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Delhi NCR News: भाजपा नेता से मिलने नूंह पहुंचे बड़ी संख्या में किसान, पुलिसबल ने निवास से बाहर निकाला
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भाजपा के अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हैं जाकिर हुसैन
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। नूंह में बुधवार को उस समय हाईवोल्टेज ड्रामा देखने को मिला जब आईएमटी रोजका मेव-सोहना में लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर धरना दे रहे किसान बड़ी संख्या में शहर पहुंच गए। किसान ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर महिलाओं और बच्चों के साथ भाजपा के अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जाकिर हुसैन के जोगीपुर रोड स्थित निवास पर पहुंचे, लेकिन वहां उन्हें नेता नहीं मिले। इसके बाद किसान उनके निवास में अंदर घुस गए। किसी प्रकार के प्रदर्शन व उपद्रव की आशंका को ध्यान में रख नूंह शहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाकर नेता के निवास से बाहर निकाला। जिसके बाद किसान अपने घरों को लौट गए। इस दौरान किसानों में भाजपा नेता को लेकर भारी रोष देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार, नौ गांवों के किसान पिछले कई वर्षों से अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं और इस मुद्दे के समाधान के लिए जाकिर हुसैन से मुलाकात करना चाहते थे। पहले उन्हें 27 अप्रैल को मिलने का समय दिया गया था, लेकिन बाद में पुलिस द्वारा सूचना दी गई कि नेता 29 अप्रैल को नूंह स्थित निवास पर उपलब्ध रहेंगे। इसी सूचना के आधार पर किसान बुधवार सुबह करीब आधा दर्जन ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर नूंह पहुंचे।
जैसे ही किसान बड़ी संख्या में निवास पर पहुंचे, शहर में यह चर्चा फैल गई कि उन्होंने घेराव कर लिया है। स्थिति को देखते हुए नूंह शहर थाना प्रभारी जितेंद्र के नेतृत्व में पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने किसानों को समझाने का प्रयास किया और बाद में उन्हें निवास परिसर से बाहर कर दिया।
इस कार्रवाई के बाद किसानों में भाजपा नेता के प्रति नाराजगी साफ तौर पर देखी गई। किसानों का कहना है कि वे अपनी समस्याओं को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से मिलने आए थे। यदि जाकिर हुसैन उपलब्ध नहीं थे, तो उन्हें पहले ही सूचित किया जा सकता था। किसानों ने चेतावनी दी कि चुनाव के समय वे इस व्यवहार को नहीं भूलेंगे और बहिष्कार का रास्ता अपना सकते हैं। वहीं, इस मामले में जाकिर हुसैन से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका मोबाइल फोन बंद मिला, जिससे उनका पक्ष सामने नहीं आ सका। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिला किसान भी शामिल रहीं, जो ट्रैक्टर-ट्रालियों में बैठकर मौके पर पहुंची थी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। नूंह में बुधवार को उस समय हाईवोल्टेज ड्रामा देखने को मिला जब आईएमटी रोजका मेव-सोहना में लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर धरना दे रहे किसान बड़ी संख्या में शहर पहुंच गए। किसान ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर महिलाओं और बच्चों के साथ भाजपा के अल्पसंख्यक मोर्चा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जाकिर हुसैन के जोगीपुर रोड स्थित निवास पर पहुंचे, लेकिन वहां उन्हें नेता नहीं मिले। इसके बाद किसान उनके निवास में अंदर घुस गए। किसी प्रकार के प्रदर्शन व उपद्रव की आशंका को ध्यान में रख नूंह शहर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाकर नेता के निवास से बाहर निकाला। जिसके बाद किसान अपने घरों को लौट गए। इस दौरान किसानों में भाजपा नेता को लेकर भारी रोष देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार, नौ गांवों के किसान पिछले कई वर्षों से अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं और इस मुद्दे के समाधान के लिए जाकिर हुसैन से मुलाकात करना चाहते थे। पहले उन्हें 27 अप्रैल को मिलने का समय दिया गया था, लेकिन बाद में पुलिस द्वारा सूचना दी गई कि नेता 29 अप्रैल को नूंह स्थित निवास पर उपलब्ध रहेंगे। इसी सूचना के आधार पर किसान बुधवार सुबह करीब आधा दर्जन ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर नूंह पहुंचे।
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जैसे ही किसान बड़ी संख्या में निवास पर पहुंचे, शहर में यह चर्चा फैल गई कि उन्होंने घेराव कर लिया है। स्थिति को देखते हुए नूंह शहर थाना प्रभारी जितेंद्र के नेतृत्व में पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने किसानों को समझाने का प्रयास किया और बाद में उन्हें निवास परिसर से बाहर कर दिया।
इस कार्रवाई के बाद किसानों में भाजपा नेता के प्रति नाराजगी साफ तौर पर देखी गई। किसानों का कहना है कि वे अपनी समस्याओं को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से मिलने आए थे। यदि जाकिर हुसैन उपलब्ध नहीं थे, तो उन्हें पहले ही सूचित किया जा सकता था। किसानों ने चेतावनी दी कि चुनाव के समय वे इस व्यवहार को नहीं भूलेंगे और बहिष्कार का रास्ता अपना सकते हैं। वहीं, इस मामले में जाकिर हुसैन से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनका मोबाइल फोन बंद मिला, जिससे उनका पक्ष सामने नहीं आ सका। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिला किसान भी शामिल रहीं, जो ट्रैक्टर-ट्रालियों में बैठकर मौके पर पहुंची थी।
