पाकिस्तान फिर शर्मसार: PSL में बॉल टेम्परिंग विवाद! शाहीन-हारिस के इशारे पर फखर ने की बेईमानी? देखें वीडियो
पीएसएल में लाहौर और कराची के मैच के दौरान बॉल टेम्परिंग विवाद ने नया बवाल खड़ा कर दिया है। फखर जमां पर आरोप लगे हैं, जबकि पीसीबी जांच में जुटा है। अंपायरों के फैसले ने मैच का रुख बदल दिया और अब सभी की नजरें आगामी सुनवाई पर टिकी हैं।
विस्तार
विवाद उस समय शुरू हुआ जब आखिरी ओवर में कराची को जीत के लिए 14 रन चाहिए थे। इसी दौरान शाहीन, फखर और हारिस एक साथ गेंद पर चर्चा करते नजर आए और तीनों ने गेंद को हाथ लगाया। हारिस ने गेंद फखर दो दी। फखर ने गेंद देखी और फिर वह दूसरा हाथ गेंद पर रखकर उसे घिसते दिखे। इसके बाद फील्ड अंपायर को कुछ शक हुआ तो गेंद फखर से मांगी। आमतौर पर जब ओवर खत्म होता है या गेंद डेड हो जाती है तो तो उसे अंपायर को सौंप दिया जाता है। फिर अंपायर गेंद सौंपता है। हालांकि, यहां ओवर के बीच में ही ये तीनों गेंद से छेड़खानी करते दिखे।
This is so Shameful
— Ehtisham Siddique (@iMShami_) March 29, 2026
pic.twitter.com/DqTWMk1Mbg
मैच के निर्णायक क्षण में अंपायर फैसल अफरीदी ने गेंद को अपने पास मंगाया और उसकी बारीकी से जांच की। इसके बाद उन्होंने बांग्लादेश के दूसरे ऑन-फील्ड अंपायर शर्फूदोला के साथ लंबी चर्चा की। दोनों अंपायर इस निष्कर्ष पर पहुंचे कि गेंद के साथ जानबूझकर छेड़छाड़ की गई है। इस फैसले के तहत कराची किंग्स को पांच पेनल्टी रन दिए गए, जिससे लक्ष्य अचानक आसान हो गया। अब कराची को जीत के लिए आखिरी छह गेंदों में सिर्फ नौ रन चाहिए थे। साथ ही अंपायरों ने तुरंत गेंद को भी बदल दिया।
रोमांचक अंत में कराची की जीत
आखिरी ओवर की शुरुआत में खुशदिल शाह पहली ही गेंद पर आउट हो गए, जिससे मुकाबला फिर रोमांचक हो गया। इसके बाद हारिस रऊफ ने एक वाइड गेंद डाल दी, जिससे दबाव और बढ़ गया। लेकिन अंत में अब्बास अफरीदी ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए एक चौका और एक छक्का जड़ दिया और 19.3 ओवर में ही कराची को चार विकेट से जीत दिला दी।
Ball tampering Match fixing spot fixing inbuilt in Pakistani DNA.... pic.twitter.com/Chqv0PSdEM
— LiPuN SaNtA (@LIPUNSANTOSH) March 30, 2026
पीसीबी की प्रतिक्रिया और जांच
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। बोर्ड ने बयान जारी करते हुए कहा, फखर जमां ने मैच रेफरी की सुनवाई में अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है। अगले 48 घंटों में एक और सुनवाई होगी, जिसके बाद फैसला सुनाया जाएगा।' अगर फखर दोषी पाए जाते हैं, तो उन्हें लेवल-तीन अपराध के तहत कम से कम एक मैच का प्रतिबंध झेलना पड़ सकता है।
टेक्नोलॉजी और अंपायरिंग पर सवाल
इस घटना के बाद अंपायरिंग और तकनीक के इस्तेमाल पर भी बहस छिड़ गई है। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि गेंद कई खिलाड़ियों और अधिकारियों के हाथों से गुजरती है, ऐसे में किसी एक खिलाड़ी को दोषी ठहराना मुश्किल है। लाहौर कलंदर्स के समर्थकों का भी कहना है कि स्पष्ट सबूत के बिना किसी एक खिलाड़ी पर कार्रवाई करना सही नहीं होगा।
Fakhar Zaman doing ball tempering in a PSL game. pic.twitter.com/eNZOMA4SU0
— Sunil The Cricketer (@1sInto2s) March 29, 2026
It’s clearly ball tempering… stop defending them… pic.twitter.com/6bpuuBcJP9
— Salar Khan (@salarkhan283827) March 29, 2026
Sikandar Raza on the ball tempering issue:#HBLPSL11 pic.twitter.com/jrv8nF6tf8
— Ramzy 🇵🇰🇬🇧 (@Ramz_004) March 29, 2026
Dahej mein mila hai shamii bhaii😆😆 pic.twitter.com/5iRjomiWTG
— DR EB (@Silly_MID__ON) March 29, 2026
मैच के बाद प्रेजेंटेशन के दौरान रमीज राजा ने शाहीन से सीधे और तीखे सवाल किए। शाहीन इस दौरान कई बार जवाब देते हुए असहज नजर आए। शाहीन ने कहा, 'मुझे इसके बारे में कुछ नहीं पता, हम कैमरे में देखेंगे कि क्या हुआ। पांच रन दिए गए, अब हम कुछ नहीं कर सकते।' रमीज राजा ने इस पर आगे सवाल करते हुए अंपायरों के फैसले को लेकर स्थिति स्पष्ट करने की कोशिश की।
शाहीन की सफाई
आरोपों पर जवाब देते हुए शाहीन ने खुद को निर्दोष बताया। उन्होंने कहा, 'मैं सिर्फ अपने बारे में बोल सकता हूं। मैंने कभी गेंद की स्थिति बदलने की कोशिश नहीं की। मैं सिर्फ गेंद को सुखाने और चमकाने की कोशिश कर रहा था, तभी अंपायरों ने हमें शर्ट के नीचे सुखाने से मना किया। बिना सबूत के यह बड़ा फैसला है। मुझे अभी तक जांच के लिए नहीं बुलाया गया है।'
Ramiz Raja to Shaheen Afridi:
— Harshita Sharma (@GarvitUttam) March 29, 2026
"The ball was taken from you at the end because of the ball tempering so what are your thoughts on that?"
Shaheen Afridi:
"I don’t know about this. We will see that in cameras. We will discuss who did that." pic.twitter.com/j2f8ofri3y
यह विवाद क्रिकेट इतिहास के बड़े मामलों की याद दिलाता है, खासकर स्टीव स्मिथ और डेविड वॉर्नर से जुड़े बॉल टेम्परिंग कांड की, जिसमें खिलाड़ियों को लंबा बैन झेलना पड़ा था। अब सवाल उठ रहा है कि क्या पाकिस्तान में भी वैसी ही सख्त कार्रवाई होगी? इस पूरे मामले ने अंपायरिंग और नियमों की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या इस मामले में आगे कोई आधिकारिक जांच या सख्त कार्रवाई होती है या नहीं।