SBI: स्टेट बैंक के कर्मचारियों ने खोला मोर्चा; कोलकाता में धरना, 25-26 मई को देशव्यापी हड़ताल का एलान
एसबीआई कर्मचारियों ने कोलकाता में 16 सूत्री मांगों के समर्थन में धरना दिया। फेडरेशन ने 25 और 26 मई को राष्ट्रव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है। भर्ती, बीमा उत्पादों की गलत बिक्री रोकने और रिक्त पद भरने की मांगें शामिल हैं।
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ऑल इंडिया स्टेट बैंक ऑफ इंडिया स्टाफ फेडरेशन ने सोमवार को एक प्रमुख प्रशासनिक कार्यालय के सामने धरना दिया। यह धरना 16 सूत्री मांगों को लेकर आयोजित किया गया था। फेडरेशन ने 25 और 26 मई को भारतीय स्टेट बैंक में दो दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल का भी आह्वान किया है।
सोमवार का यह आंदोलन फेडरेशन द्वारा पिछले सप्ताह शुरू किए गए राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शनों की श्रृंखला का हिस्सा था। यूनियन नेताओं के अनुसार, धरने में 100 से अधिक कर्मचारी शामिल हुए। फेडरेशन की कोलकाता सर्किल इकाई के नेताओं ने सभा को संबोधित किया। उन्होंने अपनी मांगों के पीछे के औचित्य को समझाया। सदस्यों से आने वाले दिनों में एक बड़े आंदोलन के लिए तैयार रहने को कहा गया।
फेडरेशन ने आरोप लगाया कि कर्मचारियों के मुद्दों को सुलझाने के द्विपक्षीय तंत्र संतोषजनक नहीं हैं। उन्होंने समझौतों के गलत कार्यान्वयन या गैर-कार्यान्वयन का दावा किया। यूनियन ने बीमा उत्पादों की बड़े पैमाने पर गलत बिक्री का भी आरोप लगाया।
क्या हैं कर्मचारियों के संगठन की मांगें?
फेडरेशन की 16 सूत्री मांगों में उप-कर्मचारियों और सशस्त्र गार्डों की भर्ती शामिल है। बीमा उत्पादों की गलत बिक्री को रोकना भी एक मुख्य मांग है। साथ ही, कर्मचारियों के रिक्त पदों को तुरंत भरने की मांग की गई है। लक्ष्य और व्यावसायिक दबाव के कारण ग्राहकों को अनुपयुक्त उत्पाद बेचे जाने का आरोप है।
आंदोलन के अगले चरण में क्या?
आंदोलन कार्यक्रम के तहत फेडरेशन पहले ही कई विरोध प्रदर्शन कर चुका है। इनमें बैज पहनकर विरोध और दोपहर के भोजन के समय प्रदर्शन शामिल हैं। सांसदों और सरकारी अधिकारियों को ज्ञापन भी सौंपे गए हैं। अगले चरण में कैंडल मार्च जुलूस और प्रस्तावित अखिल भारतीय बैंक हड़ताल शामिल है।