{"_id":"69b94e3d1d83ac4b810c2706","slug":"developed-india-will-be-built-with-the-determination-of-youth-ashish-sood-delhi-ncr-news-c-340-1-del1011-128159-2026-03-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"युवाओं के संकल्प से बनेगा विकसित भारत : आशीष सूद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
युवाओं के संकल्प से बनेगा विकसित भारत : आशीष सूद
विज्ञापन
विज्ञापन
- शिक्षामंत्री आशीष सूद ने किया ‘विकसित भारत-युवा कनेक्ट’ कार्यक्रम में युवाओं से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी का आह्वान
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि राष्ट्र का निर्माण केवल सरकारों से नहीं, बल्कि युवाओं के संकल्प, प्रयास और जिम्मेदारी से होता है। युवाओं के संकल्प से विकसित भारत बनेगा। मंत्री मंगलवार को डॉन बॉस्को इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में आयोजित ‘विकसित भारत–युवा कनेक्ट’ कार्यक्रम में बोल रहे थे। शिक्षा मंत्री ने छात्रों से कहा कि वे केवल अपने संस्थान के विद्यार्थी नहीं हैं, बल्कि विकसित भारत के वास्तुकार हैं, जो वर्ष 2047 तक देश को एक विकसित राष्ट्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। यह वह समय है जब स्वतंत्रता के सपनों को विकास की वास्तविकता में बदलना है। यह जिम्मेदारी आज की युवा पीढ़ी पर है। सूद ने ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्षों की विरासत का जिक्र करते हुए कहा कि यह गीत स्वतंत्रता आंदोलन में जनजागरण का प्रतीक रहा है। युवा उसी जोश और समर्पण के साथ विकसित भारत के निर्माण में जुटें। राजधानी होने के नाते दिल्ली की विशेष जिम्मेदारी है और सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि यहां का युवा परिवर्तन का नेतृत्व करे। ‘माई भारत’ पहल युवाओं में स्वयंसेवा और राष्ट्र निर्माण की भावना को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने ‘माई भारत बजट क्वेस्ट 2026’ में दिल्ली के करीब 45 हजार छात्रों की भागीदारी को एक बड़ी उपलब्धि बताया।
Trending Videos
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि राष्ट्र का निर्माण केवल सरकारों से नहीं, बल्कि युवाओं के संकल्प, प्रयास और जिम्मेदारी से होता है। युवाओं के संकल्प से विकसित भारत बनेगा। मंत्री मंगलवार को डॉन बॉस्को इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में आयोजित ‘विकसित भारत–युवा कनेक्ट’ कार्यक्रम में बोल रहे थे। शिक्षा मंत्री ने छात्रों से कहा कि वे केवल अपने संस्थान के विद्यार्थी नहीं हैं, बल्कि विकसित भारत के वास्तुकार हैं, जो वर्ष 2047 तक देश को एक विकसित राष्ट्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। यह वह समय है जब स्वतंत्रता के सपनों को विकास की वास्तविकता में बदलना है। यह जिम्मेदारी आज की युवा पीढ़ी पर है। सूद ने ‘वंदे मातरम्’ के 150 वर्षों की विरासत का जिक्र करते हुए कहा कि यह गीत स्वतंत्रता आंदोलन में जनजागरण का प्रतीक रहा है। युवा उसी जोश और समर्पण के साथ विकसित भारत के निर्माण में जुटें। राजधानी होने के नाते दिल्ली की विशेष जिम्मेदारी है और सरकार यह सुनिश्चित कर रही है कि यहां का युवा परिवर्तन का नेतृत्व करे। ‘माई भारत’ पहल युवाओं में स्वयंसेवा और राष्ट्र निर्माण की भावना को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने ‘माई भारत बजट क्वेस्ट 2026’ में दिल्ली के करीब 45 हजार छात्रों की भागीदारी को एक बड़ी उपलब्धि बताया।