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Chhattisgarh: क्राइस्ट महाविद्यालय ने वैज्ञानिक डॉ. बी सूरी बाबू को किया सम्मानित, कई महत्वपूर्ण शोध किए
अमर उजाला नेटवर्क, जगदलपुर
Published by: अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 11 Mar 2026 01:57 PM IST
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सार
सेवानिवृत्त वैज्ञानिक एवं शिक्षाविद डॉ. बी. सूरी बाबू को उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया। जगदलपुर के क्राइस्ट महाविद्यालय में यह कार्यक्रम किया गया।
डॉ. बी सूरी बाबू को किया सम्मानित
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
क्राइस्ट महाविद्यालय के विज्ञान संकाय ने सेवानिवृत्त वैज्ञानिक एवं शिक्षाविद डॉ. बी सूरी बाबू को सम्मानित किया। यह सम्मान उन्हें विज्ञान शिक्षा और शोध कार्य में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए दिया गया। डॉ. सूरी बाबू ने विद्यार्थियों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रति भी प्रेरित किया है।
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बीती शाम कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. थॉमस पी जे ने डॉ. सूरी बाबू को सम्मानित किया। उन्हें शॉल और श्रीफल भेंट किए गए। वक्ताओं ने डॉ. सूरी बाबू के लंबे शैक्षणिक जीवन की सराहना की। उन्होंने विज्ञान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण शोध कार्य किए हैं। अनेक विद्यार्थियों को शोध और नवाचार के लिए प्रेरित किया।
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उनका कार्य आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा। विज्ञान विभाग ने सूरी बाबू के व्यक्तित्व और कृतित्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने वैज्ञानिक सोच, अनुसंधान और पर्यावरण जागरूकता को बढ़ावा दिया। उनके मार्गदर्शन से कई छात्रों ने विज्ञान में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ प्राप्त की हैं।
डॉ. सूरी बाबू ने महाविद्यालय परिवार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा और शोध में निरंतर कार्य करना ही सच्चा सम्मान है। उन्होंने विद्यार्थियों को विज्ञान से समाज के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
डॉ. सूरी बाबू का योगदान
डॉ. सूरी बाबू ने विज्ञान शिक्षा को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करने पर जोर दिया। उनके शोध कार्यों ने विज्ञान के क्षेत्र को नई दिशा दी। उन्होंने छात्रों को शोध और नवाचार के लिए लगातार प्रेरित किया। पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी उनका योगदान सराहनीय रहा है।
इस अवसर पर महाविद्यालय के मैनेजर फादर जोमन उपस्थित रहे। विभागप्रमुख डॉ. अनिता नायर भी कार्यक्रम में मौजूद थीं। प्राध्यापक, सहायक प्राध्यापक और शोधार्थी भी इस समारोह का हिस्सा बने। विज्ञान संकाय के अनेक छात्र-छात्राएं भी इस सम्मान के साक्षी बने। यह कार्यक्रम महाविद्यालय परिवार के लिए एक प्रेरणादायक अवसर था।