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Korba News: कोरबा ट्रांसपोर्ट नगर में जमीन सर्वे से हड़कंप, 30 साल के आशियाने पर खतरा; पार्षद ने किया विरोध

अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा Published by: कोरबा ब्यूरो Updated Tue, 23 Jun 2026 04:36 PM IST
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सार

कोरबा के ट्रांसपोर्ट नगर में राजस्व टीम के सर्वे के दौरान बस्तीवासियों ने जमीन कब्जाने की साजिश का आरोप लगाया। तीन दशक से बसे परिवारों का पट्टा व सुविधाएं होने के बावजूद फर्जी कागजातों से बेदखली की कोशिश, पार्षद ने किया विरोध।

survey by revenue team in Korba Transport Nagar
कोरबा ट्रांसपोर्ट नगर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार

ट्रांसपोर्ट नगर के पास कुआं भट्ठा मोहल्ले में मंगलवार सुबह हड़कंप मच गया। यहां 25 से 50 साल से रह रहे परिवारों के आशियानों पर कब्जे की कोशिश के आरोप लगे हैं। बिलासपुर से आए राजस्व विभाग के अधिकारी नपाई करने पहुंचे तो बस्ती में विरोध शुरू हो गया।



स्थानीय निवासी जाकिर ने बताया कि यह जमीन पहले एसईसीएल ने खदान के लिए अधिग्रहित की थी। बाद में जमीन भू-स्वामियों को वापस कर दी गई। आरोप है कि कुछ लोग सरकारी जमीन को राजस्व कागजातों में हेराफेरी कर कब्जाना चाहते हैं। लोगों का आरोप है कि बस्ती की जमीन दिखाकर अन्य जगहों पर कब्जे की साजिश रची जा रही है। कमलेश साहनी ने कहा कि खसरा क्रमांक 188 ख को 188 बताकर जमीन पर कब्जा करने का प्रयास हो रहा है। बस्ती के लोग पिछले तीन दशक से यहां घर बनाकर रह रहे हैं। उन्हें सरकार से पट्टा भी मिल चुका है। नगर निगम द्वारा बिजली और पानी जैसी सभी सुविधाएं दी जा रही हैं।
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'साजिश के तहत लोगों को बाहर निकाला जा रहा'
देवी प्रसाद शर्मा ने पीड़ा जताते हुए कहा कि बाहरी लोग अपनी जमीन बताकर धमकी देते हैं। उनका कहना है कि जमीन सरकारी है। कागजात में हेराफेरी कर बस्ती वासियों को बेदखल करने की साजिश चल रही है। महिलाओं और बुजुर्गों का कहना है कि वर्षों से बसे आशियाने को फर्जी दस्तावेज के सहारे उजाड़ने की कोशिश की जा रही है।
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जनप्रतिनिधि का समर्थन
सूचना मिलते ही पूर्व पार्षद शैलेंद्र सिंह भी कुआं भट्ठा पहुंचे। उन्होंने सर्वे कार्य का विरोध करते हुए इसे कब्जे की नीयत से किया गया बताया। शैलेंद्र सिंह ने कहा कि बस्ती वासियों के साथ अन्याय नहीं होने देंगे। उन्होंने जरूरत पड़ने पर सड़क से लेकर सदन तक आवाज उठाने की बात कही। बस्ती वासियों ने स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से अपने आशियाने बचाने की गुहार लगाई है।

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