AMT Cars India: भारतीय सड़कों पर एएमटी कार की बढ़ रही लोकप्रियता, खरीदने से पहले जरूर जान लें ये छह बात
Automatic Transmission Guide: शहर की भीड़भाड़ और बंपर-टू-बंपर ट्रैफिक में क्लच दबाते-दबाते पैर थक जाते हैं? लग्जरी गाड़ी भी बजट में नहीं हैं तो अब उनका इंतजार छोड़िए। क्योंकि AMT (Automated Manual Transmission) तकनीक ने आम आदमी के लिए भी ऑटोमैटिक ड्राइविंग को किफायती और मजेदार बना दिया है। चाहे आप पहली बार कार खरीद रहे हों या बजट में स्मार्ट राइड चाहते हों, एएमटी आपके लिए बेस्ट ऑप्शन हो सकता है।
विस्तार
एएमटी कारें मैनुअल और ऑटोमैटिक का एक बेहतरीन मिश्रण हैं। ये सस्ती हैं, ज्यादा माइलेज देती हैं और शहर के भारी ट्रैफिक में ड्राइविंग को तनावमुक्त बनाती हैं। हालांकि, इनकी अपनी कुछ सीमाएं हैं जिन्हें समझकर आप एक प्रो-ड्राइवर बन सकते हैं।
1. क्लच की झंझट खत्म
एएमटी कारों में क्लच पेडल नहीं होता, जिससे ट्रैफिक में बार-बार क्लच दबाने की थकान खत्म हो जाती है। ड्राइवर सिर्फ स्टीयरिंग और ब्रेक पर फोकस कर सकता है। नए ड्राइवर्स के लिए ये गियरलेस स्कूटर जैसी आसान फील देता है।
2. किफायती कीमत और आसान मेंटेनेंस
फुल ऑटोमैटिक कारों की तुलना में एएमटी सस्ती होती हैं। इनमें मैनुअल गियरबॉक्स ही होता है, जिसे इलेक्ट्रॉनिक तरीके से ऑटोमैटिक बनाया जाता है। कम जटिल सिस्टम होने से मेंटेनेंस भी जेब पर हल्का पड़ता है।
3. बेहतर फ्यूल एफिशिएंसी
एएमटी में टॉर्क कन्वर्टर नहीं होता, इसलिए ये कम ईंधन खपत करती हैं। शहर की लंबी ड्राइव और रोजाना ऑफिस कम्यूट के लिए यह बड़ा फायदा साबित हो सकता है।
4. मैनुअल मोड से मिलता है ज्यादा कंट्रोल
एएमटी का मैनुअल मोड ओवरटेकिंग, चढ़ाई और भारी ट्रैफिक में मदद करता है। ये ऑटोमैटिक की सुविधा और मैनुअल का कंट्रोल दोनों का बैलेंस होता है।
5. ट्रैफिक में क्रिप फीचर का कमाल
क्रिप फंक्शन से कार बिना एक्सीलरेटर दबाए धीरे-धीरे आगे बढ़ जाती है। शहर के जाम में ये फीचर ड्राइविंग को काफी आरामदायक बना देता है। इसी के साथ एएमटी में इंजन ब्रेकिंग सीमित हो सकती है। इससे ढलान पर मैनुअल मोड का इस्तेमाल करके स्पीड कंट्रोल करना ज्यादा सुरक्षित माना जाता है।
6. समझदारी और टाइमिंग जरूरी
हालांकि एएमटी में गियर शिफ्ट थोड़ा धीमा हो सकता है। इसलिए हाईवे या शहर में ओवरटेकिंग से पहले थोड़ी समझदारी और टाइमिंग जरूरी है।