AUS vs ENG: इंग्लैंड ने विदाई मैच में ऑस्ट्रेलिया के ख्वाजा को दिया सम्मान, गॉर्ड ऑफ ऑनर देकर किया स्वागत
ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज उस्मान ख्वाजा ने अपने करियर का आखिरी टेस्ट मैच खेला। इस दौरान इंग्लैंड के क्रिकेटरों ने उन्हें गॉर्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया।
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स्टीव स्मिथ के आउट होने के बाद ख्वाजा मैदान पर उतरे। ऑस्ट्रेलिया के लिए यह उनकी आखिरी पारी रही। ख्वाजा भी खुद को मिले इस सम्मान से अभिभूत हुए और उन्होंने इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स से हाथ मिलाया। ख्वाजा ने पहले ही घोषणा कर दी थी कि सिडनी टेस्ट उनके करियर का आखिरी मैच होगा। हालांकि, अपने विदाई टेस्ट मैच में ख्वाजा बड़ी पारी नहीं खेल सके और छह रन बनाकर आउट हुए। आउट होने के बाद जब ख्वाजा पवेलियन की ओर बढ़ रहे थे तो उन्होंने ग्राउंड को चूमा और दर्शकों का अभिवादन स्वीकार किया।
A GUARD OF HONOUR FOR USMAN KHAWAJA 🥺♥️
— Johns. (@CricCrazyJohns) January 8, 2026
- One of the finest batters in Tests in this generation. pic.twitter.com/CjCpdV2HRc
ख्वाजा के लिए अच्छी बात यह रही कि ऑस्ट्रेलिया ने आखिरी टेस्ट मैच पांच विकेट से जीतकर पांच मैचों की एशेज सीरीज 4-1 से अपने नाम की। मैच के बाद ख्वाजा ने अपने करियर का आखिरी मैच जीतने और अपने साथियों के साथ जश्न मनाने का मौका मिलने पर आभार व्यक्त किया। ख्वाजा ने कहा, इसका बहुत महत्व है। इसमें बहुत मेहनत लगी है, बहुत लंबा समय लगा है। क्रिकेट का खेल कितना शानदार है यह तो कमाल की बात है। मेरी बस एक ही इच्छा थी, जीतना। एशेज का समापन जीत के साथ करना। इससे ज्यादा मुझे कुछ और नहीं चाहिए। हालांकि मैं मैदान पर जाकर रन बनाना और विजयी रन बनाना चाहता था, लेकिन मैं बस इस आखिरी जीत के लिए आभारी हूं और अपने साथियों के साथ जश्न मनाना चाहता हूं।
खुद पर नियंत्रण रखने के बारे में बात करते हुए ख्वाजा ने कहा, यह बहुत मुश्किल था। मैं शांत दिखने की कोशिश कर रहा था, लेकिन इस तनावपूर्ण टेस्ट मैच में मुझे अपनी भावनाओं पर काबू रखना बहुत कठिन लगा। मैंने अपने पूरे करियर में अपनी भावनाओं पर नियंत्रण रखने की क्षमता पर गर्व किया है। मैंने विपक्षी टीम या किसी और को ज्यादा कुछ नहीं बताया। मुझे ध्यान केंद्रित करना बहुत मुश्किल लगा। यहां तक कि पहली पारी में भी मुझे लय में आने में कठिनाई हुई और आज भी। मेरा पूरा करियर, खासकर करियर का आखिरी दौर, प्रक्रिया, प्रक्रिया और प्रक्रिया पर ही आधारित रहा है।