पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
फ्री ई-पेपर
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Nalanda news Two arrested in Vigilance raid in Nalanda action taken at Hilsa Sub divisional Office

Bihar: फैसले के नाम पर मांगी रिश्वत! हिलसा अनुमंडल कार्यालय में प्रधान सहायक और प्राइवेट मुंशी 22000 लेते धराए

Wed, 01 Jul 2026 09:34 PM IST
पटना ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना Published by: पटना ब्यूरो Updated Wed, 01 Jul 2026 09:34 PM IST
सार

नालंदा के हिलसा अनुमंडल कार्यालय में निगरानी विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रधान सहायक नीलम चौधरी और उनके प्राइवेट मुंशी सुनील कुमार को 22 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया। शिकायत के सत्यापन, ट्रैप और ऑडियो रिकॉर्डिंग के आधार पर दोनों के खिलाफ कार्रवाई की गई। फिलहाल दोनों से पूछताछ जारी है।
 

विज्ञापन
Nalanda news Two arrested in Vigilance raid in Nalanda action taken at Hilsa Sub divisional Office
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

Nalanda News: नालंदा जिले के हिलसा अनुमंडल कार्यालय में बुधवार को भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई की। टीम ने अनुमंडल कार्यालय की विधि शाखा के प्रधान सहायक नीलम चौधरी और उनके सहयोगी प्राइवेट मुंशी सुनील कुमार को 22 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन


अपने पक्ष में फैसला कराने के नाम पर मांगी थी रिश्वत
निगरानी विभाग के अनुसंधानकर्ता डीएसपी संजय कुमार ने बताया कि दिलीप नारायण सिंह नामक व्यक्ति ने 19 जून 2026 को निगरानी थाना, पटना में परिवाद दर्ज कराया था। शिकायतकर्ता का हिलसा अनुमंडल कार्यालय में वाद संख्या 433 M/2022 के तहत एक सिविल विवाद का मामला लंबित था। आरोप है कि अपने पक्ष में फैसला करवाने के लिए प्रधान सहायक नीलम चौधरी ने रिश्वत की मांग की थी। परिवादी का कहना था कि नीलम चौधरी अपने प्राइवेट मुंशी सुनील कुमार के माध्यम से पैसे वसूल रहे थे।
विज्ञापन


सत्यापन के बाद निगरानी विभाग ने बिछाया जाल
शिकायत मिलने के बाद निगरानी विभाग ने मामले का सत्यापन किया, जिसमें रिश्वत मांगने की पुष्टि हुई। इसके बाद निगरानी थाना कांड संख्या 78/26 दर्ज किया गया। बुधवार को निगरानी विभाग की टीम ने विशेष धावा दल का गठन कर अनुमंडल कार्यालय में जाल बिछाया। जैसे ही परिवादी ने नीलम चौधरी के निर्देश पर उनके प्राइवेट मुंशी सुनील कुमार को 22 हजार रुपये दिए, टीम ने दोनों को मौके पर ही रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। बताया गया कि इस राशि में 20 हजार रुपये प्रधान सहायक और 2 हजार रुपये मुंशी के लिए तय थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


वॉयस रिकॉर्डिंग बनी सबसे बड़ा सबूत
निगरानी विभाग ने पूरी कार्रवाई के दौरान बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी की। अधिकारियों के अनुसार रिकॉर्डिंग में प्रधान सहायक द्वारा रिश्वत लेने का निर्देश स्पष्ट रूप से दर्ज है। इसी पुख्ता साक्ष्य के आधार पर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई में निगरानी विभाग के कई इंस्पेक्टर भी शामिल थे।


यह भी पढ़ें: बिहार में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 36 अधिकारियों के तबादले, जानें किसे कहां मिली जिम्मेदारी

कार्रवाई के बाद कार्यालय में मचा हड़कंप
इस कार्रवाई के बाद हिलसा अनुमंडल कार्यालय में हड़कंप मच गया। सरकारी दफ्तरों में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी विभाग की इस कार्रवाई की क्षेत्र में व्यापक चर्चा हो रही है। फिलहाल दोनों आरोपियों को पूछताछ के लिए पटना ले जाया गया है, जहां आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed