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Car Selling vs Scrapping: पुरानी कार बेचें या स्क्रैप कराएं? सही फैसला लेने की आसान गाइड

ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अमर शर्मा Updated Thu, 08 Jan 2026 01:54 PM IST
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सार

अगर आपको अपनी पुरानी कार के लिए सही कीमत पाने में मुश्किल हो रही है, तो आप कन्फ्यूज हो सकते हैं कि इसे बेचने की कोशिश करते रहें या स्क्रैपिंग का ऑप्शन चुनें।

Is it Better to Scrap a Car or sell Old Car? A Simple Guide to Choosing the Right Option
Car Scrapping - फोटो : Adobe Stock
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विस्तार
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जब आपकी पुरानी कार के लिए बाजार में ठीक-ठाक कीमत नहीं मिलती। तो ऐसी स्थिति में अक्सर दुविधा पैदा होती है कि क्या बेचने की कोशिश जारी रखें या फिर उसे स्क्रैप करा देना ही बेहतर होगा। बहुत से लोग स्क्रैपिंग से इसलिए कतराते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि यह झंझट भरा है या इससे कम पैसा मिलेगा। हकीकत यह है कि सही विकल्प आपकी कार की उम्र, हालत, कानूनी स्थिति और उस समय आप कितना समय व मेहनत लगा सकते हैं। सब कुछ इन सब बातों पर निर्भर करता है।

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फैसला लेने से पहले क्या देखें
कोई भी कदम उठाने से पहले अपनी कार की मौजूदा स्थिति का ईमानदारी से आकलन करें। उसकी उम्र, चली हुई दूरी, इंजन और बॉडी की हालत, प्रदूषण मानकों की स्थिति और बाजार में मांग। ये सभी बातें तय करती हैं कि बेचने में फायदा है या स्क्रैपिंग ज्यादा समझदारी होगी।

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कार बेचना: कब होता है फायदेमंद
अगर आपकी कार अभी भी ठीक-ठाक हालत में है और सड़क पर चलने लायक है, तो उसे बेचना बेहतर विकल्प हो सकता है। सबसे पहले उसकी वास्तविक बाजार कीमत जानना जरूरी है। जो आप ऑनलाइन प्लेटफॉर्म या डीलरों से कोटेशन लेकर समझ सकते हैं। बिक्री से पहले किसी भी तरह का लंबित लोन, चालान या कानूनी बकाया निपटा देना जरूरी होता है।

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खरीदार मिलने के बाद आरटीओ में स्वामित्व ट्रांसफर की प्रक्रिया पूरी करना बेहद अहम है। अगर यह चरण अधूरा रह गया, तो भविष्य में कार से जुड़ी किसी भी कानूनी समस्या की जिम्मेदारी आप पर आ सकती है।

अच्छी तरह मेंटेन की गई कार के लिए आपको अपेक्षाकृत बेहतर कीमत मिल सकती है। और निजी खरीदार, डीलर या ऑनलाइन प्लेटफॉर्म जैसे कई रास्ते खुले रहते हैं। हालांकि, इसमें समय लगता है, कभी-कभी मरम्मत या कॉस्मेटिक काम करवाना पड़ता है और सही खरीदार ढूंढने में धैर्य चाहिए।

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कार स्क्रैप कराना: कब बनता है सही विकल्प
अगर आपकी कार 15 साल से ज्यादा पुरानी है, प्रदूषण मानकों पर खरी नहीं उतरती या चलाने के लिहाज से असुरक्षित हो चुकी है। तो स्क्रैप कराना ज्यादा व्यावहारिक और जिम्मेदार फैसला होता है। ऐसी कारें अक्सर ज्यादा मेंटेनेंस मांगती हैं और कानूनी रूप से भी परेशानी खड़ी कर सकती हैं।

स्क्रैपिंग के लिए हमेशा अधिकृत वाहन स्क्रैपिंग केंद्र का ही चुनाव करें। गैर-मान्यता प्राप्त कबाड़खाने में कार देने से रजिस्ट्रेशन रद्द नहीं होता, जिससे भविष्य में परेशानी हो सकती है। प्रमाणित स्क्रैप सेंटर पूरी प्रक्रिया को नियमों के तहत पूरा करते हैं और जरूरी दस्तावेज भी जारी करते हैं।

स्क्रैपिंग का सबसे बड़ा फायदा यह है कि प्रक्रिया तेज होती है, भुगतान जल्दी मिल जाता है। और अगर कार चलने की हालत में न भी हो तो मुफ्त पिकअप की सुविधा मिलती है। साथ ही, यह पर्यावरण के लिहाज से भी सही कदम है। हां, यह सच है कि स्क्रैपिंग से मिलने वाली रकम आमतौर पर बेचने की तुलना में कम होती है।

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आखिर सही फैसला कैसे लें
अगर आपकी कार मैकेनिकल रूप से ठीक है, कानूनी रूप से वैध है और बाजार में उसकी मांग है, तो बेचने का विकल्प चुनें। लेकिन अगर मरम्मत पर खर्च ज्यादा आ रहा है, कार की कीमत काफी गिर चुकी है या वह नियमों के दायरे में नहीं आती, तो स्क्रैप कराना ही बेहतर रहेगा।

फैसले में सुविधा, समय की कमी, जगह की उपलब्धता और भावनात्मक जुड़ाव जैसे पहलू भी भूमिका निभाते हैं। भावना अपनी जगह है, लेकिन आखिरकार व्यावहारिक सोच ही आपको सबसे सही और सुकून देने वाला फैसला लेने में मदद करेगी। 

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