के खिलाफ थोड़ा संयम रखा है, लेकिन अब ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर भी मिसाइल दाग दी है। अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, यमन के हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के अबहा एयरपोर्ट पर मिसाइल हमला किया है। हूतियों का कहना है कि सऊदी की तरफ से यमन में सना इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हमला किया गया था और उसी के जवाब में यह मिसाइल हमला किया गया है। एक्सियोस की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिका ने सऊदी अरब को सना इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हमले का समर्थन दिया था। ऐसे में आशंका है कि अब सऊदी अरब भी कार्रवाई कर सकता है।
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जॉर्डन पर भी ईरान का हमला
जॉर्डन की सेना ने कहा है कि उन्होंने ईरान की तरफ से दागी गई चार मिसाइलों को इंटरसेप्ट किया है। साथ ही ईरान ने बहरीन में भी अमेरिकी सेना की पांचवीं फ्लीट पर हमले का दावा किया है। वहीं इराक में भी मिसाइल हमले हुए हैं।
अमेरिका ने होर्मुज पर टोल वसूलने की बात कही
अमेरिका होर्मुज में मुक्त आवाजाही का समर्थक रहा है और यही वजह है कि वह ईरान के होर्मुज में टोल वसूलने का विरोध कर रहा है। दोनों देशों के बीच विवाद की ये एक बड़ी वजह है। हालांकि अब अमेरिका की रणनीति में बदलाव आता दिख रहा है। दरअसल अमेरिका ने ही होर्मुज पर टोल वसूलने की बात कही है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया पर जारी एक पोस्ट में लिखा, 'अब अमेरिका को 'हॉर्मुज जलडमरूमध्य का संरक्षक' कहा जाएगा। दुनिया के इस बेहद संवेदनशील समुद्री मार्ग की सुरक्षा सुनिश्चित करने में होने वाले सभी खर्चों की भरपाई के लिए, यहां से गुजरने वाले प्रत्येक मालवाहक जहाज के माल पर 20 प्रतिशत शुल्क लिया जाएगा। इस व्यवस्था को तत्काल लागू करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।'
अमेरिकी राष्ट्रपति के इस बयान पर ईरान ने भी प्रतिक्रिया दी है। ईरान के विदेश मंत्री ने कहा है कि हॉर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा हमेशा ईरान ने की है और आगे भी करता रहेगा। उन्होंने ट्रंप की इस बात से सहमति जताई कि जो देश सुरक्षित समुद्री मार्ग उपलब्ध कराता है, उसे उसके बदले उचित भुगतान मिलना चाहिए। हालांकि उन्होंने 20 प्रतिशत शुल्क को अत्यधिक बताते हुए कहा कि '20 प्रतिशत निश्चित रूप से बहुत ज्यादा है। हम न्यायसंगत शुल्क लेंगे।'