World Updates: पाकिस्तान में आतंकी हमलों में दो पुलिसकर्मी बलिदान, लीबिया में प्रवासियों से भरी नाव पलटी
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पाकिस्तान में बड़ा आतंकी हमला, दो पुलिसकर्मियों की मौत, 34 जख्मी
पाकिस्तान का अशांत खैबर पख्तूनख्वा प्रांत एक बार फिर दहल उठा है। बुधवार को यहां दो अलग-अलग इलाकों में बड़े आतंकी हमले हुए। पहले हमले में आतंकियों ने बन्नू जिले के मिरियान पुलिस स्टेशन को निशाना बनाया। वे बारूद से भरी गाड़ी लेकर थाने में घुसने की कोशिश कर रहे थे। लेकिन सुरक्षा बलों ने मुस्तैदी दिखाई और गाड़ी को रास्ते में ही गोलियों से उड़ा दिया। इस मुठभेड़ में चार हमलावर मारे गए। हालांकि, इस भीषण धमाके और गोलीबारी में 15 पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिनमें से 10 की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है।
दूसरा हमला लोअर दीर जिले के लदाम टॉप इलाके में हुआ। यहां आतंकियों ने पहले से घात लगाकर पुलिस के एक काफिले पर धावा बोल दिया। आतंकियों ने पुलिस की गाड़ियों पर हैंड ग्रेनेड फेंके और फिर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इस अचानक हुए हमले में 2 पुलिसकर्मी मौके पर ही बलिदान हो गए, जबकि 19 अन्य जवान घायल हुए हैं। उपद्रवियों ने पुलिस की दो गाड़ियों को आग के हवाले भी कर दिया। दोनों ही घटनाओं के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके को घेर लिया है और हमलावरों की तलाश में बड़ा सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
लीबिया तट के पास प्रवासियों से भरी नाव पलटी, 50 से ज्यादा लोगों के मारे जाने की आशंका, 10 ने तैरकर बचाई जान
उत्तर अफ्रीकी देश लीबिया के पूर्वी तट के पास एक बार फिर बड़ा समुद्री हादसा हुआ है। यूरोप जा रहे करीब 60 प्रवासियों से भरी एक नाव समुद्र में पलट गई। इस दर्दनाक हादसे में कम से कम 50 प्रवासियों के मारे जाने या लापता होने की आशंका है। लापता लोगों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। तटरक्षक बलों के मुताबिक, यह हादसा मंगलवार को टोब्रुक शहर के पास बारदा द्वीप के करीब हुआ। नाव डूबने के बाद 10 प्रवासी किसी तरह तैरकर द्वीप तक पहुंचे और अपनी जान बचाई। लापता लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है।
अफ्रीका और पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और गरीबी से तंग आकर लोग बेहतर जिंदगी की तलाश में यूरोप भाग रहे हैं। साल 2011 में मुअम्मर गद्दाफी के तख्तापलट के बाद से लीबिया में अराजकता का माहौल है। इसके बावजूद यह देश प्रवासियों के लिए यूरोप जाने का सबसे बड़ा ट्रांजिट पॉइंट बना हुआ है। मानव तस्कर अक्सर प्रवासियों को असुरक्षित और छोटी नावों में ठूंस-ठूंस कर भर देते हैं, जिससे ऐसे हादसे आम हो गए हैं। पिछले महीने भी लीबिया तट पर 51 लोग लापता हो गए थे। अंतरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (आईओएम) के आंकड़ों के मुताबिक, इस साल 1 जनवरी से 16 मई के बीच ही इस समुद्री रास्ते पर 800 से ज्यादा प्रवासी अपनी जान गंवा चुके हैं या लापता हुए हैं।
ट्रंप के चेहरे वाला 1 डॉलर का नया सिक्का तैयार, अमेरिकी मिंट ने शुरू किया प्रोडक्शन
इस सिक्के को लेकर अमेरिका में एक नया विवाद भी खड़ा हो गया है। दरअसल, अमेरिकी संघीय कानून के मुताबिक देश की मुद्रा पर किसी भी जीवित राष्ट्रपति की तस्वीर लगाने पर पाबंदी है। हालांकि, कुछ खास परिस्थितियों में ट्रेजरी सेक्रेटरी के पास सिक्के ढालने और जारी करने की मंजूरी देने का अधिकार होता है, जिसके तहत इसे हरी झंडी दी गई है। ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने सोशल मीडिया पर लिखा कि यह सिक्का देशभक्ति का एक स्थायी प्रतीक है, जो अमेरिकी मूल्यों की ताकत का जश्न मनाता है। आलोचक इस कदम पर सवाल उठा रहे हैं, लेकिन ट्रंप का अपने नाम और चेहरे को इतिहास में दर्ज कराने का शौक पुराना है। इससे पहले ट्रेजरी विभाग ने मार्च में घोषणा की थी कि अमेरिकी कागजी नोटों पर भी अब राष्ट्रपति ट्रंप के हस्ताक्षर होंगे, जबकि परंपरा के मुताबिक नोटों पर केवल ट्रेजरी सेक्रेटरी और कोषाध्यक्ष के ही दस्तखत होते हैं।