देवप्रयाग कार हादसा: गंगा में लापता तीन महिलाओं की तलाश जारी, घायल आयुष्मान को एयरलिफ्ट कर एम्स भेजा
Uttarakhand Car Accident News: देवप्रयाग से पांच किमी आगे बदरीनाथ धाम से लौट रही इनोवा मिट्टी के पांच फीट ऊंचे ढेर को पार कर तेज ढलान से 200 मीटर नीचे लुढ़कती हुई गंगा में समा गई थी। हादसे में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि तीन की तलाश जारी है। वहीं, घायल बच्चा भी खतरे से बाहर है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर मंगलवार को हुई वाहन दुर्घटना में गंगा नदी में डूबी कार से लापता हुए तीर्थ यात्रियों की खोज के लिए सर्च ऑपरेशन तीसरे दिन भी जारी रहा। इससे पहले नदी से चार शवों को निकाला जा चुका है। जबकि अभी भी तीन महिलाओं की गंगा में तलाश की जा रही है। थाना प्रभारी प्रशांत बहुगुणा ने बताया कि एसडीआरएफ और गोताखाेराें की मदद से गंगा में लापता गुड्डी देवी, जाह्नवी और नम्रता की तलाश की जा रही है।
घायल बालक एम्स रेफर
हादसे में गंभीर रूप से घायल 12 वर्षीय बालक आयुष्मान की हालत स्थित है। बृहस्पतिवार को उसे परिजन हेली से ऋषिकेश एम्स ले गए। बेस अस्पताल के डॉक्टरों की लगातार दो दिन तक कड़ी मेहनत के बाद आयुष्मान होश में आया है, लेकिन अभी वह बोल नहीं पाया था। हादसे के बाद गंभीर हालत में अस्पताल लाए गए बालक को आईसीयू में वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया था, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम उसकी लगातार निगरानी कर रही थी। उपचार के बाद बच्चे की हालत में सुधार हुआ और उसे होश आने पर वेंटिलेटर सपोर्ट हटा दिया गया।
सिर और पैर पर गंभीर चोट, कंधे में फ्रैक्चर
डॉक्टरों के अनुसार, आयुष्मान के सिर, हाथ और पैर में गंभीर चोटें आई थीं, जबकि पैर में फ्रैक्चर भी हुआ है। बताया जा रहा है कि हालत स्थिर होने के बाद बच्चा अपने पिता से इशारों बातचीत करने लगा, जिससे परिजनों ने राहत की सांस ली। इसके बाद बेहतर उपचार के लिए परिजनों ने उसे एम्स ऋषिकेश रेफर करने का अनुरोध किया। बृहस्पतिवार को प्रशासन की मदद से आयुष्मान को हेली सेवा के माध्यम से एम्स ऋषिकेश भेजा गया। बेस अस्पताल के आईसीयू नर्सिंग इंचार्ज विवेक त्यागी ने बताया कि डॉक्टरों की सतत निगरानी और उपचार के चलते बच्चे की स्थिति अब स्थिर है। उन्होंने कहा कि मेडिकल टीम ने पूरी तत्परता के साथ इलाज किया। अस्पताल के हड्डी रोग विशेषज्ञ डा. शुभ्रांशु ने बताया कि आयुष्मान के थाई, कूल्हे, कंधे में फ्रैक्चर है साथ ही सिर और छाती में भी चोटें आई हैं। उन्होंने बताया कि आयुष्मान अभी बोल नहीं पा रहा था।