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Bihar: पहले हाईटेक निबंधन कार्यालय में नई व्यवस्था शुरू, रजिस्ट्री सिस्टम में बड़ा बदलाव; नए सर्किल रेट लागू
Sat, 27 Jun 2026 05:15 PM IST
पटना ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
Published by: पटना ब्यूरो
Updated Sat, 27 Jun 2026 05:15 PM IST
सार
Bihar News: बाढ़ स्थित बिहार के पहले हाईटेक अवर निबंधन कार्यालय में नए सर्किल रेट के अनुसार जमीन की रजिस्ट्री शुरू हो गई है। कार्यालय को पूरी तरह आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है, जहां अलग-अलग काउंटर, बैंकिंग सुविधा, हेल्प डेस्क, डिजिटल डिस्प्ले, पुस्तकालय और जल्द ही भोजन की व्यवस्था भी उपलब्ध होगी।
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निबंधन कार्यालय में एक छत के नीचे मिलेंगी कई सुविधाएं
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बाढ़ में बिहार के पहले हाईटेक अवर निबंधन कार्यालय में अब नए सर्किल रेट के साथ जमीन की रजिस्ट्री शुरू हो गई है। अवर निबंधक रत्नामणि केसरी ने जानकारी देते हुए बताया कि सरकार द्वारा जमीन के सर्किल रेट में की गई बढ़ोतरी के बाद अब इसी नई दर पर निबंधन किया जा रहा है। सरकार द्वारा जारी नई अधिसूचना के अनुसार, अनुमंडल के सातों प्रखंडों के शहरी क्षेत्रों में जमीन का सर्किल रेट दोगुना कर दिया गया है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह दर 1.6 गुना बढ़ाई गई है।
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जर्जर भवन से हाईटेक कार्यालय तक का सफर
अवर निबंधक रत्नामणि केसरी ने बताया कि जब उन्होंने कार्यालय का कार्यभार संभाला था, तब भवन पूरी तरह जर्जर अवस्था में था। प्रतीक्षालय की व्यवस्था नहीं थी और लोगों को बैठने में काफी परेशानी होती थी। पहले एक ही काउंटर पर कई तरह के कार्य होते थे, जिससे असुविधा होती थी। निबंधन कार्यालय में पहले दिन लगभग 20 रजिस्ट्रियां नए रेट से हुईं। सामान्यतः बाढ़ निबंधन कार्यालय में प्रतिदिन 20 से 25 जमीनों की रजिस्ट्री होती है। उन्होंने कहा कि सभी रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूरी तरह पेपरलेस करने की तैयारी की जा रही है, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी।
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हर सेवा के लिए अलग काउंटर, बैंक भी अब परिसर में
उन्होंने बताया कि अब प्रत्येक कार्य के लिए अलग-अलग नौ काउंटर बनाए गए हैं। पहले स्टांप शुल्क जमा करने के लिए लोगों को बैंक जाना पड़ता था, लेकिन अब कार्यालय परिसर में ही बैंक काउंटर की सुविधा उपलब्ध करा दी गई है। सभी काउंटर आधुनिक टोकन डिस्प्ले सिस्टम से लैस हैं, जिससे लोगों को पारदर्शी और व्यवस्थित सेवाएं मिल रही हैं।
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दिनकर की यादों को भी दिया गया विशेष स्थान
बाढ़ निबंधन कार्यालय का गौरवशाली इतिहास रहा है। राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर वर्ष 1937-38 में यहां अवर निबंधक के पद पर कार्यरत थे। उनके हस्तलिखित दस्तावेज आज भी सुरक्षित रखे गए हैं। उनकी स्मृति में कार्यालय की दीवारों पर उनकी रचनाएं प्रदर्शित की गई हैं तथा एक पुस्तकालय भी बनाया गया है। पुस्तक दान करने वालों के लिए एक विशेष रजिस्टर रखा गया है, जिसमें दानदाता का नाम, पता और मोबाइल नंबर दर्ज किया जाएगा।
जीविका दीदी चलाएंगी भोजन व्यवस्था
कार्यालय परिसर में लोगों के लिए खाने-पीने की सुविधा भी शुरू की जाएगी। इसके लिए स्थान चिन्हित कर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इस सुविधा का संचालन जीविका दीदियों के माध्यम से किया जाएगा।
आधुनिक सुविधाओं से लैस बना हाईटेक कार्यालय
बाढ़ का यह अवर निबंधन कार्यालय पूरे बिहार का पहला हाईटेक कार्यालय है, जिसका उद्घाटन हाल ही में मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग के मंत्री मदन सहनी ने किया था।
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कार्यालय में उपलब्ध प्रमुख सुविधाएं
- निबंधन, विवाह पंजीकरण और अन्य सेवाओं के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए गए।
- वातानुकूलित परिसर, उत्कृष्ट बैठने की व्यवस्था और शौचालय की सुविधा।
- 'मे आई हेल्प यू' डेस्क: लोगों की सहायता के लिए विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किया गया।
- ऑनलाइन रजिस्ट्री, विवाह निबंधन और अन्य जानकारियों के लिए डिस्प्ले बोर्ड लगाए गए हैं। साथ ही अधिकारियों के संपर्क नंबर भी प्रदर्शित किए गए हैं
- दस्तावेजों के सुरक्षित संरक्षण के लिए आधुनिक रिकॉर्ड रूम बनाया गया है।
- कार्यालय परिसर में ही बैंक कर्मचारी उपलब्ध रहते हैं, जिससे चालान और भुगतान की प्रक्रिया आसान हो गई है।