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सीएए प्रदर्शन केस: दिल्ली हाईकोर्ट ने शरजील इमाम की चुनौती याचिका पर पुलिस को भेजा नोटिस
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Wed, 09 Mar 2022 04:03 PM IST
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सार
शरजील इमाम ने निचली अदालत से अपनी जमानत याचिका खारिज होने के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी है।
शरजील इमाम की पेशी
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को पूर्व जेएनयू छात्र शरजील इमाम की एक याचिका पर सुनवाई करते हुए दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। शरजील को साल 2019-20 में नागरिकता कानून(सीएए) के विरोध में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी और जामिया में किए गए प्रदर्शन के दौरान भड़काऊ भाषण देने के के मामले में गिरफ्तार किया गया था। इसी मामले में शरजील ने निचली अदालत में जमानत याचिका दायर की थी जिसे खारिज कर दिया गया था। उसी फैसले को चुनौती देते हुए शरजील ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है जिसकी सुनवाई आज हुई और कोर्ट ने इस संबंध में दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी किया है।
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जस्टिस सिद्धार्थ मृदुल और जस्टिस अनूप कुमार मेंदीरत्ता ने इस मामले की सुनवाई करते हुए दिल्ली पुलिस ने शरजील की याचिका पर जवाब मांगा है और मामले की अगली तारीख 24 मार्च तय की है। शरजील के वकील तनवीर अहमद मीर की दलीलें सुनने के बाद जस्टिस मृदुल ने दिल्ली पुलिस से पूछा चूंकि इस अपराध में सजा सात साल से कम है तो क्यों न इसे बढ़ाया जाए। ये भी पूछा कि क्या शरजील की जमानत के बाद वह गवाहों को प्रभावित कर सकता है या सबूतों से छेड़छाड़ कर सकता है।
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इस पर दिल्ली पुलिस के वकील ने कहा कि अभियुक्त पर धारा 124ए भी लगाई गई है, जिसके अनुसार उससे उम्रकैद की सजा मिलनी चाहिए। कड़कड़डूमा कोर्ट के अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश द्वारा पारित 24 जनवरी, 2022 के आदेश को चुनौती देते हुए शरजील इमाम ने कहा कि ट्रायल कोर्ट को यह मानते हुए गलत तरीके से खारिज कर दिया गया है कि विशेष अदालत के पास आरोपी को नियमित जमानत देने के लिए सीआरपीसी की धारा 439 के तहत कोई शक्ति नहीं है। यहां तक कि उन मामलों में भी जहां धारा 43डी(5) यूएपीए की अतिरिक्त बाध्यता लागू नहीं होती।