फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Delhi Election Result 2025 these 10 mistakes and Kejriwal is out of heart of Delhi Due to these big reasons

झटका: 10 चूक और दिल्ली के दिल से बाहर हो गए केजरीवाल... इन बड़े कारणों से सत्ता का चौका लगाने से चूके; पढ़ें

Mon, 10 Feb 2025 07:46 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Published by: शाहरुख खान Updated Mon, 10 Feb 2025 07:46 AM IST
सार

इस चुनाव में बीते 10 साल से दिल्ली की सत्ता पर आसीन आम आदमी पार्टी (आप) को बड़ा झटका लगा है। 2020 के चुनाव में जहां पार्टी के 62 विधायक थे अब उनकी संख्या घटकर 22 रह गई। वहीं भाजपा को इस चुनाव में 70 सीटों में से 48 सीटों पर जीत मिली हैं।

विज्ञापन
Delhi Election Result 2025 these 10 mistakes and Kejriwal is out of heart of Delhi Due to these big reasons
Delhi Election Result - फोटो : ANI

विस्तार

दिल्ली विधानसभा चुनाव में भाजपा और आप के बीच मतों का अंतर महज दो फीसदी ही रहा, मगर परिणाम में इतना बड़ा फासला बना कि आप सत्ता से दूर हो गई। आप ने 10 ऐसी बड़ी भूलें कीं, जिनके कारण वह सत्ता से चूक गई। उसे अरविंद केजरीवाल की ईमानदार नेता की छवि टूटने के अलावा कांग्रेस से गठबंधन न करने की रणनीतिक भूल खासा भारी पड़ी, जिसके चलते उसने 13 सीटें गंवाईं। 
विज्ञापन


इस चुनाव में बीते 10 साल से दिल्ली की सत्ता पर आसीन आम आदमी पार्टी (आप) को बड़ा झटका लगा है। 2020 के चुनाव में जहां पार्टी के 62 विधायक थे अब उनकी संख्या घटकर 22 रह गई। 
विज्ञापन


वहीं आठ सीटों पर विपक्ष की भूमिका निभा रही भाजपा को दिल्ली की जनता का खूब आशीर्वाद मिला। भाजपा को इस चुनाव में 70 सीटों में से 48 सीटों पर जीत मिली हैं। दिल्ली में सरकार बनाने के लिए 36 सीटों की जरूरत होती है। ऐसे में भाजपा को बहुमत से अधिक 12 सीटें मिली।
विज्ञापन
विज्ञापन


संगम विहार और त्रिलोकपुरी में सबसे कम अंतर से जीती भाजपा
संगम विहार और त्रिलोकपुरी विधानसभा में भाजपा के उम्मीदवारों को सबसे कम अंतर से जीत मिली है। संगम विहार से भाजपा उम्मीदवार चंदन कुमार चौधरी को 344 वोटों के अंतर से जीत मिली है। वहीं त्रिलोकपुरी विधानसभा से भाजपा उम्मीदवार रवि कांत 392 वोटों के अंतर से जीते हैं। वहीं जंगपुरा विधानसभा से पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया भाजपा उम्मीदवार तरविंदर सिंह मारवाह से मात्र 675 वोटों से हारे हैं।

इन बड़े कारणों से दिल्ली में सत्ता का चौका लगाने से चूके 
  • भ्रष्टाचार के मामलों में तत्कालीन सीएम केजरीवाल समेत कई बड़े नेताओं के जेल जाने को भाजपा ने तूल दिया। केजरीवाल की छवि कट्टर ईमानदार से बेईमान नेता की बनी।
  • सरकारी बंगले के रिनोवेशन पर 45 करोड़ खर्च करने, संपत्ति में 40 गुना बढ़ोतरी जैसे आरोपों का असर दिखा। केजरीवाल की आम आदमी वाली सकारात्मक छवि धुल गई।
  •  कांग्रेस से चुनाव पूर्व गठबंधन न करने से केजरीवाल की नई दिल्ली, सिसोदिया की जंगपुरा समेत 13 सीटों पर आप हारी। हार के अंतर से ज्यादा वोट कांग्रेस उम्मीदवारों को मिले।

  • भाजपा ने केजरीवाल के मुकाबले प्रवेश वर्मा को मैदान में उतारा। इस दांव की काट केजरीवाल नहीं ढूंढ़ पाए और जाटों के प्रभाव वाली सभी दस सीटें भाजपा जीत गई। 
  • केजरीवाल भाजपा के कोर वोट बैंक मध्य वर्ग में सेंध नहीं लगा पाए। इसके उलट भाजपा ने बजट में 12 लाख की आय कर से मुक्त करने की घोषणा कर 67% आबादी को साधा।  

  • आप नौकरीपेशा वर्ग को अपने साथ जोड़ने में नाकाम रही। दूसरी ओर, आठवां वेतन आयोग के गठन की घोषणा कर भाजपा इस वर्ग की नाराजगी दूर करने में कामयाब रही। 
  • पूर्वांचली वोटर को साधने में नाकाम रहने की कीमत भी आप ने चुकाई। पूर्वांचली बहुल 27 सीटों पर भाजपा ने बिहार, यूपी व दिल्ली के सौ से अधिक नेताओं को प्रचार में झोंक कर बढ़त ली।

  • सत्तारूढ़ आप पहले से जारी मुफ्त बिजली-पानी व महिलाओं की मुफ्त बस यात्रा के अलावा कोई नई योजना नहीं लाई, जबकि उसकी इन योजनाओं पर मोदी की गारंटी का दांव भारी पड़ा। 
  • यमुना में जहर मिलाने का आरोप बुरा दांव साबित हुआ। हरियाणा के सीएम ने अपने यहां यमुना जल पीकर केजरीवाल को भी ऐसा ही करने की चुनौती दे उनके आरोपों की हवा निकाल दी।
  • राजधानी के लोग खराब सड़कों, बुरी सफाई व्यवस्था, बसों की कमी से नाराज बैठे थे। इसका सत्ताधारी आप को व्यापक नुकसान उठाना पड़ा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed