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FASTag: फास्टैग वार्षिक पास को लेकर क्यों जारी की गई चेतावनी? धोखाधड़ी से बचने की अहम जानकारी
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Fri, 09 Jan 2026 08:15 PM IST
सार
अगर आप फास्टैग सालाना पास खरीदने या मौजूदा पास को रिन्यू कराने की योजाना बना रहे हैं, तो अधिकारियों ने आपसे सावधान रहने को कहा है। क्योंकि एक नए ऑनलाइन धोखाधड़ी के जरिए गाड़ी मालिकों को निशाना बनाया जा रहा है।
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Fastag Annual Pass
- फोटो : Adobe Stock
अगर आप FASTag (फास्टैग) का वार्षिक पास खरीदने या रिन्यू कराने की योजना बना रहे हैं, तो सतर्क रहना बेहद जरूरी है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) (एनएचएआई) ने ऑनलाइन धोखाधड़ी को लेकर चेतावनी जारी की है। क्योंकि कई फर्जी वेबसाइट और अनधिकृत लिंक लोगों को फास्टैग का सालाना पास दिलाने का दावा कर रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, इस तरह के जाल में फंसने से न सिर्फ आर्थिक नुकसान हो सकता है, बल्कि निजी जानकारी के दुरुपयोग का भी खतरा है। कुछ मामलों में लोगों को लगभग 3,000 रुपये तक का नुकसान झेलना पड़ा है।
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FASTag वार्षिक पास कहां से खरीदा जा सकता है?
एनएचएआई ने साफ किया है कि फास्टैग का वार्षिक पास केवल एक ही आधिकारिक माध्यम से उपलब्ध है। यह पास सिर्फ 'राजमार्गयात्रा' मोबाइल एप के जरिए ही खरीदा जा सकता है। इसके अलावा किसी भी वेबसाइट, सोशल मीडिया पोस्ट, मैसेज या लिंक के जरिए फास्टैग का एक साल का पास बेचे जाने का दावा पूरी तरह फर्जी है। प्राधिकरण ने कहा कि ठग ऐसे लिंक को असली जैसा दिखाते हैं, ताकि लोग वाहन और भुगतान से जुड़ी जानकारी साझा कर दें।
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एनएचएआई ने साफ किया है कि फास्टैग का वार्षिक पास केवल एक ही आधिकारिक माध्यम से उपलब्ध है। यह पास सिर्फ 'राजमार्गयात्रा' मोबाइल एप के जरिए ही खरीदा जा सकता है। इसके अलावा किसी भी वेबसाइट, सोशल मीडिया पोस्ट, मैसेज या लिंक के जरिए फास्टैग का एक साल का पास बेचे जाने का दावा पूरी तरह फर्जी है। प्राधिकरण ने कहा कि ठग ऐसे लिंक को असली जैसा दिखाते हैं, ताकि लोग वाहन और भुगतान से जुड़ी जानकारी साझा कर दें।
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फर्जी FASTag पास के मामलों में बढ़ोतरी कैसे हुई?
एनएचएआई के अनुसार, हाल के दिनों में फर्जी फास्टैग पास से जुड़ी शिकायतों में तेजी आई है। इसी को देखते हुए प्राधिकरण ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (एक्स) पर सार्वजनिक चेतावनी जारी की। इसमें साफ कहा गया कि फास्टैग का वार्षिक पास बेचने के लिए किसी अन्य प्लेटफॉर्म को अनुमति नहीं दी गई है। ऐसे फर्जी लिंक पर वाहन नंबर, फास्टैग डिटेल या पेमेंट जानकारी डालने से धोखाधड़ी का खतरा बढ़ जाता है।
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एनएचएआई के अनुसार, हाल के दिनों में फर्जी फास्टैग पास से जुड़ी शिकायतों में तेजी आई है। इसी को देखते हुए प्राधिकरण ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (एक्स) पर सार्वजनिक चेतावनी जारी की। इसमें साफ कहा गया कि फास्टैग का वार्षिक पास बेचने के लिए किसी अन्य प्लेटफॉर्म को अनुमति नहीं दी गई है। ऐसे फर्जी लिंक पर वाहन नंबर, फास्टैग डिटेल या पेमेंट जानकारी डालने से धोखाधड़ी का खतरा बढ़ जाता है।
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- फोटो : अमर उजाला डिजिटल
FASTag वार्षिक पास किसके लिए होता है और इसकी वैधता क्या है?
फास्टैग का वार्षिक पास निजी कार, जीप और वैन के लिए होता है। इंडियन हाईवे मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड के अनुसार, यह पास एक साल तक या अधिकतम 200 टोल यात्राओं तक मान्य रहता है, जो भी पहले पूरा हो जाए। इसका मकसद टोल प्लाजा पर रुकने का समय कम करना और पूरी तरह डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देना है।
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फास्टैग का वार्षिक पास निजी कार, जीप और वैन के लिए होता है। इंडियन हाईवे मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड के अनुसार, यह पास एक साल तक या अधिकतम 200 टोल यात्राओं तक मान्य रहता है, जो भी पहले पूरा हो जाए। इसका मकसद टोल प्लाजा पर रुकने का समय कम करना और पूरी तरह डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देना है।
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- फोटो : PTI
धोखाधड़ी से बचने के लिए क्या सावधानियां बरतनी चाहिए?
ऐसी ठगी से बचने के लिए कुछ जरूरी सावधानियां अपनाई जा सकती हैं:
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ऐसी ठगी से बचने के लिए कुछ जरूरी सावधानियां अपनाई जा सकती हैं:
- फास्टैग से जुड़ी कोई भी खरीद या रिन्यूअल केवल आधिकारिक बैंक एप या एनपीसीआई के MyFASTag पोर्टल से ही करें।
- कॉल, एसएमएस या व्हाट्सएप पर आए उन संदेशों को नजरअंदाज करें जिनमें QR कोड स्कैन करने या लिंक पर क्लिक करने को कहा जाए।
- हर फास्टैग लेन-देन के लिए SMS या ईमेल अलर्ट सक्रिय रखें और बैलेंस नियमित रूप से जांचते रहें।
- किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, फास्टैग नंबर या वाहन से जुड़ी जानकारी साझा न करें।
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