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Faridabad News: मासूम का अपहरण करने के मामले में दोषी को पांच साल की सजा

Thu, 30 Jul 2026 12:46 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Thu, 30 Jul 2026 12:46 AM IST
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Convict sentenced to five years in case involving the kidnapping of an innocent child.
20 लाख रुपये में बेचने के लिए किया था अपहरण
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। ढाई साल के बच्चे को 20 लाख रुपये में बेचने की कथित साजिश के तहत घर से अपहरण के मामले में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश संदीप यादव की अदालत ने अहमद को भारतीय दंड संहिता की धारा 363 के तहत दोषी ठहराते हुए मंगलवार को पांच वर्ष के साधारण कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत ने कहा कि इतने गंभीर अपराध में नरमी बरतने से समाज में गलत संदेश जाएगा।

अदालत के रिकॉर्ड के अनुसार, सेक्टर-17 थाना क्षेत्र में 12 मार्च 2021 को इरफान ने शिकायत दी थी कि उनका करीब ढाई वर्षीय बेटा ईशान घर के बाहर गली में खेलते समय लापता हो गया। पूछताछ में पता चला कि बच्चा पड़ोसी अहमद के साथ खेल रहा था। इसके बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की। 13 मार्च 2021 को पुलिस ने अहमद को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से बच्चे को सकुशल वापस लिया।
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अभियोजन के अनुसार, जांच के दौरान सामने आया कि दोषी ने अपने साथियों के साथ मिलकर बच्चे को 20 लाख रुपये में शाहीन उर्फ सायना बानो को बेचने की योजना बनाई थी। इसी आधार पर मामले में मानव तस्करी और आपराधिक साजिश से संबंधित धाराएं भी जोड़ी गईं थीं। हालांकि, अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अहमद को धारा 363 के तहत दोषी ठहराया।
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सजा पर सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने दलील दी कि उनका मुवक्किल की आर्थिक स्थिति, मानसिक बीमारी, परिवार का एकमात्र कमाने वाला होने और पहले से जेल में बिताई अवधि का हवाला देकर नरमी की मांग की। वहीं, अभियोजन ने तर्क दिया कि दोषी ने पूर्व नियोजित योजना के तहत बच्चे को ले जाकर बेचने की कोशिश की थी, इसलिए कड़ी सजा दी जानी चाहिए।


अदालत ने अपने आदेश में कहा कि बच्चों के विरुद्ध इस प्रकार के अपराध अत्यंत गंभीर हैं और ऐसे मामलों में उदारता न्याय व्यवस्था व समाज के हित में नहीं होगी। अदालत ने दोषी पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे तीन महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। साथ ही, जेल में पहले बिताई गई अवधि का लाभ कानून के अनुसार देने के निर्देश भी दिए गए हैं।
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